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27 फरवरी, 2020|12:55|IST

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सोनिया से मिले हेमंत, कैबिनेट पर मंथन

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झारखंड में हेमंत सरकार के कैबिनेट गठन की कवायद तेज हो गई है। कैबिनेट गठन के पूर्व हेमंत सोरेन ने बुधवार को दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी से मुलाकात की। इसके बाद कांग्रेस के अन्य वरिष्ठ नेताओं के साथ मिलकर कैबिनेट के स्वरूप पर चर्चा की। 27 दिसंबर तक नई सरकार के कैबिनेट की तसवीर साफ होने की उम्मीद है। इस बीच राज्यपाल द्रौपदी मुर्मू ने बुधवार को हेमंत सोरेन को झारखंड का मुख्यमंत्री मनोनीत करते हुए सरकार गठन के लिए आमंत्रित किया है।

हेमंत सोरेन की सरकार में कैबिनेट के फार्मूले को लेकर मंथन शुरू हो चुका है। झामुमो 30 विधायकों को लेकर सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी है। कांग्रेस के 16 विधायक चुनकर आए हैं। राजद भी चुनाव पूर्व इस गठबंधन में शामिल है और पार्टी के एक विधायक को कैबिनेट में जगह मिलनी तय है। झारखंड विकास मोर्चा ने सरकार को बिना शर्त समर्थन का फैसला लिया है। कांग्रेस अध्यक्ष रामेश्वर उरांव ने स्पष्ट कहा है कि हेमंत सोरेन की सरकार अभी तीन दलों की होगी। यानी चुनाव पूर्व बने गठबंधन में झामुमो और कांग्रेस के साथ राजद शामिल है।

सात, चार और एक का फार्मूला : कैबिनेट गठन के फार्मूले को लेकर चल रही कवायद की आरंभिक जानकारी के मुताबिक झामुमो के कोटे से सबसे अधिक सात मंत्री हो सकते हैं। 16 विधायकों वाली कांग्रेस के चार मंत्री और राजद से एक मंत्री रखे जाने की तैयारी चल रही है। कांग्रेस को कैबिनेट में चार मंत्रियों के अलावा विधानसभा अध्यक्ष का पद भी मिल सकता है। कांग्रेस के शीर्ष नेताओं का संदेश है कि नई सरकार की कैबिनेट में कोई दागी विधायक मंत्री न बने। लिहाजा इसको लेकर खासी ऐहतियात बरती जा रही है।

हेमंत सोरेन का ट्वीट

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी जी से मुलाकात कर विगत चुनाव में गठबंधन की जीत पर उन्हें बधाई दी और रांची में आगामी 29 दिसंबर को शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने के लिए उन्हें न्यौता दिया। हवाईअड्डे से दिल्ली जाने से पहले उन्होंने मीडिया से बात की और कहा कि उनकी सरकार राज्य के हर व्यक्ति के चेहरे पर मुस्कान लाने के लिए काम करेगी। दिल्ली में कांग्रेस नेताओं से मिलने के बाद मंत्रिमंडल की तस्वीर भी तभी साफ होगी। हेमंत सोरेन के साथ कांग्रेस के प्रभारी आरपीएन सिंह, सह प्रभारी उमंग सिंघार और समन्वयक अजय शर्मा भी दिल्ली गए हैं।

मंत्रियों के संभावित नाम

झामुमो -- झामुमो के पास आधा दर्जन एसे विधायक चुनकर आए हैं, जो चार से सात बार चुनाव जीत चुके हैं। प्रो.स्टीफन मरांडी, नलिन सोरेन, चंपई सोरेन, दीपक बिरुआ, जोबा मांझी के नाम मंत्रिपद के लिए सबसे ऊपर है। इनके अलावा कई नए चेहरे भी विधायकों की सूची में जुड़े हैं।

कांग्रेस – कांग्रेस के तीन सबसे अनुभवी विधायक पहली कतार में खड़े हैं। कैबिनेट मंत्री के पद पर आलमगीर आलम, राजेंद्र प्रसाद सिंह और बन्ना गुप्ता का नाम सबसे ऊपर चल रहा है। रामेश्वर उरांव को विधानसभा अध्यक्ष की कुर्सी सौंपी जा सकती है। इनके अलावा महिला विधायकों के चार नए चेहरों में किसी एक को कैबिनेट में पार्टी ला सकती है।

राजद- राजद के पास कोई विकल्प नहीं है। चतरा से एक मात्र विधायक सत्यानंद भोक्ता कैबिनेट में जगह पा सकते हैं। वह भाजपा सरकार में कृषि मंत्री रह चुके हैं।

राज्यपाल को सौंपी विधायकों की सूची

राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी विनय कुमार चौबे ने बुधवार को राज्यपाल से मिलकर झारखंड की पांचवीं विधानसभा के नव निर्वाचित विधायकों की सूची सौंपी। इससे संबंधित अघिसूचना जारी होने के बाद राजभवन से सरकार गठन के लिए हेमंत सोरेन को आमंत्रण भेजा गया।

तीन पार्टी की रहेगी सरकार – रामेश्वर उरांव

डॉ रामेश्वर उरांव ने कहा कि झारखंड में झामुमो, कांग्रेस, राजद गठबंधन की सरकार गठन होने जा रही है। इसमें तीनों दलों ने चुनाव के पूर्व जनता से जो संकल्प लिये थे, उसे पूरा करेंगे। इसके लिए कॉमन मिनिमम प्रोग्राम बनेगा। सभी दलों की ओर से जनता से जो वादे किये गये हैं, उसे पूरा किया गया है। 29 दिसंबर को झारखंड सरकार बनेगी और अपना कार्यकाल पूरा करेगी। उनके लौटने के बाद घटक दलों की 27 दिसंबर को संभावित बैठक होगी और मंत्रिमंडल के स्वरूप को अंतिम रूप दिया जायेगा।

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  • Web Title: Hemant meets Sonia discuss cabinet