अपोलो हॉस्पिटल में दलित-आदिवासी डॉक्टर नहीं? राहुल गांधी के बयान पर निशिकांत दुबे का हमला
कांग्रेस सांसद और लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के इस बयान पर भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने जवाब देते हुए पूछा- क्या आपको लगता नहीं है कि यह मानसिक असंतुलन की पराकाष्ठा है?

"अपोलो हॉस्पिटल में जाकर नाम पढ़िए डॉक्टरों के। वहां पर आपको एक दलित का नाम नहीं मिलेगा। एक पिछड़े का नाम नहीं मिलेगा। एक भी आदिवासी नहीं मिलेगा।" कांग्रेस सांसद और लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के इस बयान पर भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने जवाब देते हुए पूछा- क्या आपको लगता नहीं है कि यह मानसिक असंतुलन की पराकाष्ठा है?
मां सोनिया गांधी का किया जिक्र
निशिकांत दुबे ने राहुल गांधी पर हमलावर होते हुए एक्स पर लिखा- बीमारी का भी मजाक। इसके बाद राहुल गांधी की मां सोनिया गांधी का जिक्र करते हुए लिखा- सोनिया गांधी जी बीमारी के इलाज के लिए भारत में हमेशा गंगाराम अस्पताल जाती हैं। हमेशा उनके डॉक्टर वहाँ पर अजय स्वरुप ईलाज करते हैं। डॉक्टर अजय न दलित हैं, ना आदिवासी हैं और ना पिछड़े हैं। इसके बाद सवाल करते हुए लिखा- क्या आपको लगता नहीं है कि यह मानसिक असंतुलन की पराकाष्ठा है?
संविधान और समाज में फैली असमानता
दरअसल राहुल गांधी संविधान में मौजूद समानता के बावजूद समाज में फैली असमानता का जिक्र करते हुए अपनी बात रख रहे थे। अपोलो हॉस्पिटल में एक भी दलित, आदिवासी और पिछड़े वर्ग के डॉक्टर न होने का दावा करते हुए उन्होंने आगे कहा- संविधान कहता है कि ये देश सबका है। वन मैन वन वोट, जितनी आबादी उतनी भागीदारी संविधान कहता है।
क्या बोली जनता
एक्स पर किए गए ट्वीट में एक यूजर ने निशिकांत दुबे को जवाब देते हुए लिखा- "स्मृति आंटी का काम अब ये निशिकांत आंटी को दिया गया है।" सुधीर मिश्र नामक यूजर ने राहुल को ट्रोल और निशिकांत को सलाह देने वाले अंदाज में लिखा- "कभी कभी तो लगता है, दुबे जी ठीक ही ठोकते रहते है इसको। बस पुरखों तक मत जाया करो, वो इसके जैसे बकलोली नहीं करते थे।"
लेखक के बारे में
Ratan Guptaरतन गुप्ता एक डिजिटल हिंदी जर्नलिस्ट/ कॉन्टेंट प्रोड्यूसर हैं। वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान की स्टेट न्यूज टीम के साथ काम कर रहे हैं। वह क्राइम, राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर न्यूज आर्टिकल और एक्सप्लेनर स्टोरीज लिखते हैं।
रतन गुप्ता वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में कंटेंट प्रोड्यूसर के तौर पर स्टेट न्यूज टीम में काम करते हैं। इस टीम में हिंदी पट्टी के 8 राज्यों दिल्ली-एनसीआर, राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, गुजरात से जुड़ी खबरों की कवरेज करते हैं। उनका लेखन खास तौर से क्राइम, राजनीति और सामाजिक मुद्दों पर केंद्रित रहता है।
लाइव हिंदुस्तान में बीते 2 साल से काम करते हुए रतन ने ब्रेकिंग न्यूज, राजनीतिक घटनाक्रम और कानून-व्यवस्था से जुड़ी खबरों पर लगातार लेखन किया है। इसके साथ ही वह एक्सप्लेनर स्टोरीज लिखने में भी विशेष रुचि रखते हैं, जहां जटिल मुद्दों को सरल और तथ्यपरक भाषा में पाठकों के सामने रखते हैं।
रतन गुप्ता ने बायोलॉजी में ग्रेजुएशन किया है, जिसके बाद उन्होंने भारतीय जनसंचार संस्थान, नई दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता की पढ़ाई की है। साइंस बैकग्राउंड होने के कारण उनकी न्यूज और एनालिसिस स्टोरी में साइंटिफिक टेंपरामेंट, लॉजिकल अप्रोच और फैक्ट-बेस्ड सोच साफ दिखाई देती है। वह किसी भी मुद्दे पर रिपोर्टिंग करते समय दोनों पक्षों की बात, मौजूद तथ्यों और आधिकारिक स्रोतों को प्राथमिकता देते हैं, ताकि यूजर तक संतुलित और भरोसेमंद जानकारी पहुंचे।
इसके साथ ही आईआईएमसी की एकेडमिक पढ़ाई ने उन्हें रिपोर्टिंग, न्यूज प्रोडक्शन, मीडिया एथिक्स और पब्लिक अफेयर्स की गहरी समझ दी है। इसका सीधा असर उनके लेखन की विश्वसनीयता और संतुलन में दिखाई देता है।
और पढ़ें

