
धर्म-संस्कृति, परम्पराओं से ही हमारी पहचान- लक्ष्मी नारायण भगत
लोहरदगा जिले के पेशरार प्रखण्ड के गम्हरिया गांव में करमा पूर्व संध्या समारोह आयोजित हुआ। मुख्य अतिथि लक्ष्मी नारायण भगत ने कहा कि करमा पूजा रोग मुक्त और नए वर्ष की शुरुआत का प्रतीक है। उन्होंने समाज...
लोहरदगा, संवाददाता। लोहरदगा जिले के पेशरार प्रखण्ड के गम्हरिया गांव में करमा पूर्व संध्या समारोह का आयोजन हुआ। जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में जिला राजी पड़हा बेल लक्ष्मी नारायण भगत मौजूद रहे। लक्ष्मी नारायण भगत ने कहा कि करमा पूजा हमारे लिए रोग मुक्त, नया लगन वर्ष, त्योहार प्रारंभ वर्ष के रूप में भी माना जाता है। इसमें सृष्टि को पेड़ पौधा और धरती के सेवा से ही जीवन संरचना माना जाता है। समाज के धर्म-संस्कृति, परम्परा को कायम रखना ही होगा। तभी हमारी पहचान होगी। अपने समाज में धर्मांतरण और लव जिहाद का खेल किया जा रहा है। इसे रोकने के लिए सभी को एक साथ प्रतिकार करना होगा।

नशा पान, अशिक्षा को दूर कर पेशा रोजगार को बढ़ावा देना होगा। कार्यक्रम में मुख्य रूप से बेल विरसू, देवान रामप्रसाद, कोटवार अमर, जिला राजी पड़हा भंडारी गोसाई, प्रखण्ड प्रमुख सीता देवी, रामाशीष महतो, मुखिया कमला देवी, बाबूराम, बुद्धिमान, जयमंगल, मिठू उरांव, महेंद्र, सुरेन्द्र, श्रीराम, लालदेव, लखपति, अजय, नीलमणि, आरती, बासमती आदि मौजूद हुए।

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