जंग की तपिश: होम डिलीवरी में देर होने पर गैस एजेंसियों पर गिर सकती है गाज
कोडरमा जिले में गैस सिलेंडरों की होम डिलीवरी में हो रही देरी से उपभोक्ता परेशान हैं। तेल कंपनियों ने एजेंसियों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। नियमों के अनुसार, बुकिंग के 48 घंटे के भीतर सिलेंडर की डिलीवरी अनिवार्य है, लेकिन कई क्षेत्रों में 10 दिनों तक की देरी हो रही है। एजेंसियों को चेतावनी दी गई है कि वे अपनी सेवाओं में सुधार करें।

कोडरमा, वरीय संवाददाता। कोडरमा जिले में गैस सिलेंडरों की होम डिलीवरी में हो रही देर अब गैस एजेंसियों के लिए परेशानी बढ़ाने वाली है। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद तेल कंपनियों ने कड़ा रुख अपनाया है। वैसे एजेंसियों पर गाज गिरना लगभग तय माना जा रहा है, जो उपभोक्ताओं को समय पर सेवा देने में कोताही बरत रही हैं। कोडरमा जिले में बुकिंग के बावजूद डिलीवरी में 10 दिनों तक की देर से लोग परेशान हैं। उपभोक्ताओं की शिकायत है कि एजेंसियां होम डिलीवरी के बजाय उन्हें गोदाम से सिलेंडर ले जाने पर मजबूर कर रही हैं। नियमों के मुताबिक, बुकिंग के 48 घंटे के भीतर सिलेंडर घर तक पहुंचना अनिवार्य है, लेकिन इस मानक का उल्लंघन हो रहा है।
शहर के कई मोहल्लों में यह देखा गया है कि डिलीवरी वैन मुख्य सड़कों से ही वापस लौट जाती है और संकरी गलियों या दूर-दराज के घरों में सिलेंडर पहुंचाने से मना कर देती है। तेल कंपनियों ने सख्त निर्देश दिया है कि यदि उपभोक्ता ने होम डिलीवरी का शुल्क चुकाया है, तो सिलेंडर उसके दरवाजे तक पहुंचना चाहिए। अब नॉन-होम डिलीवरी' की शिकायतों पर भी कठोर कार्रवाई की जाएगी। एजेंसियों को चेतावनी दी गई है कि वे अपने डिलीवरी सिस्टम को दुरुस्त करें और स्टाफ की संख्या बढ़ाएं ताकि वेटिंग को कम किया जा सके।
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