झारखंड ट्रेजरी घोटाले में ऐक्शन में CID, जब्त होगी आरोपियों की संपत्ति

Mohammad Azam हिन्दुस्तान, रांची
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सीआईडी की एसआईटी ने बोकारो और हजारीबाग कोषागार से फर्जी निकासी के मामले में आरोपियों की संपत्ति का खाका तैयार कर लिया है। केस में अबतक गिरफ्तार आरोपियों को मिली पूरी सैलरी के साथ उनके द्वारा अर्जित चल-अचल संपत्ति का आकलन किया गया है।

झारखंड ट्रेजरी घोटाले में ऐक्शन में CID, जब्त होगी आरोपियों की संपत्ति

सीआईडी की एसआईटी ने बोकारो और हजारीबाग कोषागार से फर्जी निकासी के मामले में आरोपियों की संपत्ति का खाका तैयार कर लिया है। केस में अबतक गिरफ्तार आरोपियों को मिली पूरी सैलरी के साथ उनके द्वारा अर्जित चल-अचल संपत्ति का आकलन किया गया है। एसआईटी सूत्रों के मुताबिक, केस में आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दायर किए जाने के बाद अलग से भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 107 के तहत संपत्ति जब्ती की कार्रवाई होगी।

एसआईटी सूत्रों के अनुसार, धारा-107 में अपराध से अर्जित संपत्ति और उसकी मनी लाउंड्रिंग से अर्जित संपत्ति जब्त करने का प्रावधान है। इसके तहत केस के अनुसंधान पदाधिकारी के द्वारा सीआईडी एसपी के माध्यम से विशेष कोर्ट को प्रस्ताव भेजा जाएगा, जिसमें राशि की फर्जी निकासी की शुरुआत को डेडलाइन मान आरोपियों की संपत्ति को अपराध से अर्जित संपत्ति माना जाएगा।

शंभू गुप्ता ने कई शहरों में अर्जित की है संपत्ति

हजारीबाग में ट्रेजरी से निकासी के मामले में आरोपी लेखापाल शंभू कुमार गुप्ता के नाम पर कई अचल संपत्तियों का खुलासा हुआ है। वहीं एक दर्जन से अधिक खातों में ट्रांजेक्शन के साक्ष्य एसआईटी को मिले हैं। शंभू ने हजारीबाग के दीपूगढ़ा में जमीन और आलीशान मकान के अलावा गयाजी की अनुग्रह कॉलोनी और मुस्तफाबाद, एयरपोर्ट रोड, बोधगया के आसपास तकरीबन नौ प्लॉट की खरीद की थी। गया के रजिस्ट्री कार्यालय से जमीन की रजिस्ट्री संबंधी दस्तावेज भी जुटाए गए हैं। हजारीबाग केस में शंभू व उसकी पत्नी काजल की भी गिरफ्तारी हुई है। काजल के बैंक खातों के अलावा चतरा, मुंबई, गयाजी, पलामू, पांकी, हजारीबाग, औरंगाबाद, जहानाबाद से ऑपरेट हो रहे 14 बैंक खातों में संदिग्ध ट्रांजेक्शन मिले हैं। हजारीबाग के केस में ही आरोपी रजनीश ने रांची के तिलता और हजारीबाग के मासीपीढ़ी में जमीन की खरीद की है। हजारीबाग सदर अंचल में भी रजनीश ने 2018 से अबतक 23 डिसमिल जमीन खरीदी है।

कौशल की पत्नी के खाते में ट्रांसफर हुए थे पैसे

जांच में कौशल के बैंक खातों की जांच में भी उसके खातों से पत्नी अनु पांडेय के खातों में ट्रांजेक्शन मिले थे। वहीं पुलिस की सैलरी मद के अलावा टीए-डीए व पुरस्कार की राशि में भी फर्जीवाड़ा कर पैसों की निकासी की पुष्टि हो चुकी है। अनु पांडेय के खाते से अधिकतम राशि कौशल के खाता 0033137178417 में हस्तांतरित की गई थी। एक दारोगा के वेतन मद में 3.15 करोड़ की निकासी की जांच में यह बात सामने आई थी कि सैलरी की राशि खाता संख्या 42945898462 में वित्तीय वर्ष 2024-25 के माह मई 2024 से मार्च 2026 तक भेजी गई थी। खाता संख्या 42945898462 कौशल पांडेय ने अपनी पत्नी के नाम पर ही खोल रखा था।

घोटाले का मास्टरमाइंड है कौशल पांडेय

हजारीबाग, बोकारो और चाईबासा में पुलिस के वेतन समेत अन्य मदों से फर्जी निकासी मामले का मास्टरमाइंड बोकारो के लेखपाल कौशल कुमार पांडेय को माना जा रहा है। बोकारो में फर्जीवाड़ा सामने आने के बाद जब चाईबासा में ट्रेजरी अफसर के बयान के बाद देवनारायण मुर्मू की गिरफ्तारी हुई, तब कौशन पांडेय के मास्टरमांइंड होने की लगभग पुष्टि हो गई। इतना ही नहीं, हजारीबाग केस में आरोपी रहे पुलिसकर्मी पूर्व में कौशल पांडेय के साथ पलामू जिले में पोस्टिंग के दौरान काम चुके हैं। जांच में बोकारो ट्रेजरी से फर्जी निकासी की पुष्टि हो चुकी है।

कौशल ने राशि का निवेश सोना-चांदी खरीद में किया

एसआईटी को जानकारी मिली है कि ट्रेजरी से निकासी के आरोपी बोकारो के लेखापाल कौशल कुमार पांडेय ने फर्जी निकासी के जरिए अर्जित अवैध राशि का सोने-चांदी में निवेश किया। उसकी पत्नी अनु पांडेय के खाते में जमा 58 लाख और कौशल के खाते में जमा नौ लाख पहले ही फ्रिज किए जा चुके हैं। वहीं बोकारो केस में आरोपी जमादार अशोक भंडारी ने बोकारो के तेलीडील में चार डिसमिल जमीन पर तीन तल्ला मकान और 1.93 करोड़ जब्त किए जा चुके हैं।

● 07 अप्रैल : बोकारो स्टील सिटी थाने में अवैध निकासी से जुड़ा केस दर्ज। एफआईआर के बाद बोकारो पुलिस ने कौशल को जेल भेजा

● 08 अप्रैल : हजारीबाग के लोहसिंघना थाने में अवैध निकासी का केस दर्ज, तीन पुलिसकर्मी और दो पुलिसकर्मियों की पत्नी को जेल

● 24 अप्रैल : सरकार के आदेश पर सीआईडी ने केस टेकओवर कर जांच शुरू की। एसआईटी की जांच आगे बढ़ने के साथ कई खुलासे

● 27 अप्रैल : बोकारो एसपी के लेखा शाखा में कार्यरत होमगार्ड जवान सतीश को गिरफ्तार किया गया। खाते में 1.10 करोड़ का मनी ट्रेल

● 29 अप्रैल : कौशल पांडेय का सहयोगी जमादार अशोक भंडारी को किया गया गिरफ्तार।

● 08 मई : उच्चस्तरीय जांच टीम बोकारो पहुंची। टीम प्रमाणित प्रतियां अपने साथ लेकर रांची लौटी

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