DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

टाटा स्पंज आयरन लिमिटेड में बीके डिंडा की यूनियन को मान्यता

टाटा समूह के अधिग्रहण के बाद टाटा स्पंज आयरन लिमिटेड (टाटा स्पंज) के नाम से संचालित उषा मार्टिन लिमिटेड का एक बार फिर नाम बदल गया है। यह कंपनी अब टाटा स्टील लॉन्ग प्रोडक्ट लिमिटेड के नाम से संचालित होगी।

कंपनी के नाम परिवर्तन के साथ सरायकेला-खरसावां जिले में स्थित कंपनी की नई इकाई का नाम बदल गया है। कर्मचारियों के प्रतिनिधित्व के लिए टाटा कामगार यूनियन नए कलेवर के साथ मूल अस्तित्व में आ गई है। टाटा वर्कर्स यूनियन की राजनीति में लंबी पारी खेलने वाले मजदूर नेता बीके डिंडा को यूनियन का पहला अध्यक्ष बनाया गया है। सोमवार को डिंडा ने कंपनी परिसर में यूनियन पदाधिकारियों को लेकर प्रबंधन के साथ अनौपचारिक परिचयात्मक बैठक की। इसमें सौहाद्रपूर्ण वातावरण में यूनियन व कंपनी के परिचालन को लेकर चर्चा की गई। निर्णय लिया गया कि यूनियन के निबंधन की प्रक्रिया को पूरा कर लिया जाएगा।

डिंडा ने टीडब्ल्यूयू के बाद शुरू की दूसरी पारी

टाटा वर्कर्स यूनियन के पूर्व महामंत्री बीके डिंडा ने 36 वर्षों के सेवा काल में कुल 33 वर्ष मजदूर राजनीति को समर्पित किया। टाटा वर्कर्स यूनियन में विभिन्न पदों पर रहते हुए अंतिम तीन सत्रों 2009 से 2018 तक लगातार महामंत्री के रूप में सेवाएं दीं। टाटा स्टील लॉन्ग प्रोडक्ट लिमिटेड की यूनियन में बीके डिंडा दूसरी पारी शुरू कर रहे हैं। डिंडा वर्तमान में दर्जन से ज्यादा यूनियन में अलग-अलग पदों पर सेवाएं दे रहे हैं।

कंपनी में 750 से अधिक कर्मचारी

टाटा स्टील लॉन्ग प्रोडक्ट लिमिटेड में करीब 750 से अधिक कर्मचारी कार्यरत हैं। कंपनी में गठित होने वाली नई यूनियर पर मजदूर राजनीति के सभी दिग्गज नेताओं की निगाहें थीं। इस यूनियन के नए अध्यक्ष के रूप में राकेश्वर पांडेय, आर रवि प्रसाद, पीएन सिंह, रघुनाथ पांडेय से लेकर शहनवाज आलम तक के नाम की चर्चा थी। आखिरकार बाजी बीके डिंडा के हाथ लगी।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:Recognition of BK Dinda s Union in Tata Sponge Iron Limited