DA Image
1 जनवरी, 2021|6:31|IST

अगली स्टोरी

सोना तस्करी में मामू मियां के सम्पर्क में था माजिद, इनाम अली था मददगार

सोना तस्करी में मामू मियां के सम्पर्क में था माजिद, इनाम अली था मददगार

जमशेदपुर से पकड़ा गया दाऊद इब्राहिम का गुर्गा अब्दुल माजिद कुट्टी सोना की तस्करी में गुजरात के पोरबंदर स्थित मामू मियां (दाऊद के सहयोगी) के सम्पर्क में था। इसकी जानकारी जमशेदपुर में उसे पनाह देने वाले इनाम अली को भी थी। मोहम्मद माजिद कुट्टी का यह नाम भी इनाम को मालूम था। मामू मियां से सम्पर्क के बाद उसने दुबई में इनाम को यह बताया था। वर्ष 2000 में अब्दुल माजिद कुट्टी दुबई से बैंकॉक होकर जमशेदपुर आया था। उसे लेने के लिए इनाम कोलकाता एयरपोर्ट पर गया था। उसको लेकर वह सीधे टेल्को के बारीनगर स्थित अपने घर में आया था। इसका खुलासा पूछताछ में हुआ है।

बैंकॉक से भी था इनाम से सम्पर्क में था माजिद

कुट्टी अबू सलेम के कहने पर बैंकॉक पहुंचा था। इससे पहले वर्ष 1996 में हथियारों के लिए कुट्टी द्वारा भेजे गए दो युवक मोहम्मद फजल और मोहम्मद उस्मान को मेहसाणा में गुजरात की एटीएस ने पकड़ लिया था। इसकी सूचना ज्योंहि अबू सलेम को मिली तो उसने कुट्टी को तत्काल मुंबई छोड़ने को कहा था। उसके बाद कुट्टी मुंबई से दुबई गया और दुबई से बैंकॉक चला गया। वहां से भी वह इनाम अली से सम्पर्क में था।

जमशेदपुर पहुंचते ही माजिद ने नकली पासपोर्ट जला दिया

बैंकॉक में करीब 6 महीने तक रहने के बाद माजिद वर्ष 2000 में जमशेदपुर पहुंचा और यहां टेल्को के बारीनगर में रहा। भारत आने के लिए भी उसने फर्जी पासपोर्ट का इस्तेमाल किया था। बैंकॉक से जमशेदपुर पहुंचते ही उसने नकली पासपोर्ट को जला दिया। उसके बाद उसने फर्जी पासपोर्ट बनाने के लिए इनाम को तैयार किया। इनाम को अब्दुल माजिद कुट्टी का असली नाम मालूम था। इसलिए उसने मोहल्ले में रहने वाले एक कमाल नामक व्यक्ति के नाम पर ही उसका नामकरण किया और उसके बाद भी दोनों पटना चले गए।

10 हजार रुपये में बनाया पासपोर्ट : पटना में एक एजेंट को उनलोगों ने पासपोर्ट बनाने के लिए उस वक्त 10 हजार रुपये दिए। इतनी राशि मिलने के बाद एजेंट ने उनसे कहा कि अब आपलोग चले जाइए, पासपोर्ट घर तक पहुंच जाएगा। उसके बाद जांच की प्रक्रिया होने के बाद 10 हजार रुपये में बना कुट्टी का पासपोर्ट उसके घर तक पहुंच गया। यह पासपोर्ट बनने के एक महीने के बाद कुट्टी ने दोबारा बैंकॉक की उड़ान भरी। उसके बाद वहां से मलेशिया चला गया।

मामू मियां से थे गहरे संबंध : एटीएस को जांच में इस बात का पता चला कि गुजरात के पोरबंदर का रहने वाला दाऊद इब्राहिम का गुर्गा मामू मियां सोने की तस्करी करता था। इसके चलते कुट्टी से उसका संबंध था। एटीएस सूत्रों का कहना है कि कुट्टी की गिरफ्तारी से मामू मियां बुखारी के सूत्र का पता चलेगा। मामू मियां दाऊद इब्राहिम का गुर्गा है, जिसे वर्ष 1993 में बड़ा कॉस्ट पोरबंदर में आरडीएक्स और हथियार लेने के मामले में पकड़ा गया था। बाद में उसे बरी कर दिया गया, उसपर गुजरात प्रशासन ने टाडा लगाया था। उसकी गिरफ्तारी वर्ष 2005 में हुई थी।

असलम से संबंधों की जांच : एटीएस गुजरात की टीम 26 जून को गिरफ्तार असलम शेख से संबंधों की जांच भी कुट्टी से कर रही है। असलम शेख विशु सूरत का निवासी है। शेख अपना नाम बदलकर लाला भाई पटेल रखे हुए था। उसने एक नर्स से शादी की है।

  • Hindi News से जुड़े ताजा अपडेट के लिए हमें पर लाइक और पर फॉलो करें।
  • Web Title:Majid was in contact with Mamu Mian in smuggling gold Inam Ali was helpful