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डीएनए टेस्ट ही खोलेगा राज आखिर कौन किसका पुत्र या पुत्री

पांच मिनट के अंतराल में दो प्रसव हुआ, इससे हो गयी गड़बड़ी, शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल में बुधवार की रात एक साथ दो गर्भवती महिलाओं का प्रसव...

डीएनए टेस्ट ही खोलेगा राज आखिर कौन किसका पुत्र या पुत्री
हिन्दुस्तान टीम,हजारीबागFri, 08 Dec 2023 12:30 AM
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हजारीबाग हमारे प्रतिनिधि
शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल में बुधवार की रात एक साथ दो गर्भवती महिलाओं का प्रसव हुआ। एक नवजात लड़का है तो दूसरी लड़की। मुकेश यादव ने इस संबंध में सदर थाना में आवेदन देकर बच्चा बदलने का आरोप लगाया है। कहा कि बुधवार को दोपहर 12 बजे हम लोग अस्पताल पहुंचे। जहां एडमिट करके जांच की प्रक्रियाएं पूरी की गई। शाम सात बजे के करीब मेरी पत्नी शोभा कुमारी को ओटी में ले जाया गया। कुछ देर बाद नर्स बच्चे को लेकर हम लोग के पास पहुंची और कहा कि बधाई हो बेटा हुआ है। हम लोगों से बेटा होने का रिसीव भी करवा लिया गया। नर्सों ने बख्शीश मांगा भी मांगी। कुछ देर बाद यह बताया गया कि शोभा कुमारी ने बेटी को जन्म दिया है। मुकेश यादव का कहना है कि आखिर ऐसा कैसे हो सकता है। मेरे बच्चे को बदल लिया गया है।

वहां मौजूद नर्स निभा सिंह और वोटिंग इंचार्ज किरण कुमारी ने बताया कि महज पांच मिनट के अंतराल में इटखोरी निवासी मुकेश यादव की पत्नी शोभा कुमारी का और बड़कागांव निवासी दीपिका देवी का प्रसव हुआ। पहले दीपिका ने बेटे को जन्म दिया और तुरंत पांच मिनट बाद शोभा कुमारी ने बेटी को जना। ऑपरेशन कर रहे डॉ पूजाश्री और राजलक्ष्मी ने दोनों नवजातों को हमारे हाथों में दिया। हम लोगों से यह बताने में गलती हो गयी और शोभा के परिजन को बता दिया कि बेटा हुआ है। इधर सदर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर ललित कुमार ने कहा कि अब तक की जांच में दोनों बच्चों का जन्म महज पांच मिनट के अंतराल में हुआ। डॉक्टर ने दोनों पेशेंट को स्पष्ट रूप से बताया कि किसका बेटा और किसकी बेटी हुई लेकिन नर्सो से यह गलती हुई कि जिसकी बेटी हुई उसे बेटा दे दिया और जिसका बेटा हुआ था उसके परिजन को बेटी दे दिया। बाद में इस कंफ्यूजन को डॉक्टर ने दूर भी किया। फिर भी संतुष्टि नहीं है इसके लिए डीएनए टेस्ट होगा।

हॉस्पिटल सुपरीटेंडेंट डॉ विनोद कुमार ने बताया कि अब तक की जांच पड़ताल में पाया गया कि नर्सों से बोलने में गलती हुई। वहां मौजूद चिकित्सकों ने जन्म देने वाली माता को स्पष्ट रूप से बताया है कि किनका बेटा और किनकी बेटी हुई है। बाहर में बताने में गड़बड़ी हुई। अस्पताल में उपलब्ध दोनों का बीएसटी एकदम साफ सुथरा है। कहीं भी छेड़छाड़ नहीं हुई है। फिर भी अभी यह मामला मातृत्व विवाद से जुड़ा है। ऐसे में अब कोर्ट ही निर्णय करेगा कि कौन किसका बच्चा है। इसलिए हमने कह दिया है कि प्रावधानों के तहत डीएनए टेस्ट करना अनिवार्य है। तत्काल दोनों बच्चे आईसीयू में रखे गए हैं।

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