जलस्रोत सूखने से भीषण गर्मी में पेयजल के लिए त्राहिमाम
देवरी क्षेत्र के गांवों में गर्मी के कारण जलस्रोत सूखने की कगार पर हैं। पेयजल की कमी से लोग और पशु परेशान हैं। 27 पंचायतों में जलजीवन मिशन के तहत नल से पानी पहुंचाने की योजना थी, लेकिन केवल 19 पंचायतों में काम अधूरा रह गया। ग्रामीणों ने प्रशासन से टैंकलोरी द्वारा पानी की व्यवस्था की मांग की है।

देवरी, प्रतिनिधि। अप्रैल महीने के अंतिम सप्ताह आने के पूर्व ही प्रचंड धूप एवं भीषण गर्मी के प्रकोप से देवरी अंचल क्षेत्र के विभिन्न गांवों में अवस्थित कुआं, नदी, तालाब, चापानल आदि जलस्रोत सूखने के कगार पर पहुंच गया है। जिसके कारण आम लोगों समेत मवेशियों व पशु पक्षियों को भी पेयजल के लिए परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र के गांवों में पेयजल की सुदृढ़ व्यवस्था नहीं की गई तो ज्येष्ठ महीने की दोपहरिया गर्मी पड़ते ही लोगों को पानी के लिए तरसना पड़ सकता है । इस सम्बंध में बताया जाता है कि देवरी के कुल 27 पंचायतों में जलजीवन मिशन के तहत सभी घरों में नल से पानी पहुंचाने की स्वीकृति मिली थी।
जिसके तहत अंचल के मात्र 19 पंचायतों में ही जीर्ण शीर्ण अवस्था में पानी टंकी को लगाकर पाइपलाइन बिछाकर सभी कार्य अधूरा छोड़ संवेदक फरार हो गए। इधर ग्रामीण क्षेत्र के अधिकांश कुआं चापानल नदी व पोखरा आदि जलस्तर सूख गए हैं अथवा सूखने के कगार पर है। जिसके कारण इन दिनों शादी- लग्न के मौसम में लोगों को परेशानी होने लगी है। क्षेत्र के समाजसेवियों एवं ग्रामीणों ने तपती गर्मी एवं सूखते जलस्रोत से बचाव के लिए सभी गांवों में टैंकलोरी के माध्यम पेयजल के लिए पानी की व्यवस्था करवाने की मांग प्रशासन से की।
लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।


