ख्वाजा गरीब नवाज अजमेरी कांफ्रेंस में मुशायरा और कव्वाली का आयोजन

Newswrap हिन्दुस्तान, गिरडीह
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झारखंड के चिश्ती नगर कुसैया में ख्वाजा गरीब नवाज अजमेरी कांफ्रेंस का आयोजन हुआ, जिसमें मुशायरा और खानकाही कव्वाली का कार्यक्रम हुआ। भक्ति गीतों ने सभी को झुमाया। 56वें सलाना कांफ्रेंस में सभी कौम के लोग शामिल हुए। कार्यक्रम में चादरपोशी, कुरान ख्वानी और गागर परिक्रमा का आयोजन किया गया।

ख्वाजा गरीब नवाज अजमेरी कांफ्रेंस में मुशायरा और कव्वाली का आयोजन

झारखंडधाम, प्रतिनिधि। ख्वाजा गरीब नवाज अजमेरी कांफ्रेंस का आयोजन जमुआ प्रखंड के चिश्ती नगर कुसैया में शनिवार को मुशायरा एवं खानकाही कव्वाली से किया गया। मुशायरे एवं कव्वाली में गुरुभक्ति और मानवता से भरे अल्फ़ाज़ खूब बयां किए गए। मेरे घुंघटा का रखना लाज पिया, मोरे अंगना मोइनुद्दीन आयो रे, छाप तिलक सब छीनी रे मोसे नैना लगाकर सरीखे भक्ति पूर्ण कलामों को गाकर कव्वालों ने खूब झुमाया। 56वां सलाना कांफ्रेंस की दूसरी रात आम कव्वाली होगी। खासियत है कि काफी भीड़ के बावजूद यहां स्वत: स्फूर्त शांति रहती है। सभी कौम के लोग शामिल होते हैं। इस सिलसिले की शुरुआत सूफी संत सलीम शाह जकी उल्लाह इफ्तखारी चिश्ती द्वारा की गई थी।

उनका 14 वां उर्स का भी आयोजन साथ साथ किया गया है। चादरपोशी एवं कुरान ख्वानी के साथ दो दिवसीय मजहबी जलसे के दूसरे दिन रविवार को गागर परिक्रमा भी हुई। रात में स्टेज प्रोग्राम का भी आयोजन किया गया। कार्यक्रम के सरपरस्त इफ्तेखारुल हक सलीमी साहिबे शहजादा हैं। रात्रि में आम कव्वाली का आयोजन किया गया। उक्त जानकारी कौमी एकता कमेटी के जानिब से ओम सलीमी चिश्ती और पुराने मुरीद समीद चिश्ती ने दी। कार्यक्रम के अयोजन में कौमी एकता कमेटी के कंचन सिन्हा, शाली के मुखिया मो. निजामुद्दीन, असलम सलीमी, गुलामुद्दीन सलीमी, मो. कुर्बान, मो. मुस्लिम, ईशहाक, हारून, सद्दाम सहित कई लोग शामिल हैं। कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए देश के कई हिस्सों से बाबा के अनुयाई आए हुए हैं। खानकाह के पास के मैदान में मेले सा दृश्य है।

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