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गुमला

गुमला में 91.3 मिमी बारिश,नदी-नाले उफने

हिन्दुस्तान टीम,गुमलाPublished By: Newswrap
Sun, 01 Aug 2021 03:02 AM
गुमला में 91.3 मिमी बारिश,नदी-नाले उफने

गुमला प्रतिनिधि

मानसून की झमाझम बारिश में खेत,नदी-नाले लबालब हो गयी। पहाड़ी इलाके से उतरे बारिश की पानी से नदी-नाले को उफान डरावनी सी दिखने लगी। गुमला-रांची मुख्यमार्ग पर नागफेनी के पुराने पुल से कोयल की तेजधार समंदर की लहरों की तरह बहने लगी। कमोबेश सभी नदियों की धार उसके उफान पर दिखी। पिछले कुछेक दिनों से मानसून की बारिश में शुक्रवार की शाम से लगातार झमाझम बरस रहती रही,नतीजतन जनजीवन घरों में सिमटी रही। तकरीबन 48घंटो की झमाझम में खेत,नदी-नाले-डोभा लबालब हो गये। दूसरी ओर शनिवार को पूरे दिन बारिश को लेकर कारोबार में भी मंदी दिखी। साप्ताहिक हाट में भी अन्य दिनों की तुलना में काफी कम लोगों की ही आवाजाही नजर आयी। मानसून की बारिश भले ही थोड़ी देर के लिए नागवार लगे,लेकिन खरीफ की खेती को लेकर कृषकों के बीच उत्साहवर्द्धक होता है। पिछले सप्तांह में मानसून की बेरूखी से खेत में दरार की स्थिति बन गयी थी। चिंतीत मनमिजाज को दो दिनों की झमाझम ने तरोताजा बना दिया है। खेतों में लबालब पानी धान के बिचड़े को बौने के सबसे उपयुक्त वक्त भी आ गये है। पिछले दो दिनो के अंदर गुमला जिले में 91.3 मिमी बारिश हुई। जिससे जिले के ग्रामीण अंचलों में कई घर गिर गये ,वहीं बसिया के जोलो इलाके में कोयल नदी के किनारे खेतो में पानी के घुस के जाने के कारण किसानों को नुकसान का सामना करना पड़ेगा।

भरनो में लगातार बारिश से एक दर्जन से अधिक घर गिरे : भरनो प्रखंड में दो दिनों से हो रही लगातार बारिश के कारण जन जीवन अस्त व्यस्त सा हो गया है। इस बारिश से किसानों के चेहरे खिल उठे हैं, तो दूसरी तरफ प्रखंड मुख्यालय सहित ग्रामीण क्षेत्रों में कई ग्रामीणों का कच्चा मकान गिरकर क्षतिग्रस्त हो जाने से गम का का माहौल है। भरनो के टंगरा टोली निवासी भूखा उरांव, परसा गांव निवासी मीर जावेद,भरनो टेटंगा टोली निवासी मिसिर उरांव,भरनो बस्ती निवासी मुनकु केशरी भरनो हरिजन मुहल्ला निवासी गौतम राम समेत दर्जनों ग्रामीणों का कच्चा मकान क्षतिग्रस्त हो गए। फलस्वरूप इस बरसात में अपना आशियाना उजड़ जाने से वे काफी परेशान हैं। उनके समक्ष रहने की संकट उत्पन्न हो गई है। इधर लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण जूरा गांव के एनएच 23 पर एक विशालकाय पेड़ जड़ समेत उखड़ कर गिर जाने से शनिवार को आधे घंटे तक गुमला रांची मार्ग बाधित हो गया। ग्रामीणों द्वारा इसकी सूचना प्रशासन को दिया,तो प्रशासन द्वारा पेड़ कटवा कर आवागमन चालू करवाया। भुक्तभोगियों द्वारा घर गिरने को लेकर अंचल कार्यालय भरनो में आवेदन देकर मदद की गुहार लगाने की बात बतलाई गयी है। हालांकि इस लगातार बारिश के कारण प्रखंड के किसान काफी हर्षित हैं,किसान सप्ताह भर पहले अपने खेतों में तालाब कुआं आदि से मशीन के सहारे खेतों में पानी डालकर रोपनी का कार्य कर रहे थे, परन्तु दो दिनों की बारिश से खेतों तालाबों कुओं में पानी पूरे शबाब पर है, फलस्वरूप किसानों के चेहरे खिल उठे हैं। सीओ संजीव कुमार ने बतया कि इस बरसात में जिनका मकान क्षतिग्रस्त हुआ है ,वे लोग अंचल कार्यालय भरनो में फ़ोटो के साथ आवेदन जमा करें।जांच कर प्रक्रिया पूरा करने के बाद आपदा प्रबंधन मद से मुआवजा दिलाया जाएगा।

विद्युत तार की चपेट में आने से दो मवेशियों की मौत : विशुनपुर। प्रखंड में लगातार पिछले 36 घंटे से भारी वर्षा हो रही है। जिससे जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है। प्रखंड के विभिन्न इलाकों में कई मकान क्षतिग्रस्त हो गए है। शनिवार की सुबह लगातार मूसलाधार बारिश होने से प्रखंड के बाहर सेरका गांव में लगभग 9.30 बजे के आसपास एक विशालकाय पेड़ विद्युत पोल पर जा गिरा। गिरे हुए पेड़ की पत्ती को खाने के चक्कर में एक भैंस और एक बकरी विद्युत तार की चपेट में आ गए । जिससे घटनास्थल पर ही दोनों की मौत हो गई।

बसिया में कोयल नदी उफान पर,प्रशासन ने लोगों को किया अलर्ट : पिछले दो दिनों से लगातार हो रही बारिश से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है। बसिया से होकर बहने वाली दक्षिणी कोयल नदी पूरे उफान पर है। पर्यटक स्थल बाघमुंडा जलप्रपात पानी से लबालब भर गया है। इसे देखते हुए बसिया बीडीओ रविंद्र कुमार गुप्ता ने नदी के किनारे स्थित बसे गांव के आम नागरिकों सतर्क रहने की अपील की है। साथ ही कोई समस्या होने पर तत्काल प्रशासन से संपर्क करने की अपील की है। साथ ही इस संबंध में सभी मुखिया को भी निर्देश दिए है।

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