
विकास के लिए डबल इंजन सरकार जरूरी, घाटशिला सीट पर जीत दिला करें शुरुआत : मांझी
ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण मांझी ने झारखंड की सरकार की आलोचना की और कहा कि राज्य आज भी पिछड़ा है। उन्होंने घाटशिला में चुनावी सभा में कहा कि झारखंड में विकास के लिए डबल इंजन की सरकार बनानी होगी। मांझी ने भाजपा के बाबूलाल सोरेन को जीतने का समर्थन किया और कहा कि आदिवासी-मूलवासियों का अस्तित्व खतरे में है।
घाटशिला, संवाददाता ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण मांझी ने कहा कि झारखंड आज भी पिछड़ा है। यहां न अच्छी सड़क है, न स्वास्थ्य सुविधा, स्कूलों में बच्चे हैं तो शिक्षक नहीं हैं। माइंस और कल-कारखाने बंद पड़े हैं। ओडिशा जैसा विकास चाहिए तो झारखंड में भी डबल इंजन की सरकार बनायें और इसकी शुरुआत घाटशिला विधानसभा उपचुनाव में जीत दिलाने के साथ करें। मांझी मंगलवार को घाटशिला के दामपाड़ा स्थित गंधनिया हाट मैदान और गुड़ाबांदा के बलियापोस फुटबॉल मैदान में चुनावी सभा को संबोधित कर रहे थे। हेमंत सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा ने अपने शासन काल में जो काम किया था, उसे झामुमो सरकार ने 10 साल पीछे कर दिया है।

केंद्र के समन्वय से ही होगा राज्य का विकास : उन्होंने कहा कि विकास राज्य और केंद्र सरकार के समन्वय से होता है। ओडिशा भी तेजी से इसलिए विकास कर रहा है कि वहां डबल इंजन की सरकार है। ओडिशा आकर देखें कि कैसे सरकारी अस्पताल झारखंड के निजी अस्पताल से बेहकर काम कर रहे हैं। मैंने अपने शासन काल में 200 से अधिक माइंस खोली है। 13 लाख करोड़ के उद्योग की स्थापना की है। 40 हजार से अधिक युवाओं को रोजगार दिया, जिसमें केंद्र सरकार ने भरपूर सहयोग किया है। झारखंड का विकास भी तभी होगा, जब यहां डबल इंजन की सरकार होगी। लेकिन, यहां की सरकार तो केंद्र की योजनाओं को ही लागू नहीं करती है। बाबूलाल को विधानसभा भेज सो रही सरकार को जगाएं : मांझी ने कहा कि भाजपा प्रत्याशी बाबूलाल सोरेन युवा हैं, वह अच्छा काम करेंगे। आप उन्हें जिताकर गहरी नींद में सो रही झामुमो सरकार को जगा सकते हैं। उन्होंने कहा कि झारखंड में ओड़िया भाषा की पढ़ाई शुरू करने को लेकर झारखंड सरकार से बात करेंगे। मांझी ने बिहार में विधानसभा चुनाव और ओडिशा व झारखंड में हो रहे उपचुनाव पर कहा सभी जगहों पर कमल ही कमल खिलेगा। आदिवासी-मूलवासियों का अस्तित्व खतरे में है : चंपाई चंपाई सोरेन ने कहा कि पिछले छह साल के शासन काल में झारखंड सरकार ने राज्य को विनाश की तरफ धकेल दिया है। घाटशिला विधानसभा क्षेत्र में न पीने का स्वच्छ पानी मिल रहा है, न चलने के लिए सड़क है। मंईयां योजना की राशि अधिकतर महिलाओं को नहीं मिल रही है। वृद्ध और दिव्यांग पेंशन को तरस रहे हैं। अटल क्लिनिक को बंद कर मदरसा और मदर टेरेसा के नाम पर अस्पताल चलाये जा रहे हैं। झारखंड में आदिवासी और मूलवासियों के अस्तित्व को बचाना है तो भाजपा को लाना होगा। इन्होंने भी किया संबोधित : सभा को सांसद विद्युत वरण महतो, पूर्व विधायक लोबिन हेम्ब्रम, गंगोत्री कुजूर, अभय सिंह, सिदो-कान्हू के वंशज मंडल मुर्मू, जिप सदस्य देवयानी मुर्मू, डॉ. सुनीता देवदूत सोरेन, गीता मुर्मू आदि ने संबोधित किया।

लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।




