सुरदा माइंस : रात्रि पाली में ड्रिलिंग कार्य का विरोध, ड्रिलर और टिंबर मैन गए हड़ताल पर

हिन्दुस्तान, घाटशिला
Follow us on Google News
share

मुसाबनी में सुरदा माइंस के 130 ड्रिलर और टिंबर मैन ने रात्रि पाली में काम करने का विरोध किया। उन्होंने प्रबंधन से आवेदन सौंपा कि रात्रि में ड्रिलिंग और टिंबरिंग कार्य नहीं कराया जाए। उनका मानना है कि यह कार्य अत्यंत जोखिम भरा है और इससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है।

सुरदा माइंस : रात्रि पाली में ड्रिलिंग कार्य का विरोध, ड्रिलर और टिंबर मैन गए हड़ताल पर

मुसाबनी। सुरदा माइंस के सॉफ्ट-3 एवं शाफ्ट-4 में सोमवार सुबह की पाली में काम करने पहुंचे करीब 130 ड्रिलर एवं टिंबर मैन खदान के अंदर ड्यूटी करने नहीं गए। सभी ड्रिलर और टिंबर मैन एकजुट होकर प्रबंधन के समक्ष रात्रि पाली में ड्रिलिंग एवं टिंबरिंग कार्य कराए जाने का विरोध जताने लगे। दोपहर की पाली में भी उनका विरोध जारी रहा, जिसके कारण सुरदा माइंस में ड्रिलिंग और टिंबरिंग का कार्य प्रभावित रहा। हालांकि, अन्य मजदूर अपनी-अपनी ड्यूटी पर गए। ड्रिलिंग एवं टिंबरिंग कार्य से जुड़े मजदूरों ने ठेका कंपनी आरके अर्थ प्राइवेट लिमिटेड के परियोजना महाप्रबंधक को आवेदन सौंपकर रात्रि पाली में यह कार्य नहीं कराने की मांग की। खबर लिखे जाने तक हड़ताल जारी थी.

कार्य अत्यंत जोखिम भरा व दुर्घटनाओं की है आशंका

वहीं, आवेदन में कहा गया है कि भूमिगत खदान के भीतर ड्रिलिंग तथा खदान की छत को सुरक्षित रखने के लिए टिंबरिंग का कार्य अत्यंत जोखिम भरा होता है और इसमें भारी शारीरिक श्रम की आवश्यकता पड़ती है। मजदूरों का कहना है कि इस कार्य में थोड़ी सी भी चूक होने पर कभी भी बड़ी दुर्घटना हो सकती है, जिससे श्रमिकों की जान जाने का खतरा बना रहता है। रात्रि पाली में काम करने से शारीरिक और मानसिक थकान बढ़ जाती है, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका और अधिक हो जाती है। खदान में सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी श्रमिकों ने सर्वसम्मति से रात्रि पाली में ड्रिलिंग एवं टिंबरिंग का कार्य नहीं करने का निर्णय लिया है.

विरोध करने वाले मजदूरों के नाम

मौके पर सुनील हेम्ब्रम, बस्ता सोरेन, एसके जहारुल्लाह, रवि बास्के, सिदो मुर्मू, सनातन महाली, विक्रम टुडू, तापस गिरी, अरुण हुई, शेखर टुडू, चरण हांसदा, दूला हांसदा, मिर्जा मार्डी, इंद्रजीत मार्डी और दसमत मुर्मू समेत कई ड्रिलर एवं टिंबर मैन रात्रि पाली में काम कराने का विरोध करते नजर आए।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मजदूरों ने रात्रि पाली में काम करने का विरोध क्यों किया?
मजदूरों का कहना है कि रात्रि पाली में ड्रिलिंग एवं टिंबरिंग का कार्य अत्यंत जोखिम भरा होता है और इससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है।
Hindustan

लेखक के बारे में

Hindustan
हिन्दुस्तान भारत का प्रतिष्ठित समाचार पत्र है। इस पेज पर आप उन खबरों को पढ़ रहे हैं, जिनकी रिपोर्टिंग अखबार के रिपोर्टरों ने की है। और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।