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देखरेख के अभाव में ध्वस्त हो गये दो पंचायतों में बने तीन चेकडैम

चाकुलिया प्रखंड में चड़ईडुबा खाल पर लघु सिंचाई विभाग के तहत लगभग 18 साल पूर्व बनी तीन सिंचाई योजनाओं ने रखरखाव के अभाव में दम तोड़ दिया...

देखरेख के अभाव में ध्वस्त हो गये दो पंचायतों में बने तीन चेकडैम
हिन्दुस्तान टीम,घाटशिलाThu, 13 Jun 2024 07:15 PM
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चाकुलिया प्रखंड में चड़ईडुबा खाल पर लघु सिंचाई विभाग के तहत लगभग 18 साल पूर्व बनी तीन सिंचाई योजनाओं ने रखरखाव के अभाव में दम तोड़ दिया है। किसानों को पटवन की सुविधा नहीं मिल रही है। किसान खेती के लिए मॉनसून के भरोसे हैं। जानकारी के मुताबिक, वर्ष 2004-05 में सोनाहातू पंचायत में चड़ईडुबा और कालियाम पंचायत में लघु सिंचाई विभाग के तहत लगभग 66 लाख की लागत से तीन चेकडैम बने थे। सोनाहातू पंचायत में इस नाला पर तथा कालियाम पंचायत के नया टोला और कांठालिया के पास चेक डैम बने थे। चेकडैम निर्माण होने के बाद एक दूसरी योजना से खेतों में पाइप लाइन बिछाई गई थी। प्रत्येक चेकडैम पर दो-दो पंप हाऊस बने थे। सभी पंप हाउस में 10 एचपी के पंप लगे थे। चेकडैम के पानी को पंप के सहारे खेतों में पहुंचाया जाता था। इन तीनों योजनाओं से दो पंचायत के करीब 500 किसान लाभान्वित होते थे। परंतु रखरखाव के अभाव में इन योजनाओं का बुरा हश्र होता गया। आज स्थिति यह है कि सभी पंप घरों में पंप नहीं हैं। चेकडैम के पास पानी भी नहीं है। पिछले कई वर्षों से इन योजनाओं से किसानों को लाभ नहीं मिल रहा है। आंधारिया के किसान गोपाल पात्र, जन्मेजय महतो और बंकिम महतो ने कहा कि उक्त सिंचाई योजनाएं अब दम तोड़ चुकी हैं। इनसे किसानों को सिंचाई की सुविधा नहीं मिल रही है। इधर, प्रखंड क्षेत्र में कूपन नदी और सिंदरा खाल पर स्थापित करोड़ों की सिंचाई योजनाएं भी दम तोड़ चुकी हैं। जिससे किसानों को खेती के दौरान काफी कठिनाईयों का सामना करना पड़ रहा है। वर्तमान में इन चैकडैम का निमार्ण के समय जो अधिकारी थे वे या तो सेवानिवृत हो चुके हैं या फिर उनका तबादला हो गया है।

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