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नशा मुक्ति से ही टीबी मुक्त भारत की कल्पना संभव: रेखा

नशा मुक्ति से ही टीबी मुक्त भारत की कल्पना संभव: रेखा

सदर प्रखंड के फरठिया के पैक्स गोदाम से टीबी मरीजों के लिए सक्रिय खोज अभियान की शुरुआत जिला परिषद् उपाध्यक्ष रेखा चौबे, प्रभारी सिविल सर्जन डॉ जेपी सिंह, जिला यक्ष्मा पदाधिकारी डॉ अजीत कुमार सिंह ने संयुक्त रूप से दीप जलाकर किया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला परिषद उपाध्यक्ष रेखा चौबे ने कहा कि नशा मुक्त भारत के बगैर टीबी मुक्त भारत की कल्पना नहीं की जा सकती है। उन्होंने कहा कि देश को टीबी मुक्त बनाने के लिए लोगों को शराब से दूर रहने के लिए प्रेरित करना होगा। प्रभारी सिविल सर्जन डॉ जेपी सिंह ने कहा कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य टीबी से संक्रमित समाज बनाना है।

अभियान के तहत टीम बनाकर टीबी मरीजों की खोज घर-घर जाकर करनी है। जिला यक्ष्मा पदाधिकारी डॉ अजीत कुमार सिंह ने कहा कि यक्ष्मा विभाग की टीम घर-घर जाकर खखार संग्रहित करेंगे और प्रयोगशाला में उसकी जांच की जाएगी। इस अभियान में अधिक से अधिक टीबी ग्रसित लोग को चिन्हित किया जाएगा।

जिला कार्यक्रम समन्वयक पुरूषेश्वर मिश्रा ने कहा कि 19 सितम्बर तक चलने वाले इस कार्यक्रम में जनता, जनप्रतिनिधि और सरकारी कर्मचारी उक्त सभी के महत्वपूर्ण भूमिका की जरूरत है। उक्त सभी के सहयोग से टीबी उन्मूलन के लक्ष्य को हासिल किया सकता है। मौके पर पीपीएम नुरूल्लाह अंसारी, एसटीएस विरेन्द्र प्रसाद और एसटीएलएस अरविंद अग्रवाल उपस्थित थे।

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