Hindi NewsJharkhand NewsDhanbad NewsDhanbad City Coordination Committee Meeting on National Clean Air Program
प्रदूषण रोकने के लिए बीसीसीएल के प्रयास की मॉनिटरिंग करेगा निगम

प्रदूषण रोकने के लिए बीसीसीएल के प्रयास की मॉनिटरिंग करेगा निगम

संक्षेप: धनबाद में राष्ट्रीय स्वच्छ वायु कार्यक्रम की सिटी कोऑर्डिनेशन कमेटी की बैठक नगर आयुक्त रविराज शर्मा की अध्यक्षता में हुई। बैठक में बीसीसीएल को प्रदूषण नियंत्रण के लिए निर्देश दिए गए और स्प्रिंकलिंग व स्वीपिंग की दैनिक लॉग बुक साझा करने के लिए कहा गया। इसके अलावा, विभिन्न विभागों के कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई।

Fri, 7 Nov 2025 02:36 AMNewswrap हिन्दुस्तान, धनबाद
share Share
Follow Us on

धनबाद, प्रमुख संवाददाता राष्ट्रीय स्वच्छ वायु कार्यक्रम की सिटी कोऑर्डिनेशन कमेटी की बैठक नगर आयुक्त रविराज शर्मा की अध्यक्षता में गुरुवार को हुई। बैठक में नगर आयुक्त ने बीसीसीएल को निर्देश दिया कि प्रदूषण कम करने के लिए किए जा रहे पानी छिड़काव का लॉगबुक नगर निगम को उपलब्ध कराएं। निगम इसकी नियमित मॉनिटरिंग करेगा। बैठक की शुरुआत पिछली समीक्षा बैठक में दिए गए निर्देशों एवं विभिन्न विभागों द्वारा किए जा रहे कार्यों की प्रगति की समीक्षा से हुई। बीसीसीएल की ओर से बैठक में बताया गया कि कैनन स्प्रिंकलर की खरीद, मैकेनिकल स्वीपर की तैनाती एवं पौधारोपण कराया गया है।

LiveHindustan को अपना पसंदीदा Google न्यूज़ सोर्स बनाएं – यहां क्लिक करें।

नगर आयुक्त ने इस पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि बीसीसीएल को केवल कोयला क्षेत्रों तक सीमित न रहकर अधिक आबादी वाले क्षेत्रों में भी प्रदूषण नियंत्रण के काम बढ़ाने होंगे। बीसीसीएल को निर्देशित किया गया कि वे स्प्रिंकलिंग एवं स्वीपिंग की दैनिक लॉग बुक नगर निगम के साथ साझा करें और सभी वाहनों के प्रदूषण जांच प्रमाणपत्र प्रस्तुत करें। बीसीसीएल अधिकारियों ने इस दिशा में सहयोग करने का आश्वासन दिया। आगामी दिनों में मियावाकी शैली में पौधारोपण अभियान चलाने की सहमति दी। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को निर्देश दिया गया कि वे डीज़ल जनरेटर सेटों एवं कोल फैक्ट्रियों में कोयले के अनियंत्रित जलाने जाने की नियमित जांच करें एवं प्रदूषण नियंत्रण सुनिश्चित करें। धूल नियंत्रण को लेकर सड़क निर्माण विभाग को सभी टूटी गड्ढा युक्त सड़कों की मरम्मत एवं शीघ्र कराने के निर्देश दिए गए। बैठक में यह भी पाया गया कि कुछ प्रदूषण जांच केंद्रों द्वारा अनियमितताएं बरती जा रही हैं। इस पर जिला परिवहन विभाग को निर्देश दिया गया कि वे इन केंद्रों की नियमित जांच कर हर माह अयोग्य वाहनों की संख्या की रिपोर्ट प्रस्तुत करे। बीआईटी सिंदरी के शिक्षाविदों एवं वन विभाग के सहायक वन संरक्षक द्वारा भी उपयोगी सुझाव दिए गए। बैठक का प्रमुख आकर्षण आईआईटी आईएसएम के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ सुरेश पंडियन द्वारा प्रस्तुत एक शोध अध्ययन रहा, जिसमें झरिया क्षेत्र में वायु गुणवत्ता से संबंधित अध्ययन एवं अन्य भारतीय शहरों से तुलनात्मक विश्लेषण प्रस्तुत किया गया।