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इंटर एडमिशन के लिए हड़बड़ी नहीं दिखाएंगे डिग्री कॉलेज

जिले के डिग्री कॉलेज सत्र 2017-18 में इंटर में नामांकन के लिए हड़बड़ी नहीं दिखाएंगे। फिलहाल नामांकन के लिए नोटिस जारी नहीं किया जाएगा। बुधवार को डिग्री कॉलेज के प्राचार्यों ने विनोबा भावे विश्वविद्यालय हजारीबाग के कुलपति प्रो. रमेश शरण के सामने उठाया। प्राचार्यों ने कहा कि डिग्री कॉलेजों में इंटर की पढ़ाई होने से डिग्री की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। हमलोग ध्यान नहीं दे पा रहे हैं। कुलपति प्रो. रमेश शरण ने कहा कि इस मामले में राज्य सरकार से बात करेंगे। बताते चलें कि पहले राज्य सरकार ने घोषणा की थी कि चालू सत्र से डिग्री कॉलेजों में इंटर का नामांकन नहीं लिया जाएगा। लेकिन पिछले दिनों धनबाद दौरे में शिक्षा मंत्री नीरा यादव ने घोषणा करते हुए कहा कि इंटर की पढ़ाई के लिए व्यवस्था नहीं हो पाई है। इसकारण डिग्री कॉलेजों में फिलहाल पढ़ाई जारी रहेगी। ऐसे में डिग्री कॉलेजों में इंटर की पढ़ाई को लेकर संशय की स्थिति है। जैक ने पिछले दिनों आरएस मोर कॉलेज गोविंदपुर में इंटर की पढ़ाई बंद करने की अनुमति दे दी है। उसके बाद पीके राय कॉलेज, एसएसएलएनटी ने भी जैक को इंटर की पढ़ाई बंद करने का प्रस्ताव भेजा है। कॉलेज को जैक के पत्र का इंतजार है। -- नौ प्लस टू स्कूलों में अभी सुविधा नहीं नए सत्र से जिले के 9 हाई स्कूलों को प्लस टू स्कूल में अपग्रेड किया गया है। प्लस टू स्कूलों में अपग्रेड इन विद्यालयों में अभी 11वीं व 12वीं की पढ़ाई के लिए कोई संसाधन नहीं है। मंगलवार को स्कूलों में पद सृजन को कैबिनेट ने हरी झंडी दी है। ऐसे में फिलहाल इन स्कूलों में जिले के उच्च योग्यताधारी प्राथमिक शिक्षकों व अन्य शिक्षकों की मदद से 11वीं के छात्र-छात्राओं की पढ़ाई होगी। लेकिन विज्ञान की पढ़ाई को लेकर शिक्षक व छात्र चिंतित हैं। प्रयोगशाला व अन्य सुविधाओं के बिना पढ़ाई कैसे होगी। मामले में शिक्षा विभाग ने मुख्यालय से मार्गदर्शन लेकर तैयारी शुरू करने की बात कही है। -- पूरक परीक्षा पास छात्रों को हो सकती है परेशानी धनबाद से मैट्रिक में 34,845 परीक्षार्थियों में से 19,558 छात्र ही पास हो पाए है। लगभग 15 हजार छात्र फेल हो गए है। डिग्री कॉलेजों में इंटर की पढ़ाई पर संशय की स्थिति के बीच धनबाद में पास छात्रों का नामांकन होने की बात कही जा रही है। जानकारों का कहना है कि सात अंगीभूत कॉलेजों में इंटर की पढ़ाई बंद होने के बाद भी 19 हजार छात्रों का नामांकन आसानी से हो जाएगा। लेकिन पूरक परीक्षा पास होने के बाद नामांकन में छात्रों को परेशानी होगी। इसकारण फेल छात्रों व अभिभावक परेशान है। -- फेल छात्रों के पास क्या है विकल्प मैट्रिक व अन्य बोर्ड में फेल छात्र-छात्राएं या कम नंबर आने के बाद परेशान हैं। सीबीएसई व आईसीएसई में विभिन्न विषयों में कम नंबर आने वाले छात्र-छात्राओं ने बोर्ड को ई मेल के माध्यम से अपनी शिकायत दर्ज करानी शुरू कर दी है। आपत्ति दर्ज कराने के लिए बोर्ड निर्धारित शुल्क के साथ आवेदन करना पड़ रहा है। झारखंड बोर्ड ने अभी तक इस संबंध में सूचना जारी नहीं किया है। जैक की सूचना का इंतजार हो रहा है।

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  • Web Title:Degree College will not show haste for inter-admission