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नक्सल प्रभावित गांवों को सड़क से जोड़ने की केंद्रीय योजना अधर में

नक्सलियों के गढ़ तक पुलिस की पहुंच बनाने के लिए केंद्र सरकार ने नक्सल प्रभावित जिलों में सड़क बनाने की योजना बनाई है लेकिन धनबाद के नक्सल प्रभावित...

नक्सल प्रभावित गांवों को सड़क से जोड़ने की केंद्रीय योजना अधर में
Newswrapहिन्दुस्तान टीम,धनबादFri, 17 Sep 2021 05:40 AM
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धनबाद गंगेश गुंजन

नक्सलियों के गढ़ तक पुलिस की पहुंच बनाने के लिए केंद्र सरकार ने नक्सल प्रभावित जिलों में सड़क बनाने की योजना बनाई है लेकिन धनबाद के नक्सल प्रभावित गांवों को सड़क से जोड़ने की केंद्रीय योजना अधर में लटकी हुई है। एक साल पहले केंद्र सरकार की आरसीपीएलडब्ल्यूइए (रोड कनेक्टिविटी प्रोजेक्ट फोर लेफ्ट विंग इफेक्टेड एरिया) के तहत झारखंड के दस उग्रवाद प्रभावित जिलों का चयन किया गया था, जिसमें धनबाद भी शामिल है। इस योजना के तहत उग्रवाद प्रभावित गांवों में पक्की सड़क बनाने का लक्ष्य रखा गया था, लेकिन डीपीआर बनने के बावजूद एक साल से इस योजना का टेंडर नहीं निकला।

केंद्र और राज्य सरकार द्वारा इस योजना के तहत राशि दी जानी है। इसमें केंद्र का हिस्सा 60 प्रतिशत जबकि राज्य का हिस्सा 40 प्रतिशत होगा। ग्रामीण विकास विभाग धनबाद ने जिले में 16 सड़कों का चयन किया था। ये सड़कें उग्रवाद प्रभावित प्रखंड टुंडी और तोपचांची के गांवों में बनाई जानी हैं। योजनाओं का चयन गृह विभाग की अनुशंसा पर की गई थी। इसमें जिले के डीसी और एसएसपी ने भी इन योजनाओं पर अपनी स्वीकृति दी थी।

केंद्र सरकार की टीम ने किया था सड़क का निरीक्षण

ग्रामीण विकास विभाग ने जिन 16 सड़कों की सूची बना कर राज्य सरकार के पास भेजा है, उन सड़कों का निरीक्षण करने के लिए केंद्र सरकार की टीम आई थी। टीम ने गांव पहुंच कर उन रास्तों की स्थिति का आकलन किया था। टीम ने भी सड़कों के निरीक्षण के बाद उस पर अपनी मुहर लगाई है।

30 करोड़ से बननी है गांवों में 31 किलोमीटर सड़क

धनबाद की 16 सड़कों का चयन इस योजना के लिए किया गया है। लगभग 31 किलोमीटर की सड़क को बनाने में 30 करोड़ की डीपीआर बनायी गई है। डीपीआर को मंजूरी देकर सरकार के स्तर से अब इसका टेंडर होना है, लेकिन टेंडर की प्रक्रिया एक साल बाद भी शुरू नहीं हो पाई है।

धनबाद की इन सड़कों की योजना

- मनियाडीह से छोटा जमुआ होते हुए पंजनिया: 2.31 किलोमीटर

- मनियाडीह स्कूल से मनियाडीह हरिजन टोला: एक किलोमीटर

- तोपचांची के खाटडीह से हनुमान पहाड़ी: 0.92 किलोमीटर

- तोपचांची के सतकीरा मोड़ से सिंहडीह स्कूल: 1.46 किलोमीटर

- कुंडाटांड़ स्कूल से महुआबेड़ा: 2.20 किलोमीटर

- शीतलपुर मोड़ से भेलवाई बस्ती: एक किलोमीटर

- खटजोरी मेन रोड से महुआधाग डैम: 1.23 किलोमीटर

- टुंडी के नेरो से पतरोबाद: 1.97 किलोमीटर

- टुंडी के बाघमारा से भेलवाबेड़ा: 1.25 किलोमीटर

- नावाटांड़ मोड़ से सिदो कान्हू चौक: 4.24 किलोमीटर

- शीतलपुर से चिन्ना पहाड़ी: 2.80 किलोमीटर

- नावाडीह से पलमा: 2.88 किलोमीटर

- दनोओटांड़ से बोरो पहाड़ी: 0.70 किलोमीटर

- गंगापुर से बस्तीकुल्ही: 2.66 किलोमीटर

- गणेशपुर से बेलमी: 3.81 किलोमीटर

मनोज कुमार, कार्यपालक अभियंता ग्रामीण विकास विभाग: इस योजना के तहत धनबाद में 16 सड़कों का चयन किया गया है। टेंडर की प्रक्रिया जारी है। उम्मीद है कि इसी माह इसके निर्माण के लिए टेंडर निकाला जाएगा।

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