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बीबीएमकेयू के पॉलीटेक्निक कैंपस में बर्बाद हो रहा लाखों का सामान

बीबीएमकेयू के पॉलीटेक्निक कैंपस में बर्बाद हो रहा लाखों का सामान

संक्षेप:

धनबाद के बीबीएमकेयू पॉलीटेक्निक कैंपस से प्रशासनिक भवन का शिफ्टिंग 2023 में मेन कैंपस भेलाटांड़ में हुआ। दो साल बाद भी लाखों का सामान वहां बर्बाद हो रहा है। एसी और जेनरेटर का इस्तेमाल नहीं हो रहा है। विश्वविद्यालय को सामान के उपयोग पर निर्णय लेना चाहिए।

Nov 16, 2025 02:28 am ISTNewswrap हिन्दुस्तान, धनबाद
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धनबाद, मुख्य संवाददाता वर्ष 2023 में बीबीएमकेयू धनबाद के पॉलीटेक्निक कैंपस से मेन कैंपस भेलाटांड़ में प्रशासनिक भवन की शिफ्टिंग हो गई। अगले कुछ दिनों में पीजी विभागों को भी शिफ्ट कर दिया गया। शिफ्टिंग के दो साल से अधिक समय बीतने के बद भी पॉलीटेक्निक कैंपस में लाखों का सामान बर्बाद हो रहा है। बाहर में जेनरेटर यूं ही पड़ा हुआ है। वहीं कई कमरे में एसी (10 से अधिक एसी) समेत अन्य सामान भी वहीं रखा हुआ है। सामान को मेन कैंपस क्यों नहीं लाया जा रहा है अथवा उक्त सामान को वहीं पर क्यों नहीं प्रयोग में लाया जा रहा है, यह सवाल भी उठ रहा है।

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जानकारों का कहना है कि उक्त कैंपस का किसी सेंटर या वहां के सामान को अन्य किसी कार्य के लिए उपयोग करने के मामले में विश्वविद्यालय को निर्णय लेना चाहिए। दूसरी ओर बीबीएमकेयू धनबाद मेन कैंपस भेलाटांड़ में नई एजेंसी ने एक कैंटीन शुरू कर दिया है। कैंटीन के बाहर रेट चार्ट भी जारी कर दिया गया है। दूसरे कैंटीन को भी आने वाले समय में शुरू करने की तैयारी है। -- -- डॉ मुकुंद ने कलिंगा इंस्टीट्यूट भुवनेश्वर में दिया व्याख्यान बीबीएमकेयू के हिन्दी विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ मुकुंद रविदास ने कलिंगा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंस भुवनेश्वर के हिंदी विभाग में व्याख्यान दिया है। आदिवासी, दलित और स्त्री विमर्श : शैक्षणिक, सामाजिक और राजनीतिक चिंतन विषय पर व्याख्यान देते हुए झारखंड में आदिवासी, दलित एवं स्त्रियों की स्थिति पर प्रकाश डाला। सामाजिक,शैक्षणिक एवं राजनीतिक क्षेत्र में उनकी भागीदारी पर भी व्याख्यान दिया। डॉ विदास वर्तमान में विश्वविद्यालय में जनसंपर्क अधिकारी एवं राष्ट्रीय सेवा योजना कोऑर्डिनेटर है। बीबीएमकेयू में भी जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा शोध केंद्र की स्थापना कैसे हो, इस बारे में भी कलिंगा इंस्टीट्यूट के शिक्षकों एवं पदाधिकारियों से मिलकर जानकारी प्राप्त की। कुलपति प्रो. रामकुमार सिंह, डॉ पुष्पा कुमारी डीएसडब्ल्यू, विभागाध्यक्ष डॉ मृत्युंजय कुमार सिंह, डॉ आलमगीर आलम उर्दू विभागाध्यक्ष, डॉ रीता सिंह समेत अन्य ने बधाई दी है।