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22 सितम्बर, 2020|6:55|IST

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आईजीएच में सेल कर्मी का नहीं हुआ इलाज, तोड़ा दम

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दुखद-परिजनों ने चिरिया माईंस स्थित सेल कार्यालय में किया हंगामा -कोरोना के कारण आईजीएच ने मरीज को भर्ती करने से किया मनामनोहरपुर। संवाददाता चिरिया सेल के ऑपरेटर मोची राम सांडिल(53) की तबीयत खराब होने पर राउरकेला स्थित आईजीएच (इस्पात जेनरल हॉस्पिटल) में भर्ती कराने लाया गया। लेकिन अस्पताल प्रबंधन ने भर्ती करने से मना कर दिया। लिहाजा समय पर इलाज नहीं होने के कारण मोची राम ने दम तोड़ दिया। मंगलवार को परिजनों ने शव के साथ चिरिया सेल गेट के बाहर प्रदर्शन किया। परिजनों ने आईजीएच और सेल के खिलाफ जमकर बवाल काटा। परिजनों का कहना है कि मोचीराम सांडिल सेल कर्मी थे। सेल का उपक्रम होने के बावजूद आईजीएच अस्पताल ने किस आधार पर इलाज करने से मना किया। ईलाज के अभाव में उनकी मौत हो गई। परिजनों ने दोषी आईजीएच कर्मियों के ख़िला़फ कार्रवाई और मुआवजे की मांग की है। मजदूर यूनियन के सदस्यों ने प्रबंधन के खिलाफ हंगामा किया। बाद में सेल अधिकारियों ने मामले की जांच, नियमानुसार नौकरी व मुआवजे का आश्वासन दिया। इसके बाद मामला शांत हुआ। क्या है मामला: मृतक मोचीराम सांडिल के बेटे अभय सांडिल ने बताया कि दो दिनों से उन्हें दस्त व बदन दर्द की शिकायत थी। उन्हें चिरिया स्थित सेल अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां प्राथमिक ईलाज के बाद सोमवार की रात रेफर कर दिया गया। इसके बाद उन्हें आईजीएच अस्पताल लेकर आए। पर आईजीएच में उन्हें भर्ती नहीं लिया गया। बताया कि अस्पताल के बाहर ही कर्मियों ने उन्हें कोरोना का हवाला देकर भर्ती लेने में असमर्थता जताई। दूसरे अस्पताल ले जाने की सलाह दी। परिजनों ने कहा कि वे लोग उन्हें कोरोना जांच की मांग की, पर आईजीएच ने इलाज नहीं किया। इसके बाद देर रात लगभग 3 बजे वे लोग उन्हें राऊरकेला स्थित जेपी अस्पताल ले गए जहां भर्ती करने के आधे घंटे बाद 3.30 बजे उनकी मौत हो गई। आईजीएच पर कार्रवाई को ईडी को भेजेंगे रिपोर्टदोषी आईजीएच कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई व मुआवजे की मांग को लेकर मंगलवार की सुबह लगभग साढ़े दस बजे परिजनों ने शव के साथ चिरिया सेल गेट के बाहर प्रदर्शन किया। इसके बाद सेल जीएम मानस कुमार दत्ता, पर्सनल अधिकारी जीआर महंती ने आईजीएच पर कार्रवाई के लिए ईडी को रिपोर्ट करने की बात कही। नियमानुसार मृतक मोची राम के बेटे अभय सांडिल को नौकरी व मुआवजा देने की घोषणा के बाद मामला शांत हुआ। सेल अधिकारियों ने अंतिम संस्कार व अन्य कार्यो के लिए परिजनों को तत्काल 15000 रुपये भी दिये।फोटो संख्या.04.सेल गेट के बाहर प्रदर्शन करते मजदूर

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  • Web Title:Cell worker not treated in IGH broken