झारखंड 5 जिलों की अनुसूचित जनजाति सीटों पर चढ़ा भगवा रंग, BJP का दिखा दबदबा
रांची नगर निगम, खूंटी नगर पंचायत सहित लोहरदगा और गुमला नगर परिषद में भगवा रंग को जीत मिली। बुंडू नगर पंचायत और सिमडेगा नगर परिषद में निर्दलीय प्रत्याशियों ने जीत दर्ज की। सभी छह नगर निकायों में महिला सशक्तिकरण की भी मजबूत उपस्थित दर्ज हुई है।

दक्षिण छोटानागपुर प्रमंडल अंतर्गत पांच जिलों में अनुसूचित जनजाति आरक्षित सभी छह नगर निकायों में भगवा रंग लहराया है। चुनावी परिणाम से साफ है कि यहां भाजपा समर्थित प्रत्याशियों का दबदबा दिखा है। रांची नगर निगम, खूंटी नगर पंचायत सहित लोहरदगा और गुमला नगर परिषद में भगवा रंग को जीत मिली। बुंडू नगर पंचायत और सिमडेगा नगर परिषद में निर्दलीय प्रत्याशियों ने जीत दर्ज की। सभी छह नगर निकायों में महिला सशक्तिकरण की भी मजबूत उपस्थित दर्ज हुई। छह निकायों में से तीन (यानी 50 %) रांची, खूंटी और गुमला निकायों में महिलाओं ने जीत दर्ज की। खूंटी और गुमला निकाय एसटी महिलाओं के लिए आरक्षित था। इन सीटों पर कहीं भाजपा और कांग्रेस तो कहीं पर भाजपा और झामुमो समर्थित प्रत्याशियों के बीच सीधी टक्कर थी। बता दें कि दक्षिण छोटानागपुर प्रमंडल अंतर्गत रांची, गुमला, खूंटी, सिमडेगा और लोहरदगा जिले आते हैं। बुंडू नगर पंचायत रांची जिला अंतर्गत पड़ता है।
झामुमो समर्थित प्रत्याशी ने रांची नगर निगम में बिगाड़ा चुनावी समीकरण
रांची नगर निगम में भाजपा समर्थित प्रत्याशी रोशनी खलखो ने कांग्रेस समर्थित रमा खलखो को 14,363 वोटों से चुनाव हराया। राजनीतिक जगत में यह कयास लगाया जा रहा है कि रोशनी खलखो की जीत में झामुमो समर्थित प्रत्याशी सुजीत बिजय आनंद कुजूर की अहम भूमिका दिखी। उन्हें कुल 19305 वोट मिले, जो रोशनी और रमा खलखो के जीत हार वोटों के अंतर से 4942 वोट अधिक था।
बुंडू नगर पंचायत में जीते प्रत्याशी के बारे में कयास सत्य साबित
बुंडू नगर पंचायत में अध्यक्ष पद जीत दर्ज करने वाले जितेंद्र उरांव को शुरुआती दौर में किसी भी पार्टी का समर्थन नहीं था। हालांकि पंचायत के लोगों में शुरू से चर्चा थी कि उसे झामुमो का समर्थन हासिल है। जीत के बाद जिस तरह स्थानीय विधायक विकास सिंह मुंडा के साथ फोटो सामने आई, इससे यह चर्चा पुख्ता हो गई। जितेंद्र उरांव ने चुनाव में राजेश उरांव को शिकस्त दी।
खूंटी और गुमला निकाय महिला आरक्षित, दोनों में भाजपा की जीत
खूंटी नगर पंचायत के चुनाव में अध्यक्ष पद के लिए मुख्य मुकाबला भाजपा समर्थित रानी टूटी और कांग्रेस समर्थित प्रत्याशी मनोनीत बोदरा के बीच था। रानी टूटी ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी मनोनीत बोदरा को 3879 वोटों से पराजित किया। गुमला नगर परिषद में भी भाजपा समर्थित शकुंतला उरांव ने बड़ी जीत हासिल की। यहां उन्होंने झामुमो समर्थित प्रत्याशी हर्षिता टोप्पो को बड़े अंतर से चुनाव हराया।
लोहरदगा नगर परिषद परिणाम झामुमो और कांग्रेस दोनों के लिए झटका
लोहरदगा नगर परिषद में भाजपा समर्थित अनिल उरांव ने जीत दर्ज की। उनकी जीत झामुमो और कांग्रेस दोनों के लिए झटका है। ऐसा इसलिए क्योंकि बिना राजनीतिक समर्थन हासिल करने वाले पावन एक्का दूसरे स्थान पर थे, जबकि तीसरे स्थान पर झामुमो समर्थित बालमुकुंद लोहरा और चौथे स्थान पर कांग्रेस समर्थित उम्मीदवार संतोष उरांव रहे।
सिमडेगा के परिणाम ने भाजपा, झामुमो और कांग्रेस तीनों को दिया झटका
सिमडेगा नगर परिषद के अध्यक्ष पद का परिणाम भाजपा, झामुमो और कांग्रेस तीनों के लिए बड़ा झटका साबित हुआ। यहां निर्दलीय प्रत्याशी ओलीभर लकड़ा ने जीत हासिल की। कांटे की टक्कर और अंतिम समय में रिकाउंटिग होने के बाद उन्होंने 172 वोटों के अंतर से झामुमो समर्थित प्रत्याशी अनिल कुमा तिर्की को हराया।
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