झारखंड में ACB का ऐक्शन, 300 करोड़ के मुआवजा घोटाले में छापा; 18 आरोपी गिरफ्तार
झारखंड में जमीन अधिग्रहण मुआवजा घोटाले में एसीबी ने ऐक्शन लिया है। एसीबी ने कई शहरों में छापा मारकर करीब 18 लोगों को गिरफ्तार किया है।

धनबाद रिंग रोड जमीन अधिग्रहण मुआवजा घोटाले मामले में एसीबी ने बड़ी कार्रवाई की है। 300 करोड़ के मुआवजा घोटाला मामले में एसीबी ने धनबाद,रांची और देवघर से डेढ़ दर्जन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। गुरूवार रात से ही एसीबी की कार्रवाई चल रही है। अलग-अलग जगहों पर छापेमारी कर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए लोगों में भू-राजस्व विभाग से जुड़े अधिकारी और कई बिचौलिए शामिल बताए जा रहे हैं।
धनबाद में रिंग रोड निर्माण के लिए राज्य सरकार ने रैयतों की जमीन अधिग्रहित की थी, लेकिन रैयतों के मुआवजा भुगतान में बड़े पैमाने गड़बड़ियां की गई। अनुमान के मुताबिक, इस मामले में करीब 300 करोड़ रुपये के मुआवजा घोटाले का आरोप है।
साल 2014 में मामला उजागर होने के बाद राज्य सरकार ने इसकी जांच पहले निगरानी ब्यूरो और बाद में एसीबी को सौंपी थी। एसीबी को 2015 में जाचं की जिम्मेदारी दी गई थसी। 2016 में मामले में एफआइआर दर्ज किया गया। प्रारंभिक जांच में गड़बड़ी की पुष्टि होन के बाद तत्कालीन जिला भू-अर्जन पदाधिकारी उदयकांत पाठक, लाल मोहन नायक सहित कई अन्य अधिकारियों को निलंबित किया गया था।कई रैयतों की मौत भी हो चुकी है। धनबाद के कई मौजों की जमीन से जुड़ा मामला है।
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Mohammad Azamसंक्षिप्त विवरण
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