विनाशकारी बाढ़ से नेपाल हुआ तबाह, कितना बड़ा नुकसान? मंत्री ने बताया अब कैसे होगी भरपाई

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भीषण बाढ़ को लेकर बचाव अभियान जारी है। वहीं, दूसरे चरण में नेपाल सरकार एक अस्थायी शेल्टर की योजना बना रही है। यहां पर लोगों को खाना, पानी, बिजली और फोन आदि की सुविधा मिलेगी।

Nepal Flood
नेपाल में बाढ़ से तबाही के बाद फिर से चीजों को सामान्य करने की कोशिश जारी है।

नेपाल में विनाशकारी बाढ़ ने भीषण तबाही मचाई है। इससे काफी ज्यादा नुकसान होने का अनुमान है। नेपाल के वित्तमंत्री स्वर्णिम वागले के मुताबिक नुकसान का यह आंकड़ा, कई अरब डॉलर हो सकता है। उन्होंने कहाकि जब नुकसान का पूरा आंकड़ा सामने आएगा तभी तस्वीर स्पष्ट होगी। हालांकि नेपाल को फिर से खड़ा करने के लिए वह वैकल्पिक रास्तों की तलाश में हैं। नेपाली वित्तमंत्री के मुताबिक इसके हम एक अलग फंडरेजिंग अभियान की तलाश कर रहे हैं। गौरतलब है कि नेपाल पुलिस ने अभी तक फ्लैश फ्लड में 547 लोगों के मारे जाने की बात कही है। नेपाल और तिब्बत के बीच सीमावर्ती इलाकों में कई गांव पूरी तरह से गायब हो चुके हैं। इस आपदा ने 45 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था को काफी नुकसान पहुंचाया है।

आंकलन में लगेगा हफ्ते भर का समय

नेपाल के वित्तमंत्री ने कहाकि नुकसान का आंकलन एक हफ्ते में होगा। हालांकि शुरुआती अनुमान चिंताजनक हैं। उन्होंने कहाकि फिलहाल बचाव और राहत कार्य पर ध्यान दिया जा रहा है। दूसरे चरण में नेपाल सरकार एक अस्थायी शेल्टर की योजना बना रही है। यहां पर लोगों को खाना, पानी, बिजली और फोन आदि की सुविधा मिलेगी। इसके अलावा काम के बदले पैसे देने की भी तैयारी है। नेपाल के व्यापारियों ने कहाकि उन्हें हैरानी नहीं होगी, अगर देश को फिर से खड़ा करने में 5 बिलियन डॉलर खर्च हो जाएं। यह बयान, नेपाल के बड़े बिजनेसमैन बिनोद चौधरी ने कही है। वह चौधरी ग्रुप के मालिक हैं, जिसके फूड, टेलीकॉम से लेकर इंफ्रास्ट्रक्चर और बैंकिंग में 12 बिजनेस वर्टिकल्स हैं।

सतर्कता के साथ बचाव अभियान जारी

गौरतलब है कि नेपाल में कई और शव बरामद किये जाने के साथ ही भीषण बाढ़ से मरने वालों की संख्या शुक्रवार को बढ़कर 547 हो गई। इस बीच, तलाश और बचाव अभियान सतर्कता के साथ जारी है, क्योंकि भोटेकोशी नदी इलाके में जलस्तर बढ़ने से दोबारा इस आपदा का खतरा मंडरा रहा है। राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीआरआरएमए) ने कहाकि इस सप्ताह की शुरुआत में जिस स्थान पर भीषण बाढ़ आई थी वहां जलस्तर बढ़ने से क्षेत्र में एक बार फिर बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। एनडीआरआरएमए ने अपने ताजा नोटिस में कहाकि बुधवार को जिस स्थान पर अचानक बाढ़ आई थी, उसी जगह पर अब कीचड़-युक्त पानी का स्तर बढ़ जाने से उस क्षेत्र में एक बार फिर बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।

नेपाल पुलिस का अलर्ट

मध्य नेपाल के रसुवा और अन्य इलाकों में बुधवार को आई जबरदस्त बाढ़ के बाद यह चेतावनी जारी की गई है। बुधवार को आई बाढ़ में सैकड़ों लोगों की मौत हुई है तथा बस्तियों, सड़कों, पुलों और पनबिजली के बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा। एनडीआरआरएमए ने तलाश और बचाव कार्यों में शामिल लोगों के साथ-साथ अलग-अलग वजहों से भोटेकोशी और त्रिशूली इलाकों में रह रहे लोगों से अपील की है कि वे अत्यधिक सतर्क रहें और किसी भी तरह का खतरा महसूस होने पर तुरंत सुरक्षित जगहों पर चले जाएं। नेपाल पुलिस ने तिब्बत की तरफ एक बांध के फिर से टूटने की सूचना मिलने के बाद अलर्ट जारी किया है।

सभी परीक्षाएं भी स्थगित

‘द काठमांडू पोस्ट’ अखबार की रिपोर्ट के मुताबिक, सुदूरवर्ती क्षेत्रों तक पहुंचने और बचे हुए लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए हेलीकॉप्टर का इस्तेमाल किया जा रहा है, जबकि जमीन पर काम करने वाली टीम नदी के किनारे और नदी के बहाव की दिशा में बसे इलाकों में तलाशी अभियान जारी रखे हुए हैं। नेपाल के कई इलाकों में अस्पतालों के मुर्दाघरों में जगह कम पड़ रही है, क्योंकि बाढ़ में बहकर नीचे की ओर आए और शव मिल रहे हैं। ‘द काठमांडू पोस्ट’ की रिपोर्ट के अनुसार, रसुवा और नुवाकोट से बहकर आए शव चितवन, तनहू, नवलपरासी, गोरखा और दूसरे जिलों तक मिले हैं, जिससे कई इलाकों के मुर्दाघरों में जगह की कमी हो गई है। इस बीच, नेपाल सरकार ने विनाशकारी प्राकृतिक आपदा के बाद बने हालात को देखते हुए 29 अगस्त से सभी परीक्षाएं स्थगित करने का फैसला किया है।

Deepak Mishra

लेखक के बारे में

Deepak Mishra

मूल रूप से आजमगढ़ के रहने वाले दीपक मिश्रा के लिए पत्रकारिता में आना कोई संयोग नहीं था। घर में आने वाली तमाम मैगजीन्स और अखबार पढ़ते-पढ़ते खुद अखबार में खबर लिखने तक पहुंच गए। हालांकि सफर इतना आसान भी नहीं था। इंटरमीडिएट की पढ़ाई के बाद जब घरवालों को इस इरादे की भनक लगी तो खासा विरोध भी सहना पड़ा। फिर मन में ठाना कि चलो जमीनी अनुभव लेकर देखते हैं। इसी मंशा के साथ ग्रेजुएशन की पढ़ाई के दौरान आजमगढ़ के लोकल टीवी में काम करना शुरू किया। कैमरे पर शहर की गतिविधियां रिकॉर्ड करते, न्यूज बुलेटिन लिखते और कुछेक बार उन्हें कैमरे के सामने पढ़ते-पढ़ते इरादा मजबूत हो गया कि अब तो मीडिया में ही जाना है।

आजमगढ़ के डीएवी डिग्री कॉलेज से इंग्लिश, पॉलिटिकल साइंस और हिस्ट्री विषयों में ग्रेजुएशन के बाद वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय से मास कम्यूनिकेशन में मास्टर डिग्री। इसके बाद अखबारों में नौकरी का सिलसिला शुरू हुआ आज अखबार से। फिर दैनिक जागरण के बाइलिंगुअल अखबार आई नेक्स्ट में वाराणसी में डेस्क पर नौकरी। वहां से सेंट्रल डेस्क कानपुर का सफर और फिर पत्रिका अखबार के इवनिंगर न्यूज टुडे में सेंट्रल डेस्क हेड की जिम्मेदारी। बाद में पत्रिका अखबार के लिए खेल डेस्क पर भी काम करने का मौका मिला। पत्रिका ग्रुप में काम करते हुए 2014 फीफा वर्ल्ड कप की कवरेज के लिए अवॉर्ड भी मिला।

यूपी में वापसी हुई फिर से दैनिक जागरण आई नेक्स्ट में और जिम्मेदारी मिली गोरखपुर में डेस्क हेड की। आई नेक्स्ट की दूसरी पारी में दो बार गोरखपुर एडिशन के संपादकीय प्रभारी की भी भूमिका निभाई। वहीं, कुछ अरसे तक इलाहाबाद में डेस्क हेड की जिम्मेदारी भी संभाली। दैनिक जागरण आई नेक्स्ट में काम करने के दौरान, डिजिटल फॉर्मेट के लिए वीडियो स्टोरीज करते रहे। इसमें कुंभ 2019 के लिए वीडियो स्टोरीज भी शामिल हैं। बाद में यहां पर पॉडकास्ट के दो शो किए। जिनमें से एक आईपीएल रिकॉर्ड बुक और दूसरा शहर का किस्सा रहा।

जून 2021 से लाइव हिन्दुस्तान में होम टीम का हिस्सा। इस दौरान तमाम चुनाव, राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय घटनाक्रमों की खबरें की। साथ ही क्रिकेट टीम के साथ सहभागिता निभाते हुए आईपीएल और टी-20 विश्वकप, चैंपियंस ट्रॉफी के दौरान कवरेज में सक्रिय भूमिका निभाई। कुंभ 2025 के दौरान लाइव हिन्दुस्तान के लिए वीडियो स्टोरीज कीं।

अगर रुचि की बात करें तो फिल्में देखना, किताबें पढ़ना, कुछ नई स्किल्स सीखते रहना प्रमुख हैं। मिररलेस कैमरे के साथ वीडियो शूट करना और प्रीमियर प्रो पर एडिटिंग में दक्षता। प्रिय विषयों में सिनेमा और खेल दिल के बेहद करीब हैं।

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