होर्मुज पर टोल दिया तो… ईरान पर कंट्रोल नहीं, अब इन कंपनियों को धमकी देने पर आया अमेरिका

Upendra Thapak लाइव हिन्दुस्तान
Follow us on Google News
share

US Iran war: होर्मुज स्ट्रेट में ईरान को टोल देकर गुजरने वाले जहाजों को अमेरिका ने चेतावनी दी है। अमेरिका की तरफ से कहा गया है कि अगर कोई शिपिंग कंपनी तेहरान को टोल देकर होर्मुज से निकलती है, तो उसके ऊपर कार्रवाई की जा सकती है। पढ़ें पूरी खबर…

होर्मुज पर टोल दिया तो… ईरान पर कंट्रोल नहीं, अब इन कंपनियों को धमकी देने पर आया अमेरिका

Strait of Hormuz: पश्चिम एशिया में युद्ध तो बंद हो गया है, लेकिन शांति वार्ता पर बात बिगड़ी हुई है। ईरान और अमेरिका दोनों ही अपनी-अपनी शर्तों पर शांति वार्ता करना चाहते हैं। ऐसी स्थिति में अब वाशिंगटन ने तेहरान पर दबाव बनाने के लिए नए हथकंडे अपनाना शुरू कर दिया है। अमेरिका ने अब होर्मुज से ईरान को टैक्स देकर सुरक्षित निकलने वाली कंपनियों पर प्रतिबंध लगाने की धमकी दी है।

अमेरिका के विदेशी संपत्ति नियंत्रण कार्यालय ने सबसे पहले अमेरिकी नागरिकों और अमेरिकी कंपनियों को चेतावनी दी थी। इन लोगों से ईरान को किसी भी तरह के भुगतान से परहेज करने के लिए कहा गया था। लेकिन ईरान ने होर्मुज से अमेरिकी जहाजों को गुजरने की इजाजत नहीं दी है। ऐसे में फिलहाल तेहरान को टैक्स देने वाली कंपनियां दूसरे देशों की है। अब इस मुद्दे को सुलझाने के लिए ट्रंप प्रशासन ने गैर-अमेरिकी नागरिकों और कंपनियों पर भी इसी तरह का प्रतिबंध लगाने की धमकी दी है। ओएफएसी की तरफ से कहा गया, "ईरानी पोर्ट का इस्तेमाल करने वाली और होर्मुज पर ईरान को टैक्स देकर निकलने वाली जहाज कंपनियों को बड़े प्रतिबंधों का सामना करना पड़ सकता है।"

गौरतलब है कि अमेरिका की तरफ से यह धमकी ऐसे समय में सामने आई है, जब दोनों देशों के बीच में अपनी-अपनी शर्तों के आधार पर शांति वार्ता करने की होड़ मची हुई है। ईरान की तरफ से आए 14 सूत्रीय प्रस्ताव पर ट्रंप ने कहा कि वह इससे संतुष्ट नहीं है। वहीं, इससे पहले अमेरिका द्वारा दिए गए प्रस्ताव को ईरान ने ठुकरा दिया था।

दरअसल, अमेरिका और ईरान अभी भी उसी मुद्दे को लेकर फंसे हुए हैं, जिस पर वह इस युद्ध की शुरुआत से पहले थे। अमेरिका का कहना है कि वह ईरान को परमाणु कार्यक्रम चलाने की अनुमति नहीं देगा। किसी भी समझौते में परमाणु कार्यक्रम को रोकने की बात होनी चाहिए, वरना अमेरिका समझौते पर बात ही नहीं करेगा। वहीं, दूसरी ओर ईरान का कहना है कि अमेरिका बेमतलब में उसके परमाणु कार्यक्रम के पीछे पड़ा हुआ है। उसका पूरा कार्यक्रम शांति पूर्ण हैं।

क्या होर्मुज पर टोल वसूल रहा ईरान?

28 फरवरी को अमेरिकी और इजरायली हमले के बाद ईरान ने होर्मुज को बंद कर दिया था। इसके बाद अमेरिका ने नाटो सहयोगियों से इसे खुलवाने में मदद करने का आह्वान किया, लेकिन कथित तौर पर ट्रंप के रवैए से नाराज देशों ने आने से इनकार कर दिया। इसके बाद अमेरिका ने दूसरी तरफ से इसे बंद करके ईरानी जहाजों के लिए भी इस पर प्रतिबंध लगा दिया।

इसके बाद ईरान ने मित्रवत व्यवहार रखने वाले देशों के जहाजों को इजाजत के साथ यहां से गुजरने दिया। हालांकि, बाद में कुछ जहाजों पर हमले भी किए गए। 8 अप्रैल को लेबनान और इजरायल के बीच हुए सीजफायर के बाद ईरान ने होर्मुज को सभी के लिए खोल दिया, लेकिन ट्रंप ने ब्लाकेड हटाने से इनकर कर दिया। गुस्साए ईरान ने फिर से होर्मुज को बंद कर दिया।

कई दिनों की चर्चा के बाद ईरान ने ऐलान किया कि वह होर्मुज से निकलने वाले जहाजों से अब टोल लेना शुरू करेगा। कुछ दिनों पहले ही ईरान के नेता हामिदरेजा हाजी बाबाई ने ऐलान किया कि तेहरान ने होर्मुज से गुजरने वाले जहाज से पहली बार कमाई की है। इस पैसे को केंद्रीय बैंक में जमा कर दिया गया है।

ईरान के साथ अपनी शर्तों पर शांति वार्ता करने की कोशिश कर रहा अमेरिका, तेहरान पर दबाव बढ़ाना चाहता है। इसी वजह से वह तेहरान को किसी भी तरह का आर्थिक लाभ नहीं लेने देना चाहता। इसी वजह से उसने होर्मुज से जहाज निकालने वाली शिपिंग कंपनियों को चेतावनी दी है।

Upendra Thapak

लेखक के बारे में

Upendra Thapak

उपेंद्र ने डिजिटल पत्रकारिता की शुरुआत लाइव हिन्दुस्तान से की है। पिछले एक साल से वे होम टीम में कंटेंट प्रोड्यूसर के तौर पर कार्यरत हैं। उन्होंने लोकसभा चुनाव 2024, ऑपरेशन सिंदूर और कई राज्यों के विधानसभा चुनावों की कवरेज की है। पत्रकारिता की पढ़ाई भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), नई दिल्ली (बैच 2023-24) से पूरी करने वाले उपेंद्र को इतिहास, अंतर्राष्ट्रीय संबंध, राजनीति, खेल, विज्ञान और समसामयिक घटनाओं से जुड़े विषयों में गहरी रुचि है। स्नातक स्तर पर बायोटेक्नोलॉजी की पढ़ाई करने के कारण उन्हें मेडिकल और वैज्ञानिक विषयों की भाषा की भी अच्छी समझ है। वे मूल रूप से मध्यप्रदेश के भिंड जिले के निवासी हैं।

और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।