ट्रेंडिंग न्यूज़

Hindi News विदेशधूल के बादल और धुएं का गुबार, हमले के बाद खंडहर बन गई गाजा पट्टी; सैटेलाइट तस्वीरों में दिखा तबाही का मंजर

धूल के बादल और धुएं का गुबार, हमले के बाद खंडहर बन गई गाजा पट्टी; सैटेलाइट तस्वीरों में दिखा तबाही का मंजर

हमास के हमले के बाद से इजरायल ने गाजा पट्टी पर बम बरसाने शुरू कर दिए हैं। इजरायल के हमले में अब तक 6500 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है और कई मकान क्षतिग्रस्त हो गए हैं।

धूल के बादल और धुएं का गुबार, हमले के बाद खंडहर बन गई गाजा पट्टी; सैटेलाइट तस्वीरों में दिखा तबाही का मंजर
Himanshu Tiwariलाइव हिन्दुस्तान,गाजाThu, 26 Oct 2023 11:28 PM
ऐप पर पढ़ें

हमास द्वारा इजरायल पर हमले के बाद से मिडिल ईस्ट में स्थिति पहले जैसी नहीं रही। इजरायल की बीते 19 दिनों से जवाबी कार्रवाई जारी है। हमास ने अपने हमले में 1400 लोगों को मार गिराया था जबकि सैकड़ों लोगों को बंधक भी बना लिया था। इस घटना के बाद इजरायल बदले की आग में जल रहा है। इजरायल ने ठान ली है कि जब तक वह हमास के कैद से बंधकों को छुड़ा नहीं लेता, तब तक वह अपनी कार्रवाई को जारी रखेगा। हमास के हमले के बाद से इजरायल ने गाजा पट्टी पर बम बरसाने शुरू कर दिए हैं। इजरायल के हमले में अब तक 6500 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है। जबकि कई घर तबाह हो चुके हैं। अलजजीरा की एक रिपोर्ट के मुताबिक, इजरायली सेना के हमले में दो लाख घरों को क्षति पहुंची है।

फिलिस्तीनी सार्वजनिक निर्माण और आवास मंत्री मोहम्मद जियारा ने गुरुवार को कहा कि बमबारी ने कई जरूरी संस्थानों को नुकसान पहुंचा है। बमबारी में अस्पतालों, पूजा स्थलों, बेकरियों, पानी भरने वाले स्टेशनों, बाजारों, स्कूलों और शैक्षणिक और सेवा संस्थानों सहित सुविधाओं नष्ट हो गई हैं।

घनी आबादी को पहुंचा नुकसान

365 वर्ग किमी. में फैले गजा पट्टी में एक बड़ी आबादी निवास करती है, हमास और इजरायल के युद्ध की वजह यहां के स्थानीय लोगों को काफी परेशानियों को झेलना पड़ा है। संयुक्त राष्ट्र के मानवीय कार्यालय के अनुसार, इजरायली हमलों में एन्क्लेव की सभी आवास से कम से कम 45 प्रतिशत क्षतिग्रस्त या नष्ट हो गई हैं। सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में गाजा पट्टी के बेत हनून, बेत लाहिया, शुजैया, शाती शरणार्थी शिविर के आसपास के इलाके और खान यूनिस में अबासन अल-कबीरा शामिल हैं।

बंधकों को छुड़ाने के लिए अब इजरायली सेना जमीन पर भी उतर आई है। इजराइली सैनिकों और टैंकों ने गुरुवार को उत्तरी गाजा में कुछ घंटों तक जमीनी हमला किया। सेना ने बताया कि दो सप्ताह से अधिक समय के विनाशकारी हवाई हमलों के बाद संभावित जमीनी आक्रमण के मद्देनजर युद्धक्षेत्र तैयार करने के लिए कई आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया।

जमीन पर उतरी इजरायली सेना
     
यह हमला ऐसे वक्त किया गया है जब संयुक्त राष्ट्र ने आगाह किया है कि गाजा पट्टी में ईंधन खत्म होने की कगार पर है जिससे उसे क्षेत्र में राहत प्रयास को रोकने के लिए मजबूर होना पड़ेगा। दशकों से जारी इजरायल-फिलिस्तीन संघर्ष के दौरान गाजा की मौजूदा स्थिति अभूतपूर्व है। अगर इजरायल हमास के खात्मे के उद्देश्य से जमीनी आक्रमण शुरू करता है तो गाजा में मृतकों की संख्या बढ़ सकती है।

हमास शासित गाजा में स्वास्थ्य मंत्रालय ने बुधवार को कहा कि पिछले 24 घंटे में 750 से अधिक लोगों की मौत हो गयी जबकि एक दिन पहले 704 लोग मारे गए थे। एसोसिएटेड प्रेस मरने वालों की संख्या की पुष्टि नहीं करता है और मंत्रालय ने मृत नागरिकों तथा लड़ाकों की संख्या नहीं बताई है। संयुक्त राष्ट्र आंकड़ों के अनुसार साल 2014 के युद्ध से तुलना करें तो छह दिन तक चली उस जंग में 2,251 फलस्तीनी मारे गए थे, जिनमें ज्यादातर आम लोग थे।

केवल हमास के ठिकानों पर निशाना: इजरायली सेना
     
इजरायली सेना ने कहा कि उसने केवल हमास के ठिकानों पर हमला किया है। उसने हमास पर घनी आबादी वाले गाजा में नागरिकों के बीच रहकर अभियान चलाने का आरोप लगाया। युद्ध शुरू होने के बाद से ही हमास लड़ाकों ने ने इजराइल में रॉकेट हमले किए हैं। सेना ने बताया कि रातभर किए गए हमलों के दौरान सैनिकों ने हमास के लड़ाकों, ठिकानों और टैंक रोधी मिसाइल प्रक्षेपण स्थलों पर हमले किए। अभी किसी भी पक्ष ने हताहतों की जानकारी नहीं दी है।

इस बीच, बृहस्पतिवार सुबह दक्षिणी शहर खान यूनिस में एक आवासीय इमारत पर हवाई हमला किया गया। स्थानीय लोगों ने बताया कि इस इमारत में 25 विस्थापितों समेत 75 लोग रहते थे। गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि युद्ध में 6,500 से अधिक फलस्तीनियों की मौत हो गयी है। इसमें पिछले सप्ताह एक अस्पताल में हुए धमाके में मारे गए लोग भी शामिल हैं। 

हिन्दुस्तान का वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें