ईरान और अमेरिका की लड़ाई में अलर्ट हुआ इजरायल, आयरन डोम एक्टिव किया; होगा युद्ध?
इजरायल के सार्वजनिक प्रसारक 'कान' ने बताया कि पिछले 24 घंटों के दौरान इजरायल की हवाई रक्षा प्रणालियों में बदलाव किए गए हैं, जिसमें 'आयरन डोम इंटरसेप्टर सिस्टम' की तैनाती भी शामिल है। फिलहाल 'आरक्षित सैनिकों' को तुरंत बुलाए जाने का कोई आदेश नहीं दिया गया है और न ही IDF की ओर से कोई टिप्पणी आई है।
इजरायल ने ईरान के साथ तनाव बढ़ने की संभावना के मद्देनजर सैन्य तैयारियों को तेज कर दिया है। इजरायल के 'आर्मी रेडियो' की रिपोर्ट के अनुसार, इजरायल रक्षा बल (IDF) ने ईरान से जुड़े संभावित सैन्य टकराव की आशंका को देखते हुए तैयारी बढ़ा दी है और कई सैन्य टुकड़ियों को हाई अलर्ट पर रखा है।
प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के कार्यालय ने बताया कि ईरान से जुड़े घटनाक्रमों पर चर्चा करने के लिए राजनीतिक-सुरक्षा कैबिनेट की पहले से निर्धारित बैठक को बुलाया गया है।
इजरायल के सार्वजनिक प्रसारक 'कान' ने बताया कि पिछले 24 घंटों के दौरान इजरायल की हवाई रक्षा प्रणालियों में बदलाव किए गए हैं, जिसमें 'आयरन डोम इंटरसेप्टर सिस्टम' की तैनाती भी शामिल है। इजरायली अधिकारियों के आकलन के अनुसार, ईरान तब तक इजरायल पर हमला नहीं करेगा, जब तक कि अमेरिका ईरानी क्षेत्र पर बड़े पैमाने पर हमला नहीं करता।
फिलहाल 'आरक्षित सैनिकों' को तुरंत बुलाए जाने का कोई आदेश नहीं दिया गया है और न ही आईडीएफ की ओर से कोई आधिकारिक टिप्पणी आई है। ये कदम अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की उन टिप्पणियों के बाद उठाए गए हैं, जिनमें उन्होंने ईरानियों से विरोध प्रदर्शन जारी रखने का आग्रह किया था और कहा था कि 'मदद आने वाली है'।
गौरतलब है कि पिछले साल जून में इजरायल और ईरान के बीच 12 दिवसीय युद्ध हुआ था, जिसके दौरान इजरायली युद्धक विमानों ने ईरानी सैन्य ठिकानों पर हमले किए थे।
ईरान में ढाई हजार से ज्यादा मौतें
ईरान में प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कार्रवाई में मरने वालों की संख्या बढ़कर 2,571 हो गई है। अमेरिका की एक मानवाधिकार संस्था ने बुधवार को यह जानकारी दी। अमेरिका की मानवाधिकार संस्था ‘ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट न्यूज एजेंसी’ ने ये आंकड़े बताए हैं। यह एजेंसी हाल के वर्षों में हुई हिंसक घटनाओं के दौरान सटीक जानकारी देने के लिए जानी जाती रही है और ईरान में मौजूद अपने समर्थकों के जरिए सूचनाओं का सत्यापन करती है।
संस्था ने कहा कि मरने वालों में 2,403 प्रदर्शनकारी हैं और 147 सरकारी कर्मी हैं। संस्था ने बताया कि मारे गए लोगों में 12 बच्चे और नौ आम नागरिक भी शामिल हैं जो प्रदर्शनों में शामिल नहीं थे।
ट्रंप प्रदर्शनकारियों को कब्जा करने कह रहे
अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को कहा कि उन्होंने विरोध प्रदर्शनों पर कार्रवाई के बीच ईरानी अधिकारियों के साथ होने वाली वार्ता रद्द कर दी है। साथ ही उन्होंने ईरान के नागरिकों से कहा, “मदद भेजी जा रही है।” राष्ट्रपति ट्रंप ने मंगलवार को हालांकि यह विवरण नहीं दिया कि मदद का स्वरूप क्या है।
ट्रंप ने यह स्पष्ट नहीं किया कि यह मदद किस रूप में होगी, लेकिन यह बयान ऐसे समय आया है जब रिपब्लिकन राष्ट्रपति ने इस सप्ताह की शुरुआत में कहा था कि वॉशिंगटन की ओर से इस्लामी गणराज्य पर हमले की धमकी के बाद ईरान बातचीत करना चाहता है।
राष्ट्रपति ने बार-बार तेहरान को सैन्य कार्रवाई की धमकी दी है यदि उनके प्रशासन को पता चलता है कि इस्लामी गणराज्य सरकार विरोधी प्रदर्शनकारियों के खिलाफ घातक बल का प्रयोग कर रहा है, लेकिन उन्होंने यह नहीं बताया है कि उन्होंने जवाबी कार्रवाई के संबंध में कोई निर्णय लिया है या नहीं।
ट्रंप ने ‘ट्रुथ सोशल’ पर सुबह किए गए एक पोस्ट में लिखा,'ईरानी देशभक्तों, प्रदर्शन जारी रखो — अपनी संस्थाओं पर कब्जा करो!!!' उन्होंने कहा, 'हत्यारों और अत्याचारियों के नाम दर्ज कर लो। उन्हें इसकी भारी कीमत चुकानी पड़ेगी। जब तक प्रदर्शनकारियों की निरर्थक हत्याएं बंद नहीं होतीं, मैंने ईरानी अधिकारियों के साथ सभी बैठकें रद्द कर दी हैं। मदद भेजी जा रही है।'
(वार्ता और भाषा इनपुट के साथ)

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