अमेरिका में ICE एजेंट ने आप्रवासन अभियान में महिला को मारी गोली, मौत के बाद विरोध-प्रदर्शन
अमेरिका के मिनियापोलिस शहर में 7 जनवरी 2026 को एक बड़े पैमाने पर आव्रजन प्रवर्तन अभियान के दौरान इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट के एक एजेंट ने एक 37 वर्षीय अमेरिकी महिला को गोली मार दी, जिससे उसकी मौत हो गई।
अमेरिका के मिनियापोलिस शहर में 7 जनवरी 2026 को एक बड़े पैमाने पर आव्रजन प्रवर्तन अभियान के दौरान इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट (ICE) के एक एजेंट ने एक 37 वर्षीय अमेरिकी महिला को गोली मार दी, जिससे उसकी मौत हो गई। यह घटना शहर के दक्षिणी हिस्से में ईस्ट 34थ स्ट्रीट और पोर्टलैंड एवेन्यू के पास हुई, जहां ट्रंप प्रशासन के तहत हजारों संघीय एजेंट तैनात किए गए हैं। यह अभियान मिनेसोटा में सोमाली समुदाय से जुड़े कथित कल्याणकारी घोटालों की जांच से संबंधित है और इसे अब तक का सबसे बड़ा डीएचएस ऑपरेशन बताया जा रहा है।
वहीं, ट्रंप प्रशासन ने गोलीबारी की पुष्टि की और कहा कि महिला ने अपने वाहन से कानून प्रवर्तन अधिकारियों को कुचलने की कोशिश की थी। डीएचएस की प्रवक्ता ट्रिशिया मैकलॉघलिन ने कहा कि मिनियापोलिस में आईसीई अधिकारी लक्षित अभियान चला रहे थे, तभी प्रदर्शनकारियों ने आईसीई अधिकारियों को रोकना शुरू कर दिया और इनमें से एक ने अपने वाहन को हथियार बनाकर कानून प्रवर्तन अधिकारियों को कुचलने की कोशिश की।
बयान में आगे कहा गया कि एक आईसीई अधिकारी ने अपनी जान, अपने साथी अधिकारियों की जान और जनता की सुरक्षा को खतरे में देखते हुए आत्मरक्षा में गोलियां चलाईं। अधिकारी ने अपने प्रशिक्षण का उपयोग करते हुए खुद और साथियों की जान बचाई। महिला को गोली लगी और उसकी मौत हो गई। गौरतलब है कि प्रशासन ने शहर में सैकड़ों एजेंट तैनात किए थे, जो मिनेसोटा में सोमाली समुदाय से जुड़े कल्याणकारी घोटालों की जांच के बाद की अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई थी।
हालांकि प्रशासन ने महिला का नाम नहीं बताया, लेकिन उसके वाहन से एजेंटों को कुचलने के प्रयास को घरेलू आतंकवाद करार दिया। रिपोर्ट्स के अनुसार, महिला अमेरिकी नागरिक थी और प्रदर्शन में शामिल एक कानूनी पर्यवेक्षक थी। गवाहों और स्थानीय अधिकारियों ने संघीय दावों का खंडन किया है।
वहीं घटना के बाद मिनियापोलिस के मेयर जैकब फ्रे ने गोलीबारी की निंदा की और आईसीई से शहर छोड़ने की मांग की। मिनियापोलिस के मेयर जैकब फ्रे ने सोशल मीडिया पर बयान में कहा कि संघीय आव्रजन एजेंटों की उपस्थिति शहर में अराजकता पैदा कर रही है। हम आईसीई से तुरंत शहर छोड़ने की मांग कर रहे हैं। हम अपने आप्रवासी और शरणार्थी समुदायों के साथ पूरी तरह खड़े हैं। कल्याणकारी योजनाओं से जुड़े घोटालों के बाद मिनेसोटा के गवर्नर टिम वाल्ज ने कहा कि उनका कार्यालय आईसीई से संबंधित गोलीबारी की जानकारी जुटा रहा है और लोगों से शांत रहने की अपील की।

लेखक के बारे में
Devendra Kasyapदेवेन्द्र कश्यप पिछले 13 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अगस्त 2025 से वह लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर के पद पर कार्यरत हैं। संस्थान की होम टीम का वह एक अहम हिस्सा हैं। राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों पर उनकी पैनी नजर रहती है। वायरल कंटेंट के साथ-साथ लीक से हटकर और प्रभावशाली खबरों में उनकी विशेष रुचि है।
देवेन्द्र ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2013 में महुआ न्यूज से की। करियर के शुरुआती दौर में उन्होंने बिहार की राजधानी पटना में रिपोर्टिंग की। इस दौरान राजनीति के साथ-साथ क्राइम और शिक्षा बीट पर भी काम किया। इसके बाद उन्होंने जी न्यूज (बिहार-झारखंड) में अपनी सेवाएं दीं। वर्ष 2015 में ईनाडु इंडिया के साथ डिजिटल मीडिया में कदम रखा। इसके बाद राजस्थान पत्रिका, ईटीवी भारत और नवभारत टाइम्स ऑनलाइन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में कार्य किया।
मूल रूप से बिहार के भोजपुरी बेल्ट रोहतास जिले के रहने वाले देवेन्द्र कश्यप ने अपनी प्रारंभिक और उच्च शिक्षा पटना से प्राप्त की। उन्होंने पटना विश्वविद्यालय से राजनीति विज्ञान में स्नातक की डिग्री हासिल की और MCU भोपाल से पत्रकारिता में डिप्लोमा किया। वर्तमान में वह उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में प्रवास कर रहे हैं।
और पढ़ें
लेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।




