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दुनिया का तापमान बढ़ने से बड़ा खतरा क्या है, अरबों खर्च करने के बाद बिल गेट्स ने क्या बताया

दुनिया का तापमान बढ़ने से बड़ा खतरा क्या है, अरबों खर्च करने के बाद बिल गेट्स ने क्या बताया

संक्षेप:

उनका कहना है कि तापमान के बढ़ने को लेकर जो भय पैदा किया जा रहा है, वह थोड़ा अतिशयोक्तिपूर्ण है। आज भी इस बात की जरूरत अधिक है कि गरीब मुल्कों की बड़ी आबादी के जीने के तरीके में बदलाव लाया जाए। उन्हें मूलभूत सुविधाओं किल्लत से बाहर निकाला जाए।

Oct 28, 2025 11:21 am ISTSurya Prakash लाइव हिन्दुस्तान, न्यूयॉर्क
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दुनिया के टॉप रईसों में शामिल माइक्रोसॉफ्ट के फाउंडर बिल गेट्स ने दिलचस्प बात कही है। उनका कहना है कि दुनिया में ग्लोबल वार्मिंग से मानव जीवन पर किसी तरह का खतरा नहीं है। ग्लोबल वार्मिंग के अध्ययन पर अरबों डॉलर की पूंजी खर्च करने वाले बिल गेट्स की राय अब अलग दिखती है। उनका कहना है कि तापमान के बढ़ने को लेकर जो भय पैदा किया जा रहा है, वह थोड़ा अतिशयोक्तिपूर्ण है। आज भी इस बात की जरूरत अधिक है कि गरीब मुल्कों की बड़ी आबादी के जीने के तरीके में बदलाव लाया जाए। उन्हें मूलभूत सुविधाओं किल्लत से बाहर निकाला जाए।

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मंगलवार को जारी एक डिटेल मेमोरेंडम में बिल गिट्स ने अपनी राय में बदलाव की यह बात कही है। गेट्स ने कहा कि बहुत से लोग तापमान बढ़ने के प्रभावों का वर्णन करते समय जो अतिशयोक्तिपूर्ण भय पैदा करते हैं, उसे अब कम करने की आवश्यकता है। इसके बजाय हमें गरीब लोगों को संकट से निकालने पर फोकस बढ़ाना चाहिए। उन्होंने लिखा, 'यह सही है कि जलवायु परिवर्तन के गंभीर परिणाम होंगे और खासतौर पर गरीब देशों पर इसकी ज्यादा मार पड़ेगी। लेकिन यह मानवता के अंत का कारण नहीं बनेगा। लोग आने वाले भविष्य में पृथ्वी के अधिकांश हिस्सों में जीने और समृद्ध होने में सक्षम रहेंगे।'

उन्होंने सुझाव दिया है कि हमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से मानव जीवन को सुविधायुक्त और बेहतर करने पर फोकस करना होगा। इसके अलावा क्लीन एनर्जी कैसे बढ़ाई जाए, यह भी हमारे दायरे में होना चाहिए। बिल गेट्स ने सुझाव दिया कि समुद्र के बढ़ते जलस्तर, अत्यधिक गर्मी, आग और सूखे जैसी समस्याओं से कैसे निपटा जाए। इसमें भी तकनीक की मदद ली जा सकती है। वे यह चेतावनी भी देते हैं कि बहुत-कम बजट वाले देशों में सहायता और विदेशी निवेश कम हो रहा है, जबकि उन देशों में जलवायु परिवर्तन-अनुकूलन और स्वास्थ्य सुरक्षा की ज़रूरत बढ़ रही है।

Surya Prakash

लेखक के बारे में

Surya Prakash
दुनियादारी में रुचि पत्रकारिता की ओर खींच लाई। समकालीन राजनीति पर लिखने के अलावा सामरिक मामलों, रणनीतिक संचार और सभ्यतागत प्रश्नों के अध्ययन में रुचि रखते हैं। करियर की शुरुआत प्रिंट माध्यम से करते हुए बीते करीब एक दशक से डिजिटल मीडिया में हैं। फिलहाल लाइव हिन्दुस्तान में नेशनल, इंटरनेशनल डेस्क के इंचार्ज हैं। और पढ़ें

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