ईरान युद्ध के बीच एक मुस्लिम देश छोड़कर निकली अमेरिकी फौज, खाली कर दिए बेस

Ankit Ojha लाइव हिन्दुस्तान
share

ईरान युद्ध के बीच अमेरिका ने सीरिया से अपनी फौज हटा ली है। जानकारी के मुताबिक अमेरिका ने अपने सभी बेसों से सैनिकों को वापस बुलाकर इसे सीरिया की सरकार के हवाले कर दिया है।

ईरान युद्ध के बीच एक मुस्लिम देश छोड़कर निकली अमेरिकी फौज, खाली कर दिए बेस

ईरान युद्ध के बीच अमेरिका ने सीरिया से अपनी फौज हटा ली है। जानकारी के मुताबिक अमेरिका ने अपने सभी बेसों से सैनिकों को वापस बुलाकर इसे सीरिया की सरकार के हवाले कर दिया है। कई ऐसी तस्वीरें भी सामने आई हैं जिनमें देखा जा सकता है कि अमेरिकी बेस वीरान पड़े हैं। वहीं वाहनों पर अपना सामान लादकर रवाना हो रही है।

जानकारी के मुताबिक अमेरिकी सेना ने हसाका प्रांत में कसराक एयरबेस को खाली कर दिया है। भारी उपकरणों के साथ सेना यहां से निकल गई है। बताया जा रहा है कि सीरिया में ज्यादातर सैन्य ठिकाने अमेरिका ने खाली कर दिए हैं। अमेरिकी सेंट्र्ल कमांड के प्रवक्ता ने कहा कि यह सुनियोजित तरीके से उठाया गया गकदम है। अमेरिका ने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ वह अपने सहयोगियों का साथ देता रहेगा।

सीरिया ने क्या कहा

सीरिया ने बताया है कि अमेरिका फौज का निकलना उसकी बड़ी जीत है। सीरिया के विदेश मंत्री ने कहा कि यह एक तरह से हमारे देश की संप्रभुता का वापस लौटना है। उन्होंने कहा कि कुर्द लड़ाकों और सीरिया की सरकार के बीच समझौते के बाद अमेरिका ने देश छोड़ने का फैसला किया है। इसके अलावा सीरिया की सरकार ने आईएसआईएस के खिलाफ भी कड़े कदम उठाए हैं। बता दें कि अमेरिका ने जॉर्डन सीमा पर स्थित अल तनफ बेस को फरवरी में ही खाली कर दिया था।

क्या अमेरिका को लगा है झटका?

अमेरिका लगातार दावा कर रहा है कि उसने ईरान की सेना को तबाह कर दिया है। दूसरी तरफ ईरान हार मानने को तैयार नहीं है। अमेरिका ही बार-बार बातचीत करने की भी इच्छा जताता है। वहीं ईरान का कहना है कि वह युद्ध और शांति दोनों के लिए तैयार है। इसी बीच एक मुस्लिम देश से अमेरिका से यूं निकलना बताता है कि अमेरिका एक कदम पीछे ले रहा है। अब देखना यह है कि वह पीछे हटते हुए वार्ता के जरिए समझौता करेगा या फिर हमला और तेज करेगा।

Ankit Ojha

लेखक के बारे में

Ankit Ojha

विद्यालयी जीवन से ही कलात्मक अभिव्यक्ति, विचारशील स्वभाव और मिलनसार व्यक्तित्व और सामान्य के अंदर डुबकी लगाकर कुछ खास खोज लाने का कौशल पत्रकारिता के लिए अनुकूल साबित हुआ। अंकित ओझा एक दशक से डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में लगातार सक्रिय हैं। उत्तर प्रदेश के बाराबंकी के रहने वाले अंकित ओझा समाचारों की दुनिया में तथ्यों के महत्व के साथ ही संवेदनशीलता के पक्ष को साधने में निपुण हैं। पिछले चार साल से हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप के 'लाइव हिन्दुस्तान' के लिए चीफ कॉन्टेंट प्रड्यूसर पद पर कार्य कर रहे हैं। इससे पहले 'टाइम्स ऑफ इंडिया' और 'इंडियन एक्सप्रेस' ग्रुप के साथ भी कार्य कर चुके हैं।


राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय, राज्य और सामाजिक सरोकारों की खबरों के संपादन में लंबा अनुभव होने के साथ ही अपने-आसपास की घटनाओं में समाचार तत्व निकालने की अच्छी समझ है। घटनाओं और समाचारों से संबंधित फैसले लेने और त्वरित समाचार प्रकाशित करने में विशेष योग्यता है। इसके अलावा तकनीक और पाठकों की बदलती आदतों के मुताबिक सामग्री को रूप देने के लिए निरंतर सीखने में विश्वास करते हैं। अंकित ओझा की रुचि राजनीति के साथ ही दर्शन, कविता और संगीत में भी है। लेखन और स्वरों के माध्यम से लंबे समय तक आकाशवाणी से भी जुड़े रहे। इसके अलावा ऑडियन्स से जुड़ने की कला की वजह से मंचीय प्रस्तुतियां भी सराही जाती हैं।


अकादमिक योग्यताः अंकित ओझा ने प्रारंभिक शिक्षा नवोदय विद्यालय से पूरी करने के बाद जामिया मिल्ल्लिया इस्लामिया से पत्रकारिता में ही ग्रैजुएशन किया है। इसके बाद भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC) से पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा और कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में एमए किया है। जामिया में अध्ययन के दौरान ही इटैलियन और उर्दू भाषा में भी कोर्स किए हैं। इसके अलावा पंजाबी भाषा की भी अच्छी समझ रखते हैं। विश्वविद्यालय में NCC का 'C सर्टिफिकेट' भी प्राप्त किया है। IIMC और ऑक्सफर्ड से स्वास्थ्य पत्रकारिता का सर्टिफिकेट भी प्राप्त किया है।

और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।