युद्ध टालने का अंतिम उपाय! अमेरिका-ईरान के बीच होगी तीसरे दौर की परमाणु वार्ता

Feb 26, 2026 03:25 pm ISTDeepak Mishra लाइव हिन्दुस्तान, जेनेवा
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अमेरिका और ईरान में तनाव के बीच दोनों देशों में गुरुवार को तीसरे दौर की परमाणु वार्ता होगी। इस बातचीत को दोनों देशों के बीच युद्ध टालने के अंतिम उपाय के रूप में देखा जा रहा है।

युद्ध टालने का अंतिम उपाय! अमेरिका-ईरान के बीच होगी तीसरे दौर की परमाणु वार्ता

अमेरिका और ईरान में तनाव के बीच दोनों देशों में गुरुवार को तीसरे दौर की परमाणु वार्ता होगी। इस बातचीत को दोनों देशों के बीच युद्ध टालने के अंतिम उपाय के रूप में देखा जा रहा है। गौरतलब है कि अमेरिका लगातार ईरान की सीमा पर अपना युद्धक बेड़ा मजबूत कर रहा है। उसकी कोशिश ईरान पर समझौते के लिए दबाव बनाने की है। बता दें कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान के परमाणु कार्यक्रम को नियंत्रित करने के लिए एक समझौता चाहते हैं। वर्तमान हालात में उन्हें एक मौका दिखाई दे रहा है। वजह, ईरान पिछले महीने हुए राष्ट्रव्यापी प्रदर्शनों के बाद घरेलू असंतोष से जूझ रहा है। इस बीच, ईरान ने यूरेनियम बनाने का इरादा स्पष्ट किया है। हालांकि जून में तीन परमाणु ठिकानों पर अमेरिकी हमले के बाद उसका परमाणु कार्यक्रम तबाह हो चुका है।

ईरान ने भी दी है धमकी
ईरान ने धमकी दी है कि अगर अमेरिका हमला करता है तो वह मिडिल ईस्ट में मौजूद सभी अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाएगा। अगर ईरान ऐसा करता है तो हजारों अमेरिकी सैनिकों की जान खतरे में होगी। ईरान ने इजरायल पर भी हमले की धमकी दी है। इसका मतलब यह हुआ कि पूरा मिडिल ईस्ट युद्ध की चपेट में आ जाएगा। ईरान के विदेश मंत्री अब्बा अरागाजी ने कहाकि इस युद्ध में किसी को जीत नहीं मिलेगी। यह एक विनाशकारी कदम होगा। उन्होंने कहाकि चूंकि अमेरिकियों के ठिकाने क्षेत्र के विभिन्न स्थानों में फैले हुए हैं, इसलिए दुर्भाग्यवश शायद पूरा क्षेत्र युद्ध में शामिल हो जाएगा और इसमें सम्मिलित होगा। हालात बहुत भयावह हो जाएगा।

ओमान की मध्यस्थता
ईरान के विदेश मंत्री अरागाजी फिर से स्टीव विटकोफ के सामने बैठेंगे, जो ट्रंप के दोस्त और अरबपति रियल एस्टेट डेवलपर हैं। वह राष्ट्रपति के लिए एक विशेष मध्यपूर्व दूत के रूप में कार्य करते हैं। पिछले साल दोनों ने कई दौर की बातचीत की थी, जो इजरायल द्वारा जून में ईरान के खिलाफ अपने युद्ध शुरू करने के बाद असफल हो गई थी। इस हालिया बातचीत में भी ओमान मध्यस्थता कर रहा है। ओमान लंबे समय से ईरान और पश्चिम के बीच मध्यस्थ के रूप में काम करता रहा है।

ईरान ने खारिज किया ट्रंप का दावा
इससे पहले ईरान के विदेश मंत्रालय ने बुधवार को अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उन दावों को सिरे से खारिज कर दिया, जिसमें तेहरान के परमाणु कार्यक्रम और मिसाइल शक्ति को लेकर गंभीर आरोप लगाए गए थे। ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने अमेरिका के बयानों को एक के बाद एक बोला गया झूठ करार दिया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रतिक्रिया देते हुए बघाई ने कहाकि ईरान के परमाणु कार्यक्रम, बैलिस्टिक मिसाइलों और हालिया नागरिक अशांति में हताहतों की संख्या को लेकर अमेरिका जो कुछ भी कह रहा है, वह पूरी तरह मनगढ़ंत और बड़े झूठ का दोहराव है। उन्होंने अमेरिका पर तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश करने का आरोप लगाया।

ट्रंप ने क्या कहा था
बता दें कि ट्रंप ने अमेरिकी कांग्रेस में दिए एक भाषण में दावा किया कि ईरान ने ऐसी मिसाइलें विकसित कर ली हैं जो यूरोप और विदेशी अमेरिकी ठिकानों के लिए खतरा हैं। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान अब ऐसी मिसाइलों पर काम कर रहा है, जो जल्द ही अमेरिका तक पहुंचने में सक्षम होंगी। उन्होंने यह भी कहाकि ईरान के मुद्दे पर उन्होंने सभी विकल्प खुले रखे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि कूटनीति विफल रहती है, तो वह सीमित युद्ध से भी पीछे नहीं हटेंगे। ट्रंप ने कहाकि हमारी नीति का मुख्य स्तंभ यह है कि हम ईरान को कभी भी परमाणु हथियार हासिल नहीं करने देंगे।

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Deepak Mishra

मूल रूप से आजमगढ़ के रहने वाले दीपक मिश्रा के लिए पत्रकारिता में आना कोई संयोग नहीं था। घर में आने वाली तमाम मैगजीन्स और अखबार पढ़ते-पढ़ते खुद अखबार में खबर लिखने तक पहुंच गए। हालांकि सफर इतना आसान भी नहीं था। इंटरमीडिएट की पढ़ाई के बाद जब घरवालों को इस इरादे की भनक लगी तो खासा विरोध भी सहना पड़ा। फिर मन में ठाना कि चलो जमीनी अनुभव लेकर देखते हैं। इसी मंशा के साथ ग्रेजुएशन की पढ़ाई के दौरान आजमगढ़ के लोकल टीवी में काम करना शुरू किया। कैमरे पर शहर की गतिविधियां रिकॉर्ड करते, न्यूज बुलेटिन लिखते और कुछेक बार उन्हें कैमरे के सामने पढ़ते-पढ़ते इरादा मजबूत हो गया कि अब तो मीडिया में ही जाना है।

आजमगढ़ के डीएवी डिग्री कॉलेज से इंग्लिश, पॉलिटिकल साइंस और हिस्ट्री विषयों में ग्रेजुएशन के बाद वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय से मास कम्यूनिकेशन में मास्टर डिग्री। इसके बाद अखबारों में नौकरी का सिलसिला शुरू हुआ आज अखबार से। फिर दैनिक जागरण के बाइलिंगुअल अखबार आई नेक्स्ट में वाराणसी में डेस्क पर नौकरी। वहां से सेंट्रल डेस्क कानपुर का सफर और फिर पत्रिका अखबार के इवनिंगर न्यूज टुडे में सेंट्रल डेस्क हेड की जिम्मेदारी। बाद में पत्रिका अखबार के लिए खेल डेस्क पर भी काम करने का मौका मिला। पत्रिका ग्रुप में काम करते हुए 2014 फीफा वर्ल्ड कप की कवरेज के लिए अवॉर्ड भी मिला।

यूपी में वापसी हुई फिर से दैनिक जागरण आई नेक्स्ट में और जिम्मेदारी मिली गोरखपुर में डेस्क हेड की। आई नेक्स्ट की दूसरी पारी में दो बार गोरखपुर एडिशन के संपादकीय प्रभारी की भी भूमिका निभाई। वहीं, कुछ अरसे तक इलाहाबाद में डेस्क हेड की जिम्मेदारी भी संभाली। दैनिक जागरण आई नेक्स्ट में काम करने के दौरान, डिजिटल फॉर्मेट के लिए वीडियो स्टोरीज करते रहे। इसमें कुंभ 2019 के लिए वीडियो स्टोरीज भी शामिल हैं। बाद में यहां पर पॉडकास्ट के दो शो किए। जिनमें से एक आईपीएल रिकॉर्ड बुक और दूसरा शहर का किस्सा रहा।

जून 2021 से लाइव हिन्दुस्तान में होम टीम का हिस्सा। इस दौरान तमाम चुनाव, राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय घटनाक्रमों की खबरें की। साथ ही क्रिकेट टीम के साथ सहभागिता निभाते हुए आईपीएल और टी-20 विश्वकप, चैंपियंस ट्रॉफी के दौरान कवरेज में सक्रिय भूमिका निभाई। कुंभ 2025 के दौरान लाइव हिन्दुस्तान के लिए वीडियो स्टोरीज कीं।

अगर रुचि की बात करें तो फिल्में देखना, किताबें पढ़ना, कुछ नई स्किल्स सीखते रहना प्रमुख हैं। मिररलेस कैमरे के साथ वीडियो शूट करना और प्रीमियर प्रो पर एडिटिंग में दक्षता। प्रिय विषयों में सिनेमा और खेल दिल के बेहद करीब हैं।

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