
अपना घर संभालो... पाकिस्तान पर भड़का तालिबान, विदेश मंत्री आमिर खान मुत्तकी ने खूब सुनाया
अफगानिस्तान की तालिबान सरकार ने पाकिस्तान को सख्त चेतावनी दी है। अपने बयान में कहा है कि वह अपनी आंतरिक चुनौतियों के लिए काबुल को दोष देने की आदत छोड़ दे। अफगान विदेश मंत्री ने कड़े शब्दों में कहा कि पाकिस्तान को अफगानिस्तान पर आरोप लगाने के बजाय अपने घरेलू मामलों पर ध्यान देना चाहिए।
अफगानिस्तान की तालिबान सरकार ने पाकिस्तान को सख्त चेतावनी दी है। अपने बयान में कहा है कि वह अपनी आंतरिक चुनौतियों के लिए काबुल को दोष देने की आदत छोड़ दे। अफगान विदेश मंत्री आमिर खान मुत्तकी ने कड़े शब्दों में कहा कि पाकिस्तान को अफगानिस्तान पर आरोप लगाने के बजाय अपने घरेलू मामलों पर ध्यान देना चाहिए। यह बयान तब आया जब हाल के इस्लामाबाद बम विस्फोट के बाद पाकिस्तान ने अफगानिस्तान स्थित आतंकी संगठनों, खासकर तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) को जिम्मेदार ठहराया। पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने यहां तक धमकी दी थी कि अगर काबुल इन पर कार्रवाई नहीं करता, तो इस्लामाबाद सीमा पार सैन्य अभियान पर विचार करेगा।

क्या बोले विदेश मंत्री मुत्तकी?
इससे पहले आमिर खान मुत्तकी ने शांति वार्ता की असफलता के लिए पाकिस्तान को पूरी तरह जिम्मेदार ठहराया और इस्लामाबाद की मांगों को 'अनुचित' करार दिया। काबुल में एक सभा को संबोधित करते हुए मुत्तकी ने पुष्टि की कि तुर्की में चली वार्ता के बिना किसी सफलता के समाप्त होने पर अफगान प्रतिनिधिमंडल वापस लौट आया है। उन्होंने पाकिस्तान पर अफगानिस्तान की संप्रभुता का लगातार उल्लंघन करने और अपनी सुरक्षा कमियों का बोझ दूसरे पर डालने का आरोप लगाया। मुत्तकी के अनुसार, पिछले चार सालों में इस्लामाबाद के 'बार-बार उल्लंघनों' ने दोनों देशों के बीच तनाव को और बढ़ा दिया है।
इस दौरान मुत्तकी ने कहा कि पाकिस्तान ने अफगान हवाई क्षेत्र और संप्रभुता का हनन किया, अफगान नागरिकों, दुकानों व बाजारों पर बमबारी की। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि काबुल के हवाई क्षेत्र पर भी अतिक्रमण हुआ, जिसके चलते इस्लामिक अमीरात के पास जवाबी कार्रवाई के सिवा कोई चारा नहीं बचा। कतर और तुर्की की वार्ताओं में पाकिस्तान की प्रमुख मांग थी कि काबुल गारंटी दे कि उसके इलाके में कोई सुरक्षा घटना न हो, लेकिन मुत्तकी ने इसे 'अतार्किक' बताकर ठुकरा दिया। उन्होंने तंज कसाते हुए कहा कि हम पाकिस्तान की आंतरिक सुरक्षा के कैसे जिम्मेदार? क्या हमारे पास वहां शांति सेनाएं हैं? क्या हम उनकी पुलिस या सेना को नियंत्रित करते हैं?
अफगानिस्तान को कैसे दोषी ठहरा सकते?
इसके अलावा, अफगान विदेश मंत्री ने इस्लामाबाद पर आईएसआईएस आतंकियों को अफगानिस्तान में घुसपैठ करने देने और बार-बार हवाई हमले करने का भी इल्जाम लगाया। उन्होंने तंज भरे लहजे में कहा कि डूरंड लाइन के पार आपके पास विशाल सेना, खुफिया तंत्र, तकनीक और कैमरे हैं। यदि कोई इन सभी बाधाओं और दीवारों को पार कर जाता है, तो अफगानिस्तान को कैसे दोषी ठहरा सकते हैं?
वहीं, तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने पाकिस्तान पर 'अफगानिस्तान या अपनी सुरक्षा की जिम्मेदारी न लेने' और 'सभी बोझ काबुल पर डालने' का प्रयास करने का आरोप लगाया था। मुजाहिद ने कहा कि पाकिस्तान की परेशानियां नई नहीं हैं। पिछले 25 वर्षों से वह टीटीपी, बम धमाकों, ड्रोन हमलों व इस्लामाबाद, कराची व पेशावर जैसे शहरों में हमलों से जूझ रहा है। उन्होंने अफगान शरणार्थियों के साथ इस्लामाबाद के बर्ताव की भी निंदा की और कहा कि एक परमाणु शक्ति अपनी ताकत का दुरुपयोग कमजोर नागरिकों पर कर रही है। मुजाहिद ने तंज कसते हुए कहा कि एक परमाणु शक्ति प्याज और टमाटर के खिलाफ अपनी शक्ति का इस्तेमाल कर रही है।

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Devendra Kasyapलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।


