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पटना में डरावनी है कोचिंग इंस्टीट्यूट की ‘सूरत'

coaching institutes in patna

पटना में चल रहे कोचिंग संस्थानों की हालत सूरत से भी बदतर है। अगर यहां भी किसी कोचिंग संस्थान में सूरत जैसी आग लग जाए तो बच्चों को कूदकर ही जान बचानी होगी। इसका खुलासा डीजी अग्निशमन को दी गई रिपोर्ट में हुआ है। सूरत में हुए अग्निकांड के बाद पटना के कोचिंग संस्थानों में अग्नि सुरक्षा मानकों की जांच करवाई गई। जिले के सभी फायर स्टेशन ने 298 कोचिंग संस्थानों की जांच की। चौंकाने वाली बात यह है कि एक भी कोचिंग का भवन अग्नि सुरक्षा के मानकों पर खरा नहीं उतरा।.

सूरत में हुए अग्निकांड के बाद डीजी फायर ने जिले के सभी 10 फायर स्टेशनों को लिखित आदेश दिया कि अपने क्षेत्र के कोचिंग संस्थानों की जांच कराइए। पटना जिले में कई कोचिंग संस्थान बहुमंजिला भवनों में चल रहे हैं। ये संस्थान घनी आबादी के बीच संचालित हो रहे हैं। ऐसे में यह कोचिंग संस्थान अग्नि सुरक्षा मानकों को पूरा कर रहे हैं या नहीं, इसकी जांच होनी जरूरी है। .

जांच के लिए एक प्रारूप भी तैयार किया गया। अग्नि सुरक्षा जांच प्रमाण पत्र के नाम से बनाए गए इस प्रारूप में 36 बिंदु हैं। जिसमें लिफ्ट से लेकर दरवाजे तक की जानकारी संस्थानों को देनी है। सभी फायर स्टेशनों ने मिलकर 298 कोचिंग संस्थानों की जांच कर रिपोर्ट डीजी फायर को सौंप दी है। इसमें सबसे अधिक पटना सिटी में 126 कोचिंग में जांच की गई। सबसे कम मसौढ़ी फायर स्टेशन के अंतर्गत जांच हुई। यहां सिर्फ छह कोचिंग संस्थानों की ही जांच हुई।.

हवा में मानक 

जांच में पाया गया कि कोचिंग संस्थानों का पूरा ध्यान पैसे पर है। वह बच्चों की सुरक्षा को लेकर जरा भी गंभीर नहीं हैंै। बच्चों को एक छोटे कमरे में जानवरों की तरह ठंूस कर पढ़ाया जा रहा है। किसी भी कोचिंग में बाहर निकलने के दो दरवाजे नहीं हैं। जबकि, नियम है कि दो दरवाजे होने चाहिए। जांच में कोई भी कोचिंग संस्थान फायर फाइटिंग सिस्टम से भी युक्त नहीं मिला। यानी अगर किसी भी संस्थान में आग लग जाए तो उसे तुरंत नहीं बुझाया जा सकेगा। .

फिर होगी समीक्षा

अग्निशमन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जांच लगातार जारी है। अभी तक 298 कोचिंग संस्थानों की जांच हुई है। कोई भी संस्थान मानक पर खरा नहीं उतरा है। कोचिंग और शिक्षण संस्थानों को 15 दिनों का समय दिया गया है। निर्धारित समय में मानक को पूरा नहीं किया तो कार्रवाई की जाएगी।.

पटना के डीएम कुमार रवि के अनुसार, कोचिंग और शिक्षण संस्थानों में फायर सिस्टम को लेकर मनमानी नहीं चलेगी। ऐसे कोचिंग संस्थानों को तब तक के लिए बंद करा दिया जाएगा, जब तक वह अग्निशमन विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र नहीं ले लेते हैं। इसके लिए सभी एसडीओ को निर्देश जारी कर दिए गए हैं। .

 

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  • Web Title:coaching institute in patna are not following the safety measures