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CBSE 10th Result 2019- सेल्फ स्टडी ने बनाया बोर्ड टॉपर

सीबीएसई 10वीं का रिजल्ट जारी हो गया है। टॉपरों में परीक्षा में उच्चतम अंक लाए हैं। हिन्दुस्तान स्मार्ट ने कुछ टॉपरों से बात की और उनसे पूछा कि आखिर उनकी सफलता का राज क्या है। सभी टॉपरों में एक बात कॉमन रही, वह थी सेल्फ स्टडी। टॉपरों का कहना था कि वे छह से सात घंटे तक सेल्फ स्टडी किया करते थे। बिहार टॉपर प्रियांशु ने बताया कि जिस दिन स्कूल नहीं रहता था उस दिन वह छह से सात घंटे घर पर पढ़ता था। इसी तरह बिहार की सेकेंड टॉपर अदिति भी अपनी सफला का श्रेय सेल्फ स्टडी को देती है। वह पांच से छह घंटे रोजाना सेल्फ स्टडी किया करती थी। एक अन्य सेकेंड टॉपर गार्गी राज भी स्कूल के अलावा तीन से चार घंटे खुद पढ़ती थी। 

फोकस होकर खुद करता था पढ़ाई : प्रियांशु
बिहार टॉपर बने डीएवी बीएसईबी के छात्र प्रियांशु ने 99 प्रतिशत अंक लाया है। उसकी सफलता का मूलमंत्र सेल्फ स्टडी रहा है। वह भी फोकस के साथ। हिन्दुस्ता स्मार्ट से बात करते हुए प्रियांशु ने बताया कि वह स्कूल के दिनों में दो से तीन घंटे और स्कूल बंद रहने पर छह से सात घंटे पढ़ता था। इसका फल उसे मिला। वह बताता है कि वह सेंपल पेपर भी काफी हल किया। पूर्व के प्रश्नों को भी हल करता था। प्रियांशु का कहना है कि 13-14 घंटा पढ़ने से कोई फायदा नहीं है, यदि आप फोकस होकर नहीं पढ़ते हैं। प्रियांशु नौ बजे सो जाता था और पांच बजे सुबह उठ जाता था और पढ़ाई गई बातों का रीविजन करता था। उसके मम्मी-पापा भी पढ़ाते थे। पापा खुद पढ़कर उसे पढ़ाया करते थे। प्रियांशु खगोलशास्त्री बनना चाहता है। इसलिए वह पहले इंजीनियर बनेगा। 

पांच से छह घंटे सेल्फ स्टडी करती थी : अदिति
बिहार की संयुक्त सेकेंड टॉपर नॉट्रेडम एकेडमी की अदिति ने 98.8 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हैं। उसकी भी सफलता का मूलमंत्र सेल्फ स्टडी रहा है। अदिति बताती है कि वह सामान्य तौर पर पांच से छह घंटे सेल्फ स्टडी करती थी। यह सेल्फ स्टडी स्कूल के अलावा होता था। इस पांच-छह घंटे में स्कूल में पढ़ाई गई बातों का रीविजन करना, होम वर्क बनाना आदि शामिल होता था। इसी समय में वह याद भी करती थी। याद करने में उसकी मम्मी काफी हेल्फ करती थी। वह सुनती थी। मां सोशल साइंस और हिन्दी भी पढ़ाती थी। पिता अंजनी कुमार साइंस और मैथ पढ़ा दिया करते थे। वह सेंपल पेपर भी काफी हल करती थी। एनसीईआरटी की किताब एक-एक लाइन पढ़ गई थी। वह सप्ताह में तीन दिन कोचिंग भी पढ़ाई करने जाती थी।

तीन से चार घंटे तक करती थी पढ़ाई : गार्गी
बिहार की संयुक्त दूसरी टॉपर सेंट माइकल हाई स्कूल की गार्गी राज ने 98.8 प्रतिशत अंक लाए हैं। पढ़ने में शुरू से अच्छी रही है। उसकी मां कुमारी सुमन सौरभ बताती है कि वह हमेशा अपनी क्लास में अव्वल आती थी। दीघा आशियाना मोड़ की रहनेवाली गार्गी राज हर रोज स्कूल के अलावा तीन से चार घंटे सेल्फ स्टडी करती थी। कुमारी सुमन सौरभ के मुताबिक उनकी बेटी कभी स्कूल नहीं छोड़ती थी। स्कूल के बाद रोजाना वह आधा घंटा लाइब्रेरी में बिताती थी। पढ़ाई में कोई समस्या होने पर स्कूल शिक्षक से पूछ लेती थी। स्कूल शिक्षक भी काफी उसे मानते हैं और पढ़ाई में हर दम मदद करते हैं। गार्गी का पसंदीदा विषय भौतिकी और गणित रहा है। उसने रीजनल मैथमेटिकल ओलंपियाड भी क्वालिफाई किया है। 

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  • Web Title:CBSE 10th Result 2019 Self study made topper