ट्रेंडिंग न्यूज़

अगला लेख

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

Hindi News हिमाचल प्रदेशभाजपा-कांग्रेस में फाइट बहुत टाइट, हिमाचल प्रदेश के फाइनल सर्वे में किसे बढ़त की भविष्यवाणी

भाजपा-कांग्रेस में फाइट बहुत टाइट, हिमाचल प्रदेश के फाइनल सर्वे में किसे बढ़त की भविष्यवाणी

हिमाचल प्रदेश में मतदान की घड़ी बेहद नजदीक आ चुकी है। नेताओं के धुआंधार चुनाव प्रचार के बीच जनता ने भी अपना मूड लगभग तय कर लिया है। 12 अक्टूबर को जनता अपना फैसला सुनाने जा रही है।

भाजपा-कांग्रेस में फाइट बहुत टाइट, हिमाचल प्रदेश के फाइनल सर्वे में किसे बढ़त की भविष्यवाणी
mandi nov 05 ani prime minister narender modi addresses the vijay sankalp rally at sunder nagar
Sudhir Jhaलाइव हिन्दुस्तान,नई दिल्लीWed, 09 Nov 2022 06:42 PM
ऐप पर पढ़ें

हिमाचल प्रदेश में मतदान की घड़ी बेहद नजदीक आ चुकी है। नेताओं के धुआंधार चुनाव प्रचार के बीच जनता ने भी अपना मूड लगभग तय कर लिया है। 12 अक्टूबर को जनता अपना फैसला सुनाने जा रही है, जो 8 दिसंबर को वोटों की गिनती के साथ सामने आएगा। 5 साल भाजपा और 5 साल कांग्रेस की रवायत कायम रहेगी या फिर 37 सालों का रिकॉर्ड तोड़कर भारतीय जनता पार्टी हिमाचल में लगातार दूसरी बार कमल खिला पाएगी या नहीं यह उसी दिन तय होगा। फिलहाल एबीपी न्यूज सी-वोटर ने हिमाचल चुनाव पर फाइनल ओपिनियन पोल पेश किया है।  

राज्य सरकार का कामकाज कैसा?
ओपिनियन पोल के मुताबिक, 39 फीसदी लोगों ने भाजपा सरकार के कामकाज को अच्छा बताया है तो 25 फीसदी औसत मानते हैं। वहीं, 36 फीसदी लोगों ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अगुआई वाली सरकार के कामकाज को खराब बताया है। लोगों से जब यह पूछा गया कि मुख्यमंत्री का कामकाज कैसा हो तो 36 फीसदी ने अच्छा कहा। 37 फीसदी ने खराब कहा। जबकि 27 फीसदी लोगों ने औसत माना है।पीएम मोदी का कामकाज कैसा
इस सवाल के जवाब में 66 फीसदी लोगों ने कहा कि पीएम अच्छा काम कर रहे हैं। 15 फीसदी नरेंद्र मोदी के कामकाज को औसत बताते हैं, जबकि 19 फीसदी लोगों ने कहा कि वह खराब काम कर रहे हैं।

सबसे बड़ा मुद्दा क्या है
49 फीसदी लोगों ने बेरोजगारी को सबसे बड़ा मुद्दा बताया है। 14 फीसदी लोगों ने बुनियादी सुविधाओं को मुद्दा माना है। भ्रष्टाचार को 7 फीसदी, महंगाई को 6 फीसदी, कोरोना में काम को 6 फीसदी, किसान को 5 फीसदी, कानून व्यवस्था को 3 फीसदी, राष्ट्रीय मुद्दों को 3 फीसदी और अन्य को 7 फीसदी लोगों ने अपने लिए सबसे बड़ा चुनावी मुद्दा बताया है।

क्या सरकार बदलना चाहते हैं?
ओपिनियन पोल में जब लोगों से पूछा गया कि क्या वह सरकार बदलना चाहते हैं? इसके जवाब में 48 फीसदी लोगों ने कहा कि नाराज हैं, बदलना चाहते हैं। वहीं, 29 फीसदी ने कहा कि नाराज हैं पर सरकार नहीं बदलना चाहते हैं। 23 फीसदी ने कहा कि वह ना तो सरकार से नाराज हैं और ना ही सरकार बदलना चाहते हैं।

सीएम पद के लिए पहली पसंद कौन?
ओपिनियन पोल के मुताबिक, सीएम उम्मीदवार के तौर पर जयराम ठाकुर अब भी पहली पसंद बने हुए हैं। 34 फीसदी लोग एक बार फिर जयराम ठाकुर को सीएम बनते देखना चाहते हैं। 20 फीसदी लोग अनुराग ठाकुर के हाथ राज्य की कमान देखना चाहते हैं। 20 फीसदी कांग्रेस की प्रतिभा सिंह को सीएम के रूप में पहली पसंद मानते हैं। 7 फीसदी ने मुकेश अग्निहोत्री, 2 फीसदी ने आप के किसी नेता और 17 फीसदी ने अन्य का नाम लिया।

किसको कितने वोट मिल सकते हैं
सी वोटर के सर्वे के मुताबिक, भाजपा और कांग्रेस में बेहद करीबी मुकाबला दिख रहा है। ओपिनियन पोल का अनुमान है कि 45 फीसदी लोग भाजपा को वोट दे सकते हैं तो 44 फीसदी कांग्रेस के पक्ष में हैं। 3 फीसदी वोट 'आप' के खाते में जा सकते हैं तो 8 फीसदी ने अन्य को वोट देने की बात कही है।

बेहद कांटे का मुकाबला
ओपिनियन पोल में भाजपा और कांग्रेस के बीच बेहद करीबी मुकाबले की भविष्यवाणी की गई है। सर्वे के आंकड़े कहते हैं कि 68 सदस्यीय विधानसभा में भाजपा को 31-39 सीटों पर जीत हासिल हो सकती है। कांग्रेस 29-37 सीटों पर कब्जा कर सकती है। 'आप' को 0-1 सीट से ही संतोष करना पड़ सकता है। वहीं अन्य के खाते में 00-3 सीटें जा सकती हैं।

कब किया गया सर्वे, कितने लोग शामिल
सर्वे एजेंसी की ओर से बताया गया है कि ओपिनियन पोल में 68 सीटों पर 20784 लोगों से राय ली है। सर्वे को 3 से 9 नवंबर के बीच अंजाम दिया गया है। सर्वे में मार्जिन ऑफ एरर प्लस माइनस 3 से प्लस माइनस 5 फीसदी है।