
CM सुक्खू ने बच्चों को राधे-राधे कहने से टोका? BJP बोली- ये सनातन का अपमान, VIDEO
घटना धर्मशाला में स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया के स्टेडियम के दौरे के दौरान की है। वीडियो में मुख्यमंत्री सुक्खू को बच्चों के एक समूह से बातचीत करते हुए देखा गया। कई बच्चों ने उनके पैर छूकर 'राधे-राधे' कहकर उनका अभिवादन किया। वीडियो में मुख्यमंत्री बच्चों से पूछते हैं, “राधे-राधे या नमस्कार?”
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के एक वीडियो ने प्रदेश की राजनीतिक सरगर्मी बढ़ा दी है। वीडियो धर्मशाला में स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया के स्टेडियम के दौरे के दौरान का है। वीडियो में दावा किया गया है कि सीएम सुक्खू को बच्चों का अभिवादन में राधे-राधे बोलना पसंद नहीं आया और उन्होंने इसपर कहा कि आप राधे-राधे क्यों कह रहे हैं? भारतीय जनता पार्टी ने इस वीडियो के बहाने हिमाचल के मुख्यमंत्री पर हमला करते हुए कहा कि सीएम सुक्खू ने सनातन धर्म का अपमान कर रहे हैं।
घटना धर्मशाला में स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया के स्टेडियम के दौरे के दौरान की है। वीडियो में मुख्यमंत्री सुक्खू को बच्चों के एक समूह से बातचीत करते हुए देखा गया। कई बच्चों ने उनके पैर छूकर 'राधे-राधे' कहकर उनका अभिवादन किया। वीडियो में मुख्यमंत्री बच्चों से पूछते हैं, “राधे-राधे या नमस्कार?” और जब बच्चे अभिवादन दोहराते हैं, तो वह आगे पूछते हैं, “आप राधे-राधे क्यों कह रहे हैं?” यह क्लिप सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से शेयर हुई, जिसके बाद भाजपा ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। भाजपा ने कांग्रेस के नेतृत्व वाली राज्य सरकार पर सनातन धर्म का अनादर करने का आरोप लगाया है, जिससे यह एक बड़ा राजनीतिक मुद्दा बन गया है।
भाजपा ने इस वीडियो पर तुरंत प्रतिक्रिया दी और इसे अपने आधिकारिक 'X' (पहले ट्विटर) हैंडल पर पोस्ट किया। पार्टी ने लिखा, "बच्चों के 'राधे-राधे' ने भी हिमाचल के कांग्रेस मुख्यमंत्री को असहज कर दिया!" पार्टी ने आगे सवाल किया, “कांग्रेस और उसके नेता सनातन धर्म से इतनी नफरत क्यों करते हैं?” भाजपा ने इसे देवभूमि (हिमाचल प्रदेश) के लिए अनुचित बताते हुए कहा कि नेता की ऐसी सनातन विरोधी मानसिकता सही नहीं है। पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि सुक्खू की टिप्पणी राज्य की सांस्कृतिक और धार्मिक परंपराओं के प्रति एक तिरस्कारपूर्ण रवैया दर्शाती है, और इसे कांग्रेस सरकार में "सनातन विरोधी पूर्वाग्रह" का प्रमाण बताया।
इन आरोपों के जवाब में कांग्रेस ने कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। हालांकि, पार्टी के अंदरूनी सूत्रों का कहना है कि सुक्खू की टिप्पणी पूरी तरह से अनौपचारिक थी। इसका उद्देश्य धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाना बिल्कुल नहीं था। पार्टी के अंदरूनी सूत्रों ने यह तर्क दिया कि वीडियो क्लिप को संदर्भ से बाहर करके पेश किया गया है। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि मुख्यमंत्री बच्चों के साथ केवल सामान्य बातचीत कर रहे थे, न कि सनातन धर्म के विरुद्ध कोई बयान दे रहे थे।

लेखक के बारे में
Utkarsh Gaharwarलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।




