सरकारी कर्मचारी ध्यान दें! हिमाचल में स्टडी लीव के पे-भत्ता नियम नए सिरे से तय

By Mohit
लाइव हिन्दुस्तान, शिमला
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हिमाचल प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों के लिए अच्छी खबर है। अवकाश (स्टडी लीव) के दौरान मिलने वाले वेतन और भत्तों के नियम नए सिरे से तय किए गए हैं। आइए जानते हैं क्या-क्या बदलाव किए गए हैं।

Govt employee
स्टडी लीव के पे-भत्ता नियम नए सिरे से तय किए गए हैं।

हिमाचल प्रदेश के सरकारी अधिकारियों/कर्मचारियों को अब अध्ययन अवकाश (स्टडी लीव) के दौरान मिलने वाले वेतन और भत्तों के नियम नए सिरे से तय किए गए हैं। राज्य की सुक्खू सरकार ने सेंट्रल सिविल सर्विसेज (लीव) रूल्स, 1972 के रूल 56 में संशोधन करते हुए स्पष्ट कर दिया है कि अध्ययन अवकाश पर जाने वाले कर्मचारी को अवकाश पर जाने से ठीक पहले मिलने वाले वेतन के बराबर अवकाश वेतन मिलेगा। इसके साथ महंगाई भत्ता (डीए) और तय नियमों के अनुसार मकान किराया भत्ता (एचआरए) भी दिया जाएगा। वित्त (विनियम) विभाग ने इस संबंध में वीरवार को अधिसूचना जारी की है। ये संशोधित नियम 7 अगस्त 2024 से प्रभावी माने जाएंगे।

अधिसूचना के अनुसार राज्यपाल ने संविधान के अनुच्छेद 309 के परंतुक के तहत प्राप्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए हिमाचल प्रदेश पर लागू सेंट्रल सिविल सर्विसेज (लीव) रूल्स, 1972 में संशोधन किया है। नए नियमों का नाम सेंट्रल सिविल सर्विसेज (लीव) हिमाचल प्रदेश संशोधन नियम, 2026 रखा गया है। इसके तहत पुराने रूल 56 की जगह नया प्रावधान लागू किया गया है।

भारत के बाहर अध्ययन अवकाश पर जाने पर कितना?

नए नियमों में कहा गया है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी भारत के बाहर अध्ययन अवकाश पर जाता है, तो उसे अवकाश पर जाने से पहले ड्यूटी के दौरान मिलने वाले वेतन के बराबर अवकाश वेतन मिलेगा। इसके अलावा उसे महंगाई भत्ता और मकान किराया भत्ता भी मिलेगा।

इसी तरह भारत के भीतर अध्ययन अवकाश लेने वाले कर्मचारी को भी अवकाश पर जाने से पहले मिलने वाले वेतन के बराबर अवकाश वेतन दिया जाएगा। इसके साथ महंगाई भत्ता और रूल 60 के प्रावधानों के अनुसार देय मकान किराया भत्ता मिलेगा।

क्या प्रमाणित करना होगा?

संशोधित नियमों में यह भी कहा गया है कि भारत में अध्ययन अवकाश के दौरान पूरा अवकाश वेतन पाने के लिए कर्मचारी को सरकार को यह प्रमाणित करना होगा कि उसे किसी प्रकार की छात्रवृत्ति, वजीफा या अंशकालिक रोजगार से कोई पारिश्रमिक नहीं मिल रहा है।

छात्रवृत्ति, वजीफा या अंशकालिक रोजगार से मिलने वाली राशि

यदि अध्ययन अवकाश के दौरान कर्मचारी को छात्रवृत्ति, वजीफा या अंशकालिक रोजगार से कोई राशि मिलती है, तो उस राशि का समायोजन उसके अवकाश वेतन में किया जाएगा। हालांकि, समायोजन के बाद भी कर्मचारी का अवकाश वेतन आधे वेतन वाले अवकाश (हाफ पे लीव) के दौरान मिलने वाले अवकाश वेतन से कम नहीं होगा।

कब से लागू माने जाएंगे नियम?

वित्त (विनियम) विभाग की ओर से जारी इस अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि संशोधित नियम 7 अगस्त 2024 से लागू माने जाएंगे और इसी आधार पर अध्ययन अवकाश से जुड़े मामलों का निपटारा किया जाएगा।

रिपोर्ट :यूके शर्मा

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