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Hindi News गुजरातभाजपा में जाएंगे सूरत के अयोग्य कांग्रेस उम्मीदवार? कुंभानी ने बताया अपना फ्यूचर प्लान

भाजपा में जाएंगे सूरत के अयोग्य कांग्रेस उम्मीदवार? कुंभानी ने बताया अपना फ्यूचर प्लान

गुजरात की सूरत लोकसभा सीट बीते दिनों काफी चर्चा में रही थी। यहां से कांग्रेस प्रत्याशी का पर्चा खारिज होने के बाद उनपर कई तरह के आरोप लग रहे थे। अब वो सामने आकर जवाब दे रहे हैं। आइये जानते हैं।

भाजपा में जाएंगे सूरत के अयोग्य कांग्रेस उम्मीदवार? कुंभानी ने बताया अपना फ्यूचर प्लान
Mohammad Azamलाइव हिन्दुस्तान,अहमदाबादSun, 12 May 2024 04:50 PM
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लोकसभा चुनावों का दौर जारी है। इस दौरान गुजरात की सीट बीते दिनों काफी चर्चा में रही थी। इस सीट पर कांग्रेस प्रत्याशी नीलेश कुंभानी का नामांकन चुनाव आयोग ने खारिज कर दिया था। उनके नामांकन फॉर्म में कुछ कमियां बताई गईं थीं। कुंभानी का नामांकन खारी होने के बाद भाजपा को छोड़कर सभी प्रत्याशियों ने अपना नाम वापस ले लिया था। इसके बाद भाजपा प्रत्याशी को जीत का प्रमाणपत्र दे दिया गया था। बाद में कांग्रेस ने नीलेश को पार्टी से निलंबित कर दिया था। इस घटना के कई दिनों के बाद अब नीलेश कुंभानी सामने आए हैं। इस दौरान उनके भविष्य की योजनाओं को लेकर सवाल खड़ा किया जाने लगा है। क्या वह भारतीय जनता पार्टी का दामन थामने वाले हैं? आइये जानते हैं।

भाजपा में जाएंगे कुंभानी?
सूरत लोकसभा सीट से पर्चा खारिज होने के बाद अब कुंभानी सामने आने लगे हैं। रविवार को कुंभानी से जब पूछा गया कि क्या वो भाजपा का दामन थामने जा रहे हैं? इसका जवाब देते हुए कुंभानी ने कहा कि वो भाजपा में नहीं शामिल होंगे। इस दौरान उन्होंने अपने भविष्य के प्लान के बारे में बात करते हुए कहा कि वो अपने क्षेत्र में सामाजिक कार्य करना जारी रखेंगे। कुंभानी को लेकर दावा किया जा रहा था कि वो कहीं भाग गए हैं। इस दावे को लेकर कुंभानी ने कहा कि मैं अपने घर पर ही रह रहा हूं, मेरे बारे में अफवाह फैलाई जा रही है।

शनिवार को कुंभानी ने दावा किया था कि 2017 के चुनाव में पार्टी ने उनके साथ धोखा किया था। उस दिन की घटना के बारे में बात करते हुए कुंभानी ने कहा कि इस बार लोकसभा टिकट मिलने के बाद मेरे समर्थकों को प्रचार करने से रोका जा रहा था। इस दौरान कांग्रेस के कई बड़े नेता निष्क्रिय रहे। उनका कहना था कि पर्चा खारिज होने के बाद वो कानूनी कार्रवाई के लिए कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेताओं से मिलने जा रहे थे, इस दौरान उन्हें भारी विरोध का सामना करना पड़ा। ये सब देखकर वो वापस लौट आए और अपना मन बदल लिया। कुंभानी पर आरोप लगाया जा रहा था कि उन्होंने भाजपा से पैसा लिया है। हालांकि, उन्होंने इन आरोपों से साफ इनकार किया है।