कैसे 1150 करोड़ की कोकीन लेकर कराची से गुजरात पहुंचा जहाज; दिल्ली होनी थी सप्लाई

लाइव हिन्दुस्तान, अहमदाबाद
Follow us on Google News
share

गुजरात एटीएस ने समुद्र में एक बहुत बड़े ड्रग तस्करी का भंडाफोड़ किया है। जहाज से 1150 करोड़ की कोकीन जब्त की है। यह जहाज ब्राजील से कराची होते हुए गुजरात पहुंचा था। दिल्ली सप्लाई होनी थी।

कैसे 1150 करोड़ की कोकीन लेकर कराची से गुजरात पहुंचा जहाज; दिल्ली होनी थी सप्लाई

देश में समुद्री ड्रग्स तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई हुई है। गुजरात एटीएस और भारतीय तटरक्षक बल ने संयुक्त अभियान में एक बड़े अंतरराष्ट्रीय ड्रग रैकेट का भंडाफोड़ किया। मुंद्रा बंदरगाह के पास एक मालवाहक जहाज से लगभग 1150 करोड़ की 115 किलोग्राम कोकीन जब्त की गई है। तीन विदेशी नागरिकों को भी गिरफ्तार किया गया है। 6 बैगों में कोकीन भरकर जहाज ब्राजील से चला था और कराची होते हुए गुजरात पहुंचा। कोकीन की सप्लाई दिल्ली में होनी थी।

ब्राजील से कराची होते हुए गुजरात पहुंचा था जहाज

गुजरात के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) केएलएन राव ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि ‘यूरोप’ नाम मालवाहक जहाज मैक्सिको, अमेरिका और कराची से होते हुए कच्छ जिले के मुंद्रा बंदरगाह के पास पहुंचा था। मादक पदार्थ की यह खेप ब्राजील में जहाज पर लादी गई थी। एटीएस के अनुसार, आरोपियों में से एक ने पूछताछ में बताया कि नवंबर 2025 में ब्राजील में कोकीन को जहाज पर चढ़ाया गया था और चालक दल के अन्य सदस्यों की जानकारी के बिना उसे मोटर रूम में गुप्त रूप से छिपा दिया गया था।

दिल्ली होनी थी सप्लाई

डीजीपी राव ने बताया कि जहाज से जुमा नासिर उमर नामक तंजानिया के नागरिक को गिरफ्तार किया गया है। वहीं गुजरात एटीएस ने दिल्ली पुलिस की मदद से राष्ट्रीय राजधानी के द्वारका इलाके से दो अन्य विदेशी नागरिकों को पकड़ा। जानकारी मिली है कि यह खेप दिल्ली में इन्हें सौंपे जाने की तैयारी थी। उन्होंने बताया कि एक अन्य संदिग्ध और तंजानिया का नागरिक निंगाइट नासोरो जुमान्ने रेड के दौरान समुद्र में कूद गया और उसकी तलाश जारी है।

दिल्ली से पकड़े गए दो विदेशी नागरिक

एक अधिकारी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी जुमा नासिर उमर को अदालत ने पांच दिन की एटीएस हिरासत में भेज दिया है। वहीं दिल्ली से गिरफ्तार किए गए नाइजीरियाई नागरिक केल्विन चुकवुमा और युगांडा के नागरिक बैरुंगे जेम्स को अहमदाबाद लाया गया है और उन्हें आज अदालत में पेश किया जाएगा।

जीपीएस, सैटेलाइट डिवाइस और एयरटैग भी बरामद

अधिकारियों ने बताया कि ड्रग्स से भरे बैगों से जीपीएस उपकरण, सैटेलाइट संचार उपकरण और एप्पल एयरटैग भी बरामद किए गए हैं। इससे संकेत मिलता है कि परिवहन के दौरान नशीले पदार्थों की इलेक्ट्रॉनिक निगरानी की जा रही थी। डीजीपी राव ने बताया कि एटीएस को ब्राजील से समुद्री मार्ग के जरिए कोकीन की बड़ी खेप भारत लाए जाने की खुफिया जानकारी मिली थी। इसके बाद एटीएस और तटरक्षक बल ने संयुक्त अभियान शुरू किया।

6 बैगों में भरकर लाई जा रही थी कोकीन

खुफिया जानकारी मिलने के बाद एटीएस अधिकारी 25 मई की रात मुंद्रा पहुंचे और तटरक्षक बल को पूरी जानकारी दी। राव ने बताया कि 26 मई की तड़के संयुक्त टीम ने तट के पास ‘यूरोप’ नामक जहाज को रोका और तलाशी अभियान शुरू किया। अभियान के दौरान टीम को पता चला कि जहाज पर नशीले पदार्थों से भरे छह बैग छिपाए गए थे। जैसे ही तटरक्षक बल का पोत जहाज के पास पहुंचा, चालक दल के दो सदस्यों ने कथित तौर पर भारी बैग समुद्र में फेंक दिए।

पांच बैग बरामद, एक का पता नहीं

अधिकारियों ने बताया कि कम दृश्यता के बावजूद पानी से पांच बैग बरामद कर लिए गए, जबकि एक बैग का अब तक पता नहीं चल सका है। बरामद पांच बैगों से लगभग 115 पैकेट मिले, जिनका कुल वजन करीब 115 किलोग्राम था। अधिकारियों के मुताबिक, जब्त की गई कोकीन की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 1,150 करोड़ रुपये आंकी गई है।

दिल्ली के बाद कहां जानी थी खेप, जांच जारी

डीजीपी राव ने बताया कि जहाज पर सवार तंजानिया के दो नागरिक उमर और जुमान्ने कथित तौर पर कोकीन की खेप का परिवहन कर रहे थे। समुद्र में यह खेप सौंपकर दिल्ली स्थित चुकवुमा और जेम्स तक पहुंचाई जानी थी। हालांकि दिल्ली के बाद खेप की अंतिम मंजिल क्या थी और इसे भारत में सप्लाई किया जाना था या विदेश भेजा जाना था, इस बारे में अभी जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों से गहन पूछताछ के बाद ही पूरी साजिश का खुलासा हो सकेगा।

अधिकारियों ने जहाज के स्टीयरिंग रूम से जीपीएस और सैटेलाइट संचार उपकरण भी बरामद किए हैं। इस मामले में एनडीपीएस अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया है।

Gaurav Kala

लेखक के बारे में

Gaurav Kala

गौरव काला: वरिष्ठ पत्रकार और स्टेट टीम सदस्य

संक्षिप्त विवरण: गौरव काला पिछले 15 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान में स्टेट टीम का हिस्सा हैं। वह विशेष रूप से हिमालयी राज्य उत्तराखंड के अलावा, दिल्ली-एनसीआर, मध्यप्रदेश, झारखंड समेत कई हिंदी बेल्ट के राज्यों की खबरें कवर कर रहे हैं।


विस्तृत बायो

परिचय और अनुभव: गौरव काला का भारतीय डिजिटल मीडिया जगत में एक दशक से अधिक का अनुभव है। वह वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वर्तमान में, वह 'लाइव हिन्दुस्तान' (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में स्टेट टीम सेक्शन का हिस्सा हैं। पिछले पांच वर्षों से वह पहले होम टीम का हिस्सा रहे और अब बड़ी बखूबी से स्टेट टीम में अपनी जिम्मेदारी को निभा रहे हैं। उन्हें डिजिटल पाठकों की पसंद और बदलती प्रवृत्तियों (Trends) को समझने में विशिष्ट महारत हासिल है। गौरव का करियर प्रिंट मीडिया से शुरू होकर टीवी जगत और डिजिटल मीडिया तक फैला हुआ है। यही वजह है कि उनकी खबरों में गहराई और सटीकता की झलक दिखती है।


शैक्षणिक पृष्ठभूमि और रिपोर्टिंग: गौरव मॉस कम्यूनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट हैं और यही उनकी सबसे बड़ी विशेषता है। पहले बी. ए. इन मॉस कम्यूनिकेशन और फिर आधुनिक पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन होने के कारण उनके पास खबरों की ठोस समझ है। 2011 में दैनिक जनवाणी अखबार में क्राइम रिपोर्टिंग से पत्रकारिता शुरू करने के बाद उन्होंने ईटीवी भारत में बतौर एंकर और स्क्रिप्ट राइटर पर तौर पर काम किया। 2015 में डिजिटल पत्रकारिता में एंट्री लेते हुए अमर उजाला और दैनिक जागरण जैसे संस्थानों में काम किया। इस दौरान उन्होंने न सिर्फ राष्ट्रीय बल्कि अंतरराष्ट्रीय खबरों को भी कवर किया, बल्कि आकर्षक लेखनी से पाठकों के बीच लोकप्रियता बनाई।


सितंबर 2021 में गौरव लाइव हिन्दुस्तान की नेशनल टीम के साथ जुड़े। तब से वह न सिर्फ राष्ट्रीय बल्कि अंतरराष्ट्रीय, वायरल समाचार और मौसम संबंधी खबरों पर विशेष ध्यान दे रहे हैं, बल्कि राजनीतिक, रिसर्च बेस स्टोरीज भी कवर कर रहे हैं। अपनी मजबूत लेखनी के दम पर वह खबरों को आकर्षक नए कलेवर के साथ आम जनता तक पहुंचा रहे हैं।


डिजिटल ट्रेंड्स के साथ रिपोर्टिंग: डिजिटल प्लेटफॉर्म पर बदलते ट्रेंड्स को समझना गौरव की बड़ी ताकत है। वायरल खबरों, सोशल मीडिया ट्रेंड्स और इंटरनेट कल्चर से जुड़े विषयों को वह तथ्यात्मक जांच और संतुलित प्रस्तुति के साथ सामने रखते हैं। उनकी यही क्षमता उन्हें क्लिक-बेस्ड नहीं, बल्कि कंटेंट-बेस्ड पत्रकार बनाती है। इसके अलावा वह राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय राजनीति से जुड़े मुद्दों को तथ्यात्मक गहराई और संतुलित दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत करते हैं।


पत्रकारिता का उद्देश्य: गौरव के लिए पत्रकारिता केवल खबर देने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज के प्रति जिम्मेदारी है। उनका मानना है कि पत्रकारिता का मूल उद्देश्य सत्य और जनहित को प्राथमिकता देते हुए पाठकों तक सही जानकारी पहुंचाना है। वह अपनी लेखनी से सत्ता, समाज और आम जनता के बीच एक मजबूत और भरोसेमंद सेतु बनाने में विश्वास रखते हैं।


विशेषज्ञता (Areas of Expertise):

राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय समाचार
वायरल और ट्रेंडिंग कंटेंट
राजनीतिक और रिसर्च-आधारित स्टोरीज
हेडलाइन और न्यूज़ प्रेजेंटेशन

और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।