Hindi Newsगैजेट्स न्यूज़Airtel to bring WhatsApp like messaging to regular SMS with RCS support in partnership with Google
एयरटेल और गूगल की पार्टनरशिप, यूजर्स को टेस्क्ट मेसेजिंग में मिलेगा वॉट्सऐप वाला मजा

एयरटेल और गूगल की पार्टनरशिप, यूजर्स को टेस्क्ट मेसेजिंग में मिलेगा वॉट्सऐप वाला मजा

संक्षेप:

एयरटेल ने गूगल के साथ पार्टनरशिप की है। पार्टनरशिप तहत यूजर्स को RCS (रिच कम्युनिकेशन सर्विसेज) मिलेंगी। इसमें यूजर्स को नॉर्मल टेक्स्ट मैसेजिंग की जगह एक बेहतर मैसेजिंग प्लेटफॉर्म मिलेगा, जो वॉट्सऐप के समान हो सकता है। 

Dec 10, 2025 08:49 am ISTKumar Prashant Singh लाइव हिन्दुस्तान
share Share
Follow Us on

एयरटेल ने गूगल के साथ पार्टनरशिप की है। दोनों ने डिजिटल कम्यूनिकेशन सेगमेंट में एक बड़े बदलाव के तहत अपने नेटवर्क पर RCS (रिच कम्युनिकेशन सर्विसेज) शुरू की हैं। इस अपग्रेड के तहत यूजर्स को नॉर्मल टेक्स्ट मैसेजिंग की जगह एक बेहतर मैसेजिंग प्लेटफॉर्म मिलेगा, जो वॉट्सऐप और दूसरे इंस्टेंट मैसेजिंग ऐप्स के समान हो सकता है। भारत में एयरटेल के लाखों यूजर हैं और इसीलिए इस सर्विस से यूजर्स के रेग्युलर टेक्स्ट मेसेज से बातचीत करने के तरीके में बड़ा बदलाव आने की उम्मीद है।

नेक्स्ट जेनरेशन मैसेजिंग प्रोटोकॉल

रिच कम्युनिकेशन सर्विसेज (आरसीएस) पारंपरिक एसएमएस की जगह लेने वाला नेक्स्ट जेनरेशन मैसेजिंग प्रोटोकॉल है। एसएमएस केवल नॉर्मल प्लेन टेक्स्ट को सपोर्ट करता है, जबकि आरसीएस हाई-रिजॉलूशन वाले फोटो और वीडियो भेजने, लाइव टाइपिंग इंडिकेटर, ग्रुप चैट और यहां तक ​​कि लोकेशन शेयरिंग की सुविधा देता है।

डिफॉल्ट मैसेज एप्लिकेशन में वॉट्सऐप जैसा एक्सपीरियंस

इन बदलावों का मतलब है कि एयरटेल यूजर अब डबल टिक, रीड रिसीट और बेहतर मीडिया सपोर्ट देख सकेंगे, जो डिफॉल्ट मैसेज एप्लिकेशन में वॉट्सऐप जैसा एक्सपीरियंस देगा। आरसीएस मैसेज मोबाइल डेटा और वाई-फाई पर भी काम करेंगे, जिससे थर्ड पार्टी ऐप्स का यूज किए बिना डिवाइसों के बीच बिना किसी रोक कम्यूनिकेश हो पाएगा।

एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन सपोर्ट भी

एयरटेल ने कन्फर्म किया कि यूजर्स से हर आरसीएस मेसेज के लिए 0.11 रुपये लिए जाएंगे। इस रेवेन्यू का 80 प्रतिशत एयरटेल और 20 प्रतिशत गूगल को जाएगा। यह सर्विस बेहतर प्राइवेसी के लिए फाइल शेयरिंग, ग्रुप कन्वर्सेशन, रीड रिसीट्स और एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन को सपोर्ट करेगी।

ये भी पढ़ें:28 हजार रुपये सस्ते में खरीद लें सैमसंग गैलेक्सी S का यह फोन, आज आखिरी मौका

बढ़ सकती है वॉट्सऐप की टेंशन

जो यूजर अभी भी काम, बैंकिंग अलर्ट या पर्सनल कारणों से एसएमएस का काफी यूज करते हैं, उनको यह अपग्रेड मॉडर्न फंक्शनैलिटी ऑफर करता है, जिसकी कमी पहले महसूस की जा रही थी। दूरसंचार विशेषज्ञों का मानना ​​है कि यह वॉट्सऐप जैसी कंपनियों के लिए एक चुनौती बन सकता है, बशर्ते आरसीएस को बड़े स्तर पर यूजर्स को अपनाना होगा। इसके लिए यह भी जरूरी है कि यह सभी नेटवर्क पर इंटरऑपरेबल हो जाए।

Kumar Prashant Singh

लेखक के बारे में

Kumar Prashant Singh
प्रशांत को पत्रकारिता से जुड़े 12 साल से ज्यादा हो गए हैं। प्रशांत ने करियर की शुरुआत टीवी न्यूज चैनल से की थी। करीब 6 साल से यह डिजिटल मीडिया से जुड़े हैं। इनकी टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल में खास रुचि है। इन्हें गैजेट्स और गाड़ियों के बारे में लिखना और पढ़ना काफी पसंद है। खाली समय में समय में प्रशांत वेब सीरीज और मूवी देखते हैं। पहाड़ पर घूमना और फोन से अच्छे फोटो-वीडियो कैप्चर करना इन्हें बहुत पसंद है। प्रशांत लाइव हिन्दुस्तान में बतौर डिप्टी चीफ कॉन्टेंट प्रोड्यूसर काम कर रहे हैं। और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।