OTT Thriller List: ये 7 सस्पेंस थ्रिलर फिल्में, सोशल मीडिया पर मचा रहीं हैं तहलका, आपने देख लीं?
OTT Thriller Series: ओटीटी पर कई थ्रिलर फिल्में हैं, लेकिन आज हम आपको उन फिल्मों के बारे में बताएंगे जो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी हुई हैं।

अगर आप इस लॉन्ग वीकेंड पर घर बैठे कुछ ऐसा देखना चाहते हैं जो आपको शुरुआत से अंत तक स्क्रीन से बांधे रखे, तो थ्रिलर फिल्मों का यह खास कलेक्शन आपके लिए ही है। दमदार सस्पेंस, बेहतरीन एक्टिंग और शानदार क्लाइमेक्स से सजी ये फिल्में ओटीटी पर स्ट्रीम हो रही हैं। किस्म-किस्म के सस्पेंस और थ्रिल से भरपूर इन 7 बेहतरीन फिल्मों की पूरी लिस्ट, उनकी रेटिंग और खूबियों-खामियों के साथ यहां दी जा रही है।
1. किष्किंधा कांडम् (Kishkindha Kaandam)
ओटीटी: जियोहॉटस्टार
आईएमडीबी रेटिंग: 8/10
खूबियां: विजयराघवन (अप्पू पिल्लई के रोल में) और आसिफ अली का जबरदस्त अभिनय। बंदरों से भरे जंगल के बैकड्रॉप में बुनी गई रहस्यमयी कहानी और इसका मूड सेट करने वाला डायरेक्शन व बैकग्राउंड म्यूजिक आपको अंत तक बांधे रखता है।
खामियां: यह एक 'स्लो-बर्न' फिल्म है, इसलिए इसकी धीमी रफ्तार कुछ दर्शकों को थोड़ा बोर कर सकती है।
2. कन्नूर स्क्वाड (Kannur Squad)
ओटीटी: जियोहॉटस्टार
आईएमडीबी रेटिंग: 7.6/10
खूबियां: ममूटी का बेहद सधा हुआ और मजबूत अभिनय। अत्यधिक ड्रामे के बजाय यह फिल्म सीमित संसाधनों में अपराधियों को पकड़ने की पुलिस की असली और कठिन प्रक्रियाओं पर फोकस करती है। सुशिन श्याम का बैकग्राउंड म्यूजिक सस्पेंस को बढ़ाता है।
खामियां: फिल्म में हिंसा और ग्रिटी टोन ज्यादा है। कुछ लोगों को इसके दूसरे हाफ के कुछ सीन थोड़े फिल्मी लग सकते हैं।
3. सूक्ष्मदर्शिनी (Sookshmadarshini)
ओटीटी: जियोहॉटस्टार
आईएमडीबी रेटिंग: 7.8/10
खूबियां: नज्रिया नाजिम और बासिल जोसेफ की शानदार एक्टिंग। पड़ोसी पर शक करने के कॉन्सेप्ट पर बनी यह फिल्म डार्क ह्यूमर और सस्पेंस का बढ़िया मिश्रण है। इसका क्लाइमेक्स एक गंभीर सामाजिक मुद्दे पर रोशनी डालता है।
खामियां: फिल्म का रनटाइम थोड़ा लंबा है और बीच का हिस्सा थोड़ा सुस्त या दोहराव भरा महसूस हो सकता है।
4. थलवन (Thalavan)
ओटीटी: सोनी लिव
आईएमडीबी रेटिंग: 7.2/10
खूबियां: बीजू मेनन और आसिफ अली के बीच दो पुलिस अधिकारियों के ईगो और डिपार्टमेंटल दुश्मनी का बेहतरीन ड्रामा। पहला हाफ काफी तेजी से खींचता है और सस्पेंस का सही माहौल तैयार करता है।
खामियां: फिल्म का दूसरा हाफ थोड़ा उलझा हुआ सा हो जाता है और इसका क्लाइमेक्स उम्मीद के मुताबिक उतना असरदार नहीं लगता।
5. पोर थोझिल (Por Thozhil)
ओटीटी: सोनी लिव
आईएमडीबी रेटिंग: 8/10
खूबियां: एक सीनियर (आर. शरतकुमार) और एक डरपोक नए पुलिस अफसर (अशोक सेल्वन) की जोड़ी की जबरदस्त केमिस्ट्री। मनोवैज्ञानिक गहराई और जैक्स बिजॉय का डरावना बीजीएम फिल्म में लगातार तनाव बनाए रखता है।
खामियां: इन्वेस्टिगेशन सीन काफी डायलॉग-हैवी हैं, जिन्हें ध्यान से देखना पड़ता है। क्लाइमेक्स के कुछ मोड़ थोड़े पारंपरिक या सुविधाजनक लग सकते हैं।
6. बायशे श्राबोन (Baishe Srabon)
ओटीटी: प्राइम वीडियो
आईएमडीबी रेटिंग: 8.1/10
खूबियां: प्रसेनजीत चटर्जी का करियर-बेस्ट अभिनय। बंगाली कविताओं के आधार पर खून करने वाले सीरियल किलर की अनूठी कहानी। श्रीजीत मुखर्जी का निर्देशन और अनुपम रॉय का संगीत फिल्म में जान फूंक देता है।
खामियां: फिल्म में बंगाली साहित्य और स्थानीय संदर्भ बहुत अधिक हैं, इसलिए सबटाइटल के बिना इसे समझना मुश्किल है। इसमें काफी गाली-गलौज और रफ भाषा का भी इस्तेमाल हुआ है।
7. इमायक्का नोडगल (Imaikkaa Nodigal)
ओटीटी: प्राइम वीडियो
आईएमडीबी रेटिंग: 7.3/10
खूबियां: सीबीआई अफसर बनीं नयनतारा और खूंखार किलर के रूप में अनुराग कश्यप का जबरदस्त मुकाबला। विजय सेतुपति का कैमियो और फिल्म में आने वाले अप्रत्याशित ट्विस्ट आपको चौंकाते हैं।
खामियां: फिल्म लगभग 3 घंटे लंबी है। अथर्व और राशि खन्ना का लव एंगल फिल्म की रफ्तार को थोड़ा धीमा कर देता है।


