Lock Upp 2: शिल्पा शिंदे हुईं भावुक, कहा- मैं शेल्टर हाउस में रहती हूं, परिवार होते हुए भी अनाथ हूं
Lock Upp 2 Shilpa Shinde: शिल्पा शिंदे ने अब दुनिया को अपनी जिंदगी का सबसे बड़ा राज बताया है। उन्होंने कहा कि उन्हें उनके ही परिवार वालों ने उनके ही घर से बाहर निकाल दिया था।

शिल्पा शिंदे ने नेटफ्लिक्स के रिएलिटी शो 'लॉकअप 2' में अपनी जिंदगी का सबसे बड़ा राज बताया। शिल्पा, शिवांगी जोशी के पास गईं और कहा, 'तुमने कुछ बोला था, रिश्तों के बारे में। प्लीज दोबारा बोलना।' शिवांगी बोलीं, 'हां! मैंने ये कहा था कि आप ऐसी हैं इसलिए हमेशा अकेली रहती हैं।' इस पर शिल्पा बोलीं, 'थैंक यू! चलो अच्छा है। मेरी पर्सनल बात आपको पता थी और आपने यहां बोल दी। लोग फैमिली-फैमिली बोलते हैं। लोगों के पास फैमिली नहीं होती और मेरे पास फैमिली होकर भी मैं अनाथ हूं। मैं शेल्टर हाउस में रहती हूं। ये मैं कोई सिम्पैथी के लिए नहीं कह रही हूं।'
मैं रात को ग्यारह बजे मेरा घर छोड़कर चली गई थी- शिल्पा शिंदे
शिल्पा ने आगे कहा, 'तीन साल हो गए...मेरे शोल्डर की सर्जरी हुई थी। मेरा भाई उसकी वाइफ से इन्फ्लुएंस हुआ और मेरी मां मेरे भाई से इन्फ्लुएंस हो गई। सर्जरी हुए अभी चार दिन ही हुए थे और मुझे मेरे ही घर से निकाल दिया गया। अब आप बोलोगे कि वो इतने बुरे हैं कि आपको निकाल दिया? सर्कम्स्टैंसेस ऐसे क्रिएट किए गए कि उनको पता है मैं बहुत सेल्फ रिस्पेक्ट वाली लड़की हूं और मैं रात को ग्यारह बजे मेरा घर छोड़कर चली गई थी।'
मेरी मां ने मुझे नहीं रोका - शिल्पा शिंदे
शिल्पा इमोशनल हो गईं। उन्होंने बताया, 'मुझे मेरे मां ने नहीं रोका क्योंकि वो भाई के इन्फ्लुएंस में आ गई थीं। मैं हर्ष से आपसे इसलिए रिलेट करती हूं क्योंकि मैं कहीं न कहीं आपको उसमें देखती हूं इसलिए मैंने उस दिन चौड़े में बोला कि आप यूज हो रहे हो। होता क्या है जब आप अवेलेबल हो जाते हो किसी चीज के लिए तो लोग आपका फायदा उठाने लगते हैं। आपको यूज करते हैं। आप डोरमैट बन जाते हो। मैं मेरे घर की डोरमैट हूं। मैं बॉम्बे जाती हूं और होटल में चेक इन करती हूं तो लोग मुझे बोलते हैं कि आप तो मुंबई से ही हो न तो मैं बहाना बनाती हूं कि मेरे घर में बहुत सारे लोग आए हैं न इसलिए मुझे प्राइवेसी चाहिए।'
मैंने अपनी वसीयत लिख ली है- शिल्पा शिंदे
शिल्पा ने कहा, 'मैं कभी जिंदगी में उनसे दोबारा बात नहीं करूंगी। मैं अपनी वसीयत तक लिख चुकी हूं कि मेरा इन लोगों के साथ कोई रिलेशन नहीं है। किसी ने मुझसे पूछा कि मैं ये शो क्यों कर रही हूं, तो मैं होम नहीं, मैं शेल्टर होम बनाना चाहती हूं इसलिए मैं ये शो कर रही हूं। मुझे बिल्कुल सिम्पैथी नहीं चाहिए और मैं ऐसी ही हूं। मेरी यही चीज है कि लोगों के पास फैमिली नहीं होती, तो वो बहुत डिप्रेस होते हैं, लेकिन उनको ये सोचना चाहिए कि जिनके पास फैमिली होते हुए भी नहीं होती उनका क्या। आज मैं मम्मी के साथ काफी टाइम हो गया मिली हूं। मैं मिलना चाहती हूं, लेकिन मम्मी इतनी इन्फ्लुएंस है कि बस फोन पे बात होती है। सब लोग वही बोलेंगे कि मैं खराब हूं, मेरा किसी के साथ नहीं जमता। कोई बात नहीं, मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता। तभी मैंने कहा मैं रिश्तों के मामले में बहुत कठोर हूं। मैंने अब तक क्या किया ये मेरे फैमिली वालों को पता है, आसपास के लोगों को पता है, सबको पता है कि मेरी अपनी लाइफ मैंने किन चीजों के लिए दी है।'


