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मनोरंजनTaarak Mehta एक्टर भव्य गांधी के पिता की कोरोना ने ली जान, बताया- 2 दिन में इन्फेक्शन डबल, नहीं मिल रहा था बेड

हिन्दुस्तान,नई दिल्लीPublished By: Utkarsha Srivastava
Wed, 12 May 2021 03:31 PM
Taarak Mehta एक्टर भव्य गांधी के पिता की कोरोना ने ली जान, बताया- 2 दिन में इन्फेक्शन डबल, नहीं मिल रहा था बेड

टीवी के मशहूर शो 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' में टप्पू का किरदार निभाने वाले अभिनेता भव्य गांधी के पिता विनोद गांधी कोरोना से जंग हार गए। बीते मंगलवार को इलाज के दौरान उनका निधन हो गया। वहीं, हाल ही में भव्य की मां यशोदा गांधी ने बताया है कि किस तरह विनोद के फेफड़ों में फैला COVID-19 संक्रमण दो दिनों में दोगुना हो गया और इसके बाद इलाज करवाने में बेड से लेकर ऑक्सीजन और दवाईयों के लिए भी कितनी परेशानियां झेलनी पड़ीं।

ऐसे बढ़ा फेफड़ों का संक्रमण

स्पॉटबॉय से बातचीत के दौरान यशोदा ने कहा कि एक विनोद को एक महीने पहले सीने में दर्द के साथ हल्का बुखार हुआ था। जिसके बाद चेस्ट स्कैन में 5% फेफड़ों में इंफेक्शन निकला लेकिन डॉक्टर ने होम आइसोलेशन में रहने और स्पेशलिस्ट के बात करके दवा शुरू करने की सलाह दी। ये सब करने के बावजूद दो दिनों बाद तक उन्हें कोई आराम नहीं मिला। यशोदा ने बताया कि 'हमने दोबारा स्कैन करवाया और दुर्भाग्य से पता चला कि इन्फेक्शन दोगुना बढ़ चुका है और उन्हें अस्पताल में भर्ती करना पड़ेगा। लेकिन ऐसे मुश्किल समय में मुझे कोई अस्पताल नहीं मिल रहा था। मैं जहां भी कॉल कर रही थी लोग मुझे BMC में रजिस्टर करने के लिए बोल रहे थे, उनका कहना था जब नंबर आएगा तब बता दिया जाएगा'।

 

 

ICU के लिए 500 कॉल

यशोदा ने आगे बताया कि- 'बहुत कोशिशों के बाद मुझे उनके लिए दादर में एक अस्पताल मिला, जहां वो दो दिनों तक रहे और फिर डॉक्टर्स ने कहा कि उन्हें ICU की जरूरत है और उनके पास वो उपलब्ध नहीं था। ऐसे में मरीज को दूसरे अस्पताल में शिफ्ट करना पड़ेगा। इसके बाद मैंने ICU बेड ढूंढ़ने के लिए कम से कम 500 कॉल किए... मेरे एक दोस्त ने गोरेगांव में एक छोटे से अस्पताल में ICU बेड का इंतजाम करवाया'।

दुबई से मंगवाया इंजेक्शन लेकिन...

यशोदा ने बताया कि मसीबतें यहीं खत्म नहीं हुईं... 'डॉक्टर ने हमसे रेमडेसिविर इंजेक्शन का इंतजाम करने के लिए कहा और मैंने वाकई 6 इंजेक्शन के लिए 8 इंजेक्शन की कीमत दी है। इसके बाद उन्होंने मुझसे Toxin इंजेक्शन लाने को कहा... मुझे एक सोर्स का इस्तेमाल करके दुबई से ये इंजेक्शन इंपोर्ट करवाना पड़ा, मुझे ये 45 हजार का इंजेक्शन 1 लाख रुपए का पड़ा। इसके बाद उन्हें कोकिलाबेन अस्पताल में शिफ्ट किया गया, जहां 15 दिन रहने के बाद मंगलवार को उनका निधन हो गया'। यशोदा बताती हैं कि 'मैंने उन्हें आखिरी बार 23 अप्रैल को देखा था, दूरी से... वो बेहोश थे और मुझे नहीं देख सके'।
 

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