Hindi NewsEntertainmentknow why Tarak Mehtas Dr Hathi aka kavi kumar azad was unmarried at age of 46

46 की उम्र में भी सिंगल थे 'Taarak Mehta' के 'डॉ. हाथी', इस वजह से कभी नहीं की शादी

'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' में डॉ. हंसराज हाथी का किरदार निभाने वाले कवि कुमार आजाद का सोमवार को हार्ट अटैक से निधन हो गया था। शो में इंस्पेक्टर चारु पांडे का रोल प्ले करने वाले दयाशंकर...

46 की उम्र में भी सिंगल थे 'Taarak Mehta' के 'डॉ. हाथी', इस वजह से कभी नहीं की शादी
लाइव हिन्दुस्तान टीम नई दिल्लीSun, 15 July 2018 03:47 PM
हमें फॉलो करें

'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' में डॉ. हंसराज हाथी का किरदार निभाने वाले कवि कुमार आजाद का सोमवार को हार्ट अटैक से निधन हो गया था। शो में इंस्पेक्टर चारु पांडे का रोल प्ले करने वाले दयाशंकर पांडे की मानें तो पूरे सेट पर कवि से ज्यादा हंसमुख इंसान कोई नहीं था। हाल ही में एक वेबसाइट को दिए इंटरव्यू में दयाशंकर ने कवि आजाद से जुड़ी कई दिलचस्प बातें बताई। जिसमें उन्होंने इस बात का भी खुलासा किया कि आखिर क्यों 46 साल की उम्र में भी वो सिंगल थे।

इस वजह से कवि आजाद ने नहीं की शादी...
दयाशंकर की माने तो कवि आजाद अपने परिवार को लेकर काफी परेशान रहते थे इसलिए उन्होंने फैसला किया था कि वो कभी शादी नहीं करेंगे। वो अपने माता-पिता और भाई-भाभी के लिए ही जीते थे। इसलिए किसी और को अपनी जिंदगी का हिस्सा नहीं बनाना चाहते थे। इसी वजह से 46 साल की उम्र में वो अनमैरिड थे।

बॉलीवुड के इस स्टार ने उठाया था डॉ.हाथी का खर्च!

डॉ. हाथी के लिए बनवाई थी स्पेशल चेयर... 
कवि आजाद पिछले दस सालों से 'तारक मेहता' से जुड़े हुए थे। इन दस सालों में कवि कभी भी अपसेट नजर नहीं आए। हर दिन खूब सारी चॉकलेट्स लाते और सेट पर बांटते थे। उनके लिए डायरेक्टर असित जी ने सेट पर एक स्पेशल चेयर भी बनवाई थी। सभी लोग सेट पर उनकी बहुत केयर करते थे।

डॉ.हाथी का वीडियो शेयर कर भावुक हुए शो के प्रोड्यूसर, बताई ये बड़ी बातें

'सर जो भी काम मिले वो मैं करूंगा'- कवि आजाद...
शो में इंस्पेक्टर बने एक्टर दयाशंकर की वजह से ही कवि कुमार आजाद को 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' में काम मिला था। दया कहते हैं, 'तारक मेहता से मैं शुरुआत से जुड़ा हुआ हूं। मुझे याद है उस वक्त शो में डॉ.हाथी का किरदार निभाने वाले जो एक्टर थे उनकी कुछ डेट्स को लेकर प्रॉब्लम हो रही थी। जब असित मोदी ने इस बात का जिक्र मुझसे किया तब सबसे पहले कवि का चेहरा मेरे सामने आया। उस वक्त उन्हें काम की बहुत जरूरत थी। असित जी से बात करने के बाद मैंने उन्हें पूछा कि वे सीरियल में काम करने के लिए तैयार हैं? तब उनका जवाब था, सर जो भी काम मिले मैं करूंगा तब मैंने उनकी मुलाकात असित से करवाई और उनकी तुरंत कास्टिंग हो गई।'

 

 

बता दें कि कवि 2010 में बहुत बीमार हो गए थे और 25 दिन वेंटीलेटर पर थे। उस वक्त भी वे कोमा में जा चुके थे। छोटी उम्र में ही उन्हें ओबेसिटी हो गई थी लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी। पैसे कमाकर बचाने में विश्वास नहीं करते थे, वो हमेशा अपने पैसों से दूसरों की मदद करने की सोचा करते थे।
 

संबंधित खबरें

लेटेस्ट Hindi News, Entertainment News के साथ-साथ TV News, Web Series और Movie Review पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।
ऐप पर पढ़ें