
पैसों के लिए फेक नेगेटिव रिव्यू करने वालों के खिलाफ एकजुट हुए प्रोड्यूसर, लीगल ऐक्शन की तैयारी
सोशल मीडिया पर फिल्मों के पेड नेगेटिव रिव्यूज से परेशान प्रोड्यूसर्स ने इन्फ्लुएंसर्स के खिलाफ ऐक्शन लेने का फैसला लिया है। फिल्म और टीवी प्रोड्यूसर्स की एक काउंसिल पैसे ना मिलने पर नेगेटिव रिव्यू लिखने वालों पर लगाम कसना चाहती है।
फिल्मों के झूठे रिव्यूज लगाकर पैसों की उगाही करने वाले इन्फ्लुएंसर्स के खिलाफ अब प्रोड्यूसर्स कांउंसिल ने सख्त कदम उठाने का फैसला लिया है। काउंसिल ने एक स्टेटमेंट जारी करके कहा है कि सोशल मीडिया पर कुछ इन्फ्लुएंसर्स फिल्मों, गानों, ट्रेलर वगैरह के फेक नेगेटिव रिव्यूज डालने की धमकी देते हैं। यह जानबूझकर कॉन्टेंट को नुकसान पहुंचाने के लिए किया जाता है। ना करने के एवज में पैसों की मांग भी की जाती है। इसे रोकने के लिए लीगल ऐक्शन की तैयारी भी चल रही है।

चलाए जा रहे हैं टारगेटेड कैंपेन
द इंडियन फिल्म एंड टेलिविजन प्रोड्यूसर्स काउंसिल जिसमें 375 फिल्म और टीवी प्रोड्यूसर्स शामिल हैं, उन्होंने स्टेटमेंट जारी किया है। इसमें उन्होंने कहा है, 'एक खतरनाक ट्रेंड जिसमें कुछ सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स फिल्मों, सीरीज और दूसरे ऑडियोविजुअल कॉन्टेंट के गलत रिव्यूज और वीडियोज पोस्ट करने की धमकी देते हैं, इसके साथ ही प्रोड्यूसर्स से पेमेंट की डिमांड करते हैं।' स्टेटमेंट में आगे लिखा गया कि अगर उनकी मांगें पूरी ना हों तो ये इन्फ्लुएंसर्स प्रोजेक्ट को प्रभावित करने वाले टारगेटेड कैंपेन चलाने की धमकी देते हैं।
सही रिव्यूज का स्वागत है
स्टेटमेंट में यह भी कहा गया कि ऑर्गनाइजेशन फ्रीडम ऑफ स्पीच के खिलाफ नहीं है। सही और कंस्ट्रक्टिव क्रिटिसिजम का स्वागत करता है लेकिन कुछ लोग इसके बदले में उगाही करते हैं जो कि फिल्म और एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री के लिए आर्थिक दृष्टि से ठीक नहीं है।
लॉयर्स से ले रहे हैं सलाह
IFTPC ने सिर्फ स्टेटमेंट ही जारी नहीं किया है बल्कि ठोस कदम भी उठा रही है। काउंसिल बड़े लॉयर्स से सलाह ले रही है कि इस पर कैसे लगाम लगाई जा सकती है। वे सिविल और क्रिमिनल लॉ के अंतर्गत आने वाले सभी पॉसिबल एक्शंस पर विचार कर रहे हैं।

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Kajal Sharmaलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।




