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YEAR ENDER 2018: इन 11 खिलाड़ियों ने क्रिकेट को कहा अलविदा

11 खिलाड़ियों ने इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास
11 खिलाड़ियों ने इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास

साल 2018 ने क्रिकेट को बहुत से रोमांचक पल दिए हैं। बेशक बहुत से खट्टे अनुभव भी इस साल हासिल हुए, लेकिन इस साल बहुत से महान क्रिकेटरों अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया है। आइए एक नजर डालते हैं, उन खिलाड़ियों पर जिन्होंने 2018 में क्रिकेट से संन्यास ले लिया। 

गौतम गंभीर
गौतम गंभीर

भारत को दो वर्ल्ड कप जितवाने वाली टीम में शामिल दिल्ली के गौतम गंभीर ने 3 दिसंबर को क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास ले लिया। बाएं हाथ के इस ओपनर ने इंडियन टीम में अहम योगदान दिया। वह वनडे चौथे बाएं हाथ के सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी हैं। गंभीर ने 58 टेस्ट, 147 वनडे और 37 टी-20 देश के लिए खेले। टेस्ट में 41.95 की औसत से 4154, वनडे में 5238 और टी-20 में 932रन बनाए।

एलिस्टर कुक
एलिस्टर कुक

बाएं हाथ के इस शानदार बल्लेबाज ने 59 टेस्ट और 69 वनडे में इंग्लैंड की कप्तानी की। अंतिम टेस्ट में शतक लगाकर उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कहा। वह पांचवें ऐसे खिलाड़ी हैं, जिन्होंने अंतिम टेस्ट में शतक लगाया है। कुक ने पहली पारी में 71 और दूसरी पारी में शानदार 147 रन बनाए। कुक ने इंग्लैंड के लिए 161 टेस्ट, 92 वनडे और 4 टी-20 खेले। टेस्ट में कुक ने 45.35 की औसत से 12472 रन बनाए। वनडे में उनका रिकॉर्ड बेहतर नहीं रहा।

 केविन पीटरसन
केविन पीटरसन

इस साल क्रिकेट से संन्यास लेने वाले पीटरसन पहले खिलाड़ी थे। क्रिकेट के सभी फॉर्मेट में शानदार रिकॉर्ड रखने वाले पीटरसन ने मार्च 2018 में पाकिस्तान सुपर लीग में क्वेटा ग्लैडियेटर के लिए शानदार पारियां खेलीं। पीटरसन ने अपना अंतिम मैच सिडनी में जनवरी 2014 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेला। 104 टेस्ट, 136 वनडे और 37 टी-20 खेलने वाले पीटरसन ने टेस्ट में 47.28 की औसत से 8181, वनडे 4440 और टी-20 में 1176 रन बनाए।

 एबी डिविलियर्स
एबी डिविलियर्स

दक्षिण अफ्रीका के लीजेंड बल्लेबाज एबी डिविलियर्स ने इस साल मई में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया। वह क्रिकेट के तीनों फॉर्मेट में नहीं खेलेंगे, लेकिन घरेलू और लीग क्रिकेट वह खेलते रहेंगे। एबी ने वनडे क्रिकेट से उस समय संन्यास लिया जब वह 10 हजार रन पूरे करने के करीब थे। उन्होंने मार्च में अपना अंतिम मैच खेला। दक्षिण अफ्रीकी क्रिकेट में उनका अभूतपूर्व योगदान है। उन्होंने 114 टेस्ट, 228 वनडे और 72 टी-20 खेले। वह दुनिया के उन बल्लेबाजों में थे जो 360 डिग्री पर गेंद को हिट कर सकते हैं।

मोहम्मद कैफ
मोहम्मद कैफ

मध्यक्रम के एथलीट बल्लेबाज मोहम्मद कैफ के लिए भी यह साल क्रिकेट से विदा लेने का था। उन्होंने जुलाई में संन्यास लिया। कैफ ने अपना अंतिम मैच नवंबर 2006 में खेला था- पोर्ट एलिजाबेथ में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ वनडे। इस मैच में वह 10 रन बनाकर आउट हो गये थे। कैफ ने भारत के लिए 13 टेस्ट और 125 वनडे खेले। टेस्ट में उन्होंने 32.84 की औसत से 624 और वनडे 32.01 की औसत से 2753 रन बनाए। उन्होंने वनडे में 55 कैच भी लिए।

ड्वेन ब्रावो
ड्वेन ब्रावो

त्रिनिदाद के वेस्टइंडीज ऑलराउंडर को क्रिकेट इतिहास का बेस्ट ऑलराउंडर माना जाता है। अक्तूबर 2018 में उन्होंने भी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया। टेस्ट क्रिकेट से पहले ही संन्यास ले चुके ब्रावो ने वनडे और टी-20 से संन्यास की घोषणा की। ब्रावो ने आबू धाबी में पाकिस्तान के खिलाफ अंतिम टी-20 खेला। ब्रावो ने 199 मैचों में 2968 रन बनाए। 40 टेस्ट में ब्रावो ने 31.42 की औसत से 2200 रन बनाए। उन्होंने 86 विकेट भी लिए।

आर पी सिंह
आर पी सिंह

भारतीय तेज गेंदबाज आरपी सिंह ने सितंबर में क्रिकेट के तीनों फॉर्मेट से संन्यास की घोषणा की। बरेली के इस क्रिकेटर ने क्रिकेट में तमाम ऊंचाइयों के साथ सतह भी देखी। बाएं हाथ के इस गेंदबाज ने सितंबर 2011 में कार्डिफ में इंग्लैंड के खिलाफ अपना अंतिम वनडे मैच खेला। रुद्रप्रताप सिंह भारत के लिए 14 टेस्ट, 58 वनडे और 10 टी-20 मैच खेले।

प्रवीण कुमार
प्रवीण कुमार

2018 में एक अन्य तेज गेंदबाज प्रवीण कुमार ने क्रिकेट को अलविदा कहा। मेरठ के इस मध्यम तेज गेंदबाज का बेहतरीन प्रदर्शन सीबी ट्रॉफी, ऑस्ट्रेलिया में रहा। प्रवीण ने 4 मैचों में 10 विकेट लिए। उन्होंने अपना आखिरी मैच मार्च 2012 को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ टी-20 के रूप में खेला। प्रवीण कुमार ने भारत के लिए 6 टेस्ट, 68 वनडे और 10 टी-20 खेले। उन्होंने क्रमशः 27, 77 और 8 विकेट लिए। उन्होंने वनडे में एक अर्द्धशतक भी बनाया।

मुनाफ पटेल
मुनाफ पटेल

नवंबर में गुजरात के मुनाफ पटेल ने क्रिकेट को अलविदा कहा। वह विश्व कप जीतने वाली भारतीय टीम के सदस्य थे। गति, कंसीस्टेंसी और सीम ने उन्हें भारतीय गेंदबाजों में प्रमुख बनाया। लेकिन चोटों ने उनके करियर को उड़ान भरने से रोका। आरपी सिंह और मुनाफ के लिए कार्डिफ में इंग्लैंड के खिलाफ खेला गया मैच ही अंतिम साबित हुआ।

मोर्ने मोर्कल
मोर्ने मोर्कल

दक्षिण अफ्रीका के लंबे और पतले तेज गेंदबाज मोर्ने मोर्कल भी इस साल क्रिकेट को अलविदा कहने वाले खिलाड़ियों में शामिल हो गए। पूरे करियर में उन्हें प्रतिष्ठित तेज गेंदबाज माना गया। वह पिच से अतिरिक्त उछाल हासिल करने वाले गेंदबाज रहे। दिलचस्प बात है कि डिविलियर्स और मोर्कल के लिए एक ही मैच आखिरी साबित हुआ। यह ऑस्ट्रेलियाई दौरे का चौथा टेस्ट मैच था। मोर्कल ने 86 टेस्ट, 117 वनडे और 44 टी-20 खेले। टेस्ट में उन्होंने 309 विकेट लिए। वनडे में उनके नाम 188 विकेट और टी-20 में 47 विकेट रहे। 

 रंगना हेराथ
रंगना हेराथ

श्रीलंका के दिग्गज स्पिनर रंगना हेराथ ने नवंबर में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कहा। मुथैया मुरलीधरण के जादुई असर के चलते हेराथ को कम अवसर मिले, लेकिन उन्होंने हर अवसर का लाभ उठाया। इंग्लैंड के खिलाफ पहले टेस्ट के बाद हेराथ ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया। हेराथ ने श्रीलंका के लिए 93 टेस्ट, 71 वनडे और 17 टी-20 खेले। टेस्ट में उन्होंने 433 विकेट लिए। 34 बार उन्होंने 5-5 या उससे अधिक विकेट लिए। हेराथ ने 74 वनडे और 18 टी-20 विकेट भी लिए। 433 विकेट के साथ वह श्रीलंका के दूसरे सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज रहे।

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  • Web Title: Year ender 2018 11 cricketers who Retire from cricket this year