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क्रिकेटसुरेश रैना ने की गांगुली को टीम से बाहर करने वाले ग्रैग चैपल की जमकर तारीफ, बोले- उनकी वजह से जीता वर्ल्ड कप 2011

लाइव हिंदुस्तान टीम,नई दिल्लीPublished By: Hemraj Chauhan
Thu, 10 Jun 2021 10:24 PM
सुरेश रैना ने की गांगुली को टीम से बाहर करने वाले ग्रैग चैपल की जमकर तारीफ, बोले- उनकी वजह से जीता वर्ल्ड कप 2011

ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान ग्रेग चैपल का भारतीय क्रिकेट टीम के हेड कोच के तौर पर कार्यकाल काफी विवादित रहा था। उनके कोच रहते सौरव गांगुली को पहले कप्तानी गंवानी पड़ी थी और उसके बाद उन्हें टीम से बाहर कर दिया। भारत के पूर्व क्रिकेटर सुरेश रैना का मानना है ग्रेग चैपल की वजह से टीम इंडिया ने 2011 का वर्ल्ड कप जीता था। चैपल ने साल 2005 से 2007 तक भारतीय टीम के हेड कोच का पद संभाला था। रैना ने कहा कि चैपल ने अपने कार्यकाल के तमाम विवादों के बीच भारत की भविष्य की टीम को आकार दिया। 

चैपल के कोच रहते सुरेश रैना की भारतीय टीम में एंट्री हुई थी और वो एमएस धोनी की अगुवाई में 2007 का टी20 वर्ल्ड कप जीतने वाली टीम का हिस्सा बने। सुरेश रैना आक्रामक बल्लेबाज होने के साथ एक पार्टटाइम बॉलर और शानदार फील्डर भी हैं। सुरेश रैना ने अपनी आत्मकथा "बिलीव, व्हाट लाइफ एंड क्रिकेट टॉट मी" में लिखा कि ग्रेग चैपल को भारतीय खिलाड़ियों की एक पीढ़ी तैयार करने का क्रेडिट डिजर्व करते हैं। उन्होंने जो बीज बोए थे, उनके फल बाद में दिखे, जब हमने 2011 में वर्ल्ड कप जीता। मुझे लगता है कि अपने कोचिंग करियर के दौरान तामाम विवादों के बीच उन्होंने भारतीय टीम को जीतना और जीतने का महत्व सिखाया।

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साल 2000 के दशक में भारतीय टीम लक्ष्य का पीछा करते हुए सचिन तेंदुलकर, राहुल द्रविड़ और सौरव गांगुली पर निर्भर थी। चैपल ने इस पैटर्न को तोड़ा। ग्रेग चैपल के कोच रहते राहुल द्रविड़ की कप्तानी में लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत ने लगातार 14 मैच जीते। रैना ने इसके लिए चैपल की सराहना की। उन्होंने कहा कि ग्रेग चैपल ने हमें लक्ष्य का पीछा करना सिखाया। हम सभी उस समय अच्छा खेल रहे थे, लेकिन मुझे याद है कि बल्लेबाजी को लेकर टीम की मीटिंगों में वो रनों के लक्ष्य का पीछा करने पर काफी जोर देते थे। इसका श्रेय ग्रेग और राहुल भाई दोनों को जाता है। रैना ने पिछले साल इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास लिया। वो आईपीएल में चेन्नई सुपर किंग्स की तरफ से खेल रहे हैं।

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