फोटो गैलरी

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

हिंदी न्यूज़ क्रिकेटरविंद्र जडेजा को लेकर संजय मांजरेकर का अटपटा बयान, 'सिलेक्टर्स के आगे साबित करना होगा हार्दिक पांड्या और दिनेश कार्तिक को कर सकते हैं रिप्लेस'

रविंद्र जडेजा को लेकर संजय मांजरेकर का अटपटा बयान, 'सिलेक्टर्स के आगे साबित करना होगा हार्दिक पांड्या और दिनेश कार्तिक को कर सकते हैं रिप्लेस'

संजय मांजरेकर ने एक बार रविंद्र जडेजा को बिट्स एंड पीसेस (टुकड़ों में अच्छा खेलने वाला) क्रिकेटर कहा था, जिस पर काफी विवाद भी हुआ था। अब एक बार उन्होंने इस ऑलराउंडर को लेकर अजीब बयान दिया है।

रविंद्र जडेजा को लेकर संजय मांजरेकर का अटपटा बयान, 'सिलेक्टर्स के आगे साबित करना होगा हार्दिक पांड्या और दिनेश कार्तिक को कर सकते हैं रिप्लेस'
Namita Shuklaलाइव हिन्दुस्तान टीम,नई दिल्लीFri, 12 Aug 2022 04:24 PM

इस खबर को सुनें

0:00
/
ऐप पर पढ़ें

बात गेंदबाजी की हो, फील्डिंग की हो या फिर बल्लेबाजी की, रविंद्र जडेजा तीनों डिपार्टमेंट में खुद को साबित कर चुके हैं। क्रिकेट का कोई भी फॉर्मेट हो, जडेजा की जरूरत टीम इंडिया को हमेशा ही रहती है। पिछले कुछ समय में जडेजा बॉलिंग में कुछ खास कमाल नहीं कर पाए हैं, इसके अलावा हार्दिक पांड्या ने जिस तरह से वापसी की है, इससे जडेजा पर दबाव कुछ बढ़ सा जरूर गया होगा। टीम इंडिया के पूर्व क्रिकेटर संजय मांजरेकर का मानना है कि रविंद्र जडेजा को टीम में बने रहने के लिए सिलेक्टर्स के सामने यह साबित करना होगा कि वह हार्दिक पांड्या या दिनेश कार्तिक को रिप्लेस कर सकते हैं।

इसे भी पढ़ेंः राहुल की वापसी के बावजूद यह PAK क्रिकेटर चाहता है सूर्या करें ओपन

स्पोर्ट्स 18 पर मांजरेकर ने कहा, 'अगर वह बैटिंग ऑलराउंडर की तरह टीम में खेलना चाहते हैं, तो उन्हें यह दिखाना होगा कि वह दिनेश कार्तिक से बेहतर हैं, या फिर हार्दिक पांड्या से बेहतर हैं। दिनेश कार्तिक और हार्दिक पांड्या छठे या सातवें नंबर पर बल्लेबाजी करते हैं।' इसके अलावा पिछले कुछ समय में अक्षर पटेल ने जिस तरह का प्रदर्शन किया है, उससे भी जडेजा की मुश्किलें बढ़ती हुई नजर आ रही हैं।

इसे भी पढ़ेंः आंकड़ों में समझें क्यों केएल राहुल से बेहतर कप्तान हैं शिखर धवन

मांजरेकर ने कहा, 'रविंद्र जडेजा को खुद पता है कि उनके सामने कुछ कड़ी चुनौतियां हैं। तो यह जरूरी है कि वह सिलेक्टर्स के सामने यह साबित करें कि वह बैटिंग या फिर बॉलिंग ऑलराउंडर हैं। उसके हिसाब से ही उनकी टीम में जगह फिट होती है। अगर उन्हें गेंदबाजी ऑलराउंडर के तौर पर टीम में रहना है, तो उन्हें अक्षर पटेल से हर हाल में बेहतर प्रदर्शन करना होगा।'

epaper