DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

बिहार क्रिकेट एसोसिएशन में भ्रष्टाचार मामले में पटना हाईकोर्ट ने दिए जांच के आदेश

कैब के सचिव आदित्य वर्मा ने कहा, “मैंने सीओए प्रमुख विनोद राय से कई बार संपर्क किया, उनसे बीसीए द्वारा किए जा रहे गलत कामों पर ध्यान देने के लिए कहा, लेकिन उनके खिलाफ कोई जांच नहीं हुई।” 

bihar cricket  twitter

पटना उच्च न्यायालय ने राज्य पुलिस से स्टिंग ऑपरेशन से संबंधित उस मामले की जांच करने को कहा है, जिसमें यह दावा किया जा रहा है कि बिहार क्रिकेट एसोसिएशन (BCA) और चयनकर्ता पैसे के बदले चयन को प्रभावित कर सकते हैं। बीसीए को भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) का समर्थन प्राप्त है, जबकि क्रिकेट एसोसिएशन ऑफ बिहार (CAB) को नहीं है। कैब के सचिव आदित्य वर्मा ने कोर्ट के इस फैसले का स्वागत किया। उन्होंने आश्चवासन दिया कि अब जल्द से जल्द मामले की जांच की जाएगी और दोषियों को सजा दी जाएगी। 

उन्होंने कहा, “हमने अपना बयान दर्ज करा दिया था, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही थी। मैं अदालत को धन्यवाद देना चाहता हूं, जिन्होंने पुलिस को मामले की जांच करने और जल्द से जल्द रिपोर्ट सौंपने का आदेश दिया है। जो इस खेल को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं, उनको दंडित किया जाना चाहिए। मुझे उम्मीद है कि जल्द ही न्याय मिलेगा।” 

एहसान मनि को बनाया गया ICC की अहम समिति के अध्यक्ष

वर्मा ने यह भी कहा कि उन्होंने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) का कामकाज देख रही प्रशासकों की समिति (सीओए) से भी मदद की मांग की थी, लेकिन उन्होंने बीसीए में भ्रष्टाचार के मामलों को नहीं देखा।

सचिव ने कहा, “मैंने सीओए प्रमुख विनोद राय से कई बार संपर्क किया, उनसे बीसीए द्वारा किए जा रहे गलत कामों पर ध्यान देने के लिए कहा, लेकिन उनके खिलाफ कोई जांच नहीं हुई।” 

थोड़ा इंतजार कीजिए, धौनी जल्दी ही जाएंगे...

उन्होंने कहा, “बीसीए में लोकपाल ने जनवरी 2018 में लिखा था कि बीसीए एक अयोग्य निकाय है और वे ठीक से काम नहीं कर रहे हैं और फिर से चुनाव होना चाहिए। लेकिन इस मामले में कुछ नहीं हुआ। सीओए को हस्तक्षेप करने के लिए बार-बार अनुरोध किया गया, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ।” 

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:Patna HC orders inquiry into malpratices in BCA