फोटो गैलरी

Hindi News क्रिकेटचैम्पियंस ट्रॉफी 2017 फाइनल से लगा है भारतीय टॉप ऑर्डर पर ग्रहण, ICC नॉकआट्स में रोहित से लेकर विराट सबने कटाई है नाक

चैम्पियंस ट्रॉफी 2017 फाइनल से लगा है भारतीय टॉप ऑर्डर पर ग्रहण, ICC नॉकआट्स में रोहित से लेकर विराट सबने कटाई है नाक

एक समय था जब टीम इंडिया के बैटिंग ऑर्डर की तारीफ करते दुनिया नहीं थकती थी, अब सबकुछ बदल सा गया है। भारतीय टीम जो भी बड़े मैच हार रही है, उसमें सबसे ज्यादा अंगुली टॉप बल्लेबाजों पर ही उठ रही हैं।

चैम्पियंस ट्रॉफी 2017 फाइनल से लगा है भारतीय टॉप ऑर्डर पर ग्रहण, ICC नॉकआट्स में रोहित से लेकर विराट सबने कटाई है नाक
Namita Shuklaलाइव हिन्दुस्तान टीम,नई दिल्लीMon, 12 Jun 2023 04:53 PM
ऐप पर पढ़ें

भारतीय क्रिकेट टीम ने आखिरी आईसीसी ट्रॉफी 2013 में महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी में जीती थी। इसके बाद से भारतीय टीम लगातार आईसीसी इवेंट्स में नॉकआउट तक तो पहुंची है, लेकिन मुश्किल मौकों पर दम तोड़ती नजर आई है। अगर हम आईसीसी चैम्पियंस ट्रॉफी 2017 के फाइनल से भारतीय टॉप-4 बल्लेबाजों के आईसीसी इवेंट्स के नॉकआउट मैचों के प्रदर्शन पर नजर डालें, तो खुद ब खुद आंखें शर्म से झुक जाएंगी। इस लिस्ट में विराट कोहली और रोहित शर्मा जैसे बड़े नाम भी शामिल हैं। औसत और स्ट्राइक रेट दोनों के मामले में टॉप-4 बल्लेबाजों ने लगातार निराश ही किया है। चैम्पियंस ट्रॉफी 2017 के फाइनल से लेकर आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2021-23 के फाइनल मैच तक भारत ने कुल पांच आईसीसी ट्रॉफी के नॉकआउट्स मैच खेले हैं और इस दौरान टॉप-4 में महज एक बल्लेबाज ही पचासा ठोक पाया है और वह हैं विराट कोहली।

भारत की ओर से कुल 9 बल्लेबाजों ने 2017 चैम्पियंस ट्रॉफी फाइनल से लेकर अभी तक आईसीसी नॉकआउट्स मैचों में टॉप-4 पोजिशन पर बल्लेबाजी की है। इसमें रोहित और विराट ही दो ऐसे बल्लेबाज हैं, जो पांचों मैच का हिस्सा रहे हैं। जबकि शुभमन गिल, चेतेश्वर पुजारा और केएल राहुल ने ऐसे दो-दो मैच खेले हैं। वहीं ऋषभ पंत, युवराज सिंह, शिखर धवन और सूर्यकुमार यादव ने ऐसे एक-एक मैच ही खेले हैं। विराट कोहली ने पांच मैचों में 25.14 की औसत से महज 176 रन बनाए हैं। जिसमें उनका स्ट्राइक रेट 54.15 का रहा है। उनका हाइएस्ट स्कोर 50 रनों का है। 

इसे भी पढ़ेंः गांगुली ने इंडियन बैटर्स को घेरा, द्रविड़ के तीखे जवाब, भड़के गावस्कर

रोहित शर्मा की बात करें तो उन्होंने पांच मैचों में 21.42 की औसत से 150 रन ही बनाए हैं, जिसमें उनका हाइएस्ट स्कोर 43 रनों का है, जो उन्होंने वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2021-23 के फाइनल मैच की दूसरी ही पारी में बनाया था। इसके बाद शुभमन गिल का नंबर आता है, जो इस साल दमदार फॉर्म में नजर आए हैं, लेकिन आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के दो फाइनल मैच में फेल हो चुके हैं। गिल ने दो मैचों की चार पारियों में 16.75 की औसत से महज 67 रन बनाए हैं, जिसमें 28 रन उनका हाइएस्ट स्कोर है। अब बात करते हैं, चेतेश्वर पुजारा की, जिन्होंने आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के दो फाइनल मैचों में चार पारियों में कुल 64 रन बनाए हैं, उनका औसत 16 का है और उनका हाइएस्ट स्कोर 27 रनों का है।

इसे भी पढ़ेंः OCT 2021 के बाद से टीम इंडिया ने किया है निराश, ये है रिपोर्ट कार्ड

ऋषभ पंत ने 2019 वर्ल्ड कप का सेमीफाइनल मुकाबला खेला था और उस मैच में 32 रनों पर आउट हुए थे। औसत के मामले में अगर देखा जाए तो पंत ही सबसे आगे हैं, जिनका औसत 32 का है। युवराज सिंह ने 2017 चैंपियंस ट्रॉफी का फाइनल खेला था और महज 22 रन बनाकर आउट हुए थे। शिखर धवन ने भी वही मैच खेला था और 17 रन बनाकर आउट हो गए थे। सूर्यकुमार यादव ने 2022 टी20 वर्ल्ड कप सेमीफाइनल मुकाबला खेला था, और इंग्लैंड के खिलाफ 14 रन ही बनाकर आउट हो गए थे। वहीं केएल राहुल 2019 वर्ल्ड कप और 2022 टी20 वर्ल्ड कप सेमीफाइनल खेल चुके हैं। दोनों मैच मिलाकर केएल राहुल तीन की औसत से छह ही रन बना पाए हैं।

हिन्दुस्तान का वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें