पाकिस्तान टीम से बाहर किए गए शाहीन अफरीदी जगे, 7 साल बाद खेलेंगे फर्स्ट क्लास मैच
तेज गेंदबाज शाहीन अफरीदी करीब सात साल बाद पाकिस्तान के फर्स्ट क्लास क्रिकेट में खेलते हुए नजर आएंगे। उन्होंने पिछली बार 2019 में घरेलू रेड बॉल क्रिकेट में खेला था।

पाकिस्तान के स्टार तेज गेंदबाज शाहीन अफरीदी ने टेस्ट टीम में वापसी के लिए घरेलू क्रिकेट की तरफ रुख किया है। अनुभवी खिलाड़ी को प्रेसिडेंट्स ट्रॉफी ग्रेड-I के लिए खान रिसर्च लेबोरेटरीज की टीम में जगह दी गई है। ये टूर्नामेंट 12 सितंबर से शुरू होने वाला है। शाहीन अगर यहां पर अच्छा प्रदर्शन करते हैं, तो उनके लिए टेस्ट टीम में वापसी के रास्ते खुल सकते हैं। शाहीन को वेस्टइंडीज और इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज के लिए टीम से ड्रॉप कर दिया गया था। रिपोर्ट के मुताबिक उनके बाहर किए जाने के पीछे की वजहों में से एक उनका फर्स्ट क्लास क्रिकेट में हिस्सा नहीं लेना था।
शाहीन ने सात साल पहले खेला था मैच
तेज गेंदबाज शाहीन अफरीदी ने अक्टूबर 2019 में पिछली बार घरेलू फर्स्ट क्लास क्रिकेट में हिस्सा लिया था। अफरीदी ने आखिरी बार घरेलू चार दिवसीय मैच कायद-ए-आजम ट्रॉफी में नॉर्दर्न की ओर से दक्षिणी पंजाब के खिलाफ खेला था। उसके बाद उन्होंने कोई घरेलू फर्स्ट-क्लास मैच नहीं खेला। उन्होंने पाकिस्तान टेस्ट टीम के लिए इस साल बांग्लादेश के खिलाफ खेला था। 34 टेस्ट में उन्होंने पाकिस्तान के लिए 126 विकेट चटकाए हैं। उन्होंने 13 चार विकेट हॉल और चार बार पांच विकेट हॉल लिया है।
खान रिसर्च लेबोरेटरीज के लिए अफरीदी एक बार मैदान पर उतरेंगे। इससे पहले उन्होंने टीम के लिए 2017 में डेब्यू किया था। उनका डेब्यू पाकिस्तान के घरेलू क्रिकेट के सबसे यादगार स्पेल में गिना जाता है। रावलपिंडी के खिलाफ दूसरी पारी में उन्होंने आठ विकेट लिए। अफरीदी के पास प्रेसिडेंट्स ट्रॉफी में खुद को साबित करने का मौका होगा, जहां वह चयनकर्ताओं को दिखा सकेंगे कि वह रेड-बॉल क्रिकेट का वर्कलोड अभी भी संभाल सकते हैं।
पाकिस्तान क्रिकेट में उथल-पुथल
पाकिस्तान की टीम इस समय इंग्लैंड के दौरे पर है, जहां बाबर आजम की कप्तानी में टीम ने शुरुआती दो टेस्ट गंवा दिए हैं और अब सीरीज 0-3 से हारने के करीब है। लगातार दो मैच गंवाने के बाद पाकिस्तान ने सात खिलाड़ियों को वापस बुला लिया और कोच सरफराज अहमद को भी पद से हटा दिया।
पाकिस्तान के कप्तान बाबर आजम ने बताया कि लॉर्ड्स टेस्ट के बाद पाकिस्तान की टीम में जो बड़े बदलाव किए गए, उसके बारे में न तो उन्हें कोई जानकारी थी, न ही उनसे कोई राय ली गई और न ही उनकी मंज़ूरी ली गई। बाबर ने माना कि इन बदलावों से वह भी उतने ही हैरान थे, जितने टीम से बाहर के लोग। उन्हें टीम में हुए बड़े बदलावों के बारे में तभी पता चला, जब आधिकारिक बयान जारी किया गया। बाबर ने कहा, "यह मेरे लिए भी नई खबर थी। मुझे बाद में पता चला। यह फ़ैसला पीसीबी ने लिया है, इसलिए वही इसके बारे में बेहतर बता सकते हैं।



